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शहरवासियों ने की कलक्ट्रेट पर गर्जना
पौड़ी
Updated Fri, 30 Oct 2015 10:05 PM IST
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श्रीकोट, श्रीनगर और पौड़ी क्षेत्र में हो रही दूषित पेयजल आपूर्ति की समस्या से परेशान श्रीनगर शहर के लोगों ने पौड़ी में कलक्ट्रेट परिसर का घेराव किया। उन्होंने शहर में जुलूस निकालकर सरकार और जिला प्रशासन के खिलाफ जोरदार प्रदर्शन किया। डीएम के माध्यम से मुख्यमंत्री को ज्ञापन भेजकर पांच सूत्रीय मांगों का निस्तारण करने की मांग की।
दूषित पेयजल आपूर्ति समेत शहर की विभिन्न समस्याओं से परेशान श्रीनगर शहर के सैकड़ों लोग प्रगतिशील जनमंच की अगुवाई में शुक्रवार को पौड़ी आ धमके। उन्होंने एजेंसी चौक से बस स्टेशन होते हुए कलक्ट्रेट परिसर तक जुलूस निकाला।
पुलिस ने कलक्ट्रेट परिसर के गेट में घेरा डालकर उन्हें रोकने का प्रयास किया, लेकिन लोग पुलिस के घेरे को तोड़कर कलक्ट्रेट परिसर के भीतर घुस गए। डीएम कार्यालय के सामने जिला प्रशासन के खिलाफ नारेबाजी कर जोरदार प्रदर्शन किया। पौड़ी के पूर्व नगर पालिका अध्यक्ष कुंजबिहारी नेगी की अध्यक्षता में हुई सभा में प्रगतिशील जनमंच के अध्यक्ष अनिल स्वामी ने प्रशासन और सरकार की कार्यशैली पर सवाल उठाया। कहा कि जीवीके कंपनी की ओर से अलकनंदा में मानक के अनुसार पानी न छोड़े जाने से पांच लाख लोगों के मौलिक अधिकारों का हनन हो रहा है। लोग बीमारियों की चपेट में आ रहे हैं। शासन-प्रशासन मौन बना हुआ है। पालिका अध्यक्ष यशपाल बेनाम ने श्रीनगर और पौड़ी शहर की समस्याओं के समाधान के लिए सामूहिक रूप से आंदोलन करने पर जोर दिया।
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इस मौके पर श्रीनगर के पूर्व पालिका अध्यक्ष कृष्णानंद मैठाणी, डा. रोकेश नेगी, पीडी नौटियाल, मनीष नौटियाल, सुधांशु नौडियाल आदि ने विचार रखे। संचालन नवीन प्रकाश नौटियाल ने किया। प्रदर्शन करने वालों में आयुष नेगी, सुधीर जोशी, गीतांशु भंडारी, कीर्ति सिंह नेगी, कुलदीप चौहान, मनोज चौहान, हिमांशु बहुगुणा, झाबर सिंह, हरि सिंह बिष्ट, विजय लक्ष्मी, मुन्नी पांडे, निर्मला देवी, अनीता देवी, यशोदा रावत आदि मौजूद थे।
डीएम और सीडीओ रहे नदारद
घेराव की सूचना दिए जाने के बावजूद पौड़ी डीएम और सीडीओ के न होने पर भी लोगों ने आक्रोश जताया। कहा कि कमिश्नरी मुख्यालय होने के बाद पौड़ी का यह हाल है तो अन्य जनपदों की क्या स्थिति होगी। दोनों अधिकारियों की अनुपस्थिति में उपजिलाधिकारी पीएल शाह को ज्ञापन सौंपा गया।
तीन को बंद रहेगा श्रीनगर और श्रीकोट
प्रगतिशील मंच के पदाधिकरियों ने कहा कि पांच सूत्री मांगों को लेकर तीन नवंबर को श्रीनगर और श्रीकोट को बंद रखा जाएगा। 10 नवंबर को श्रीनगर में सरकार के खिलाफ रैली निकाली जाएगी।
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दूषित पेयजल आपूर्ति समेत शहर की विभिन्न समस्याओं से परेशान श्रीनगर शहर के सैकड़ों लोग प्रगतिशील जनमंच की अगुवाई में शुक्रवार को पौड़ी आ धमके। उन्होंने एजेंसी चौक से बस स्टेशन होते हुए कलक्ट्रेट परिसर तक जुलूस निकाला।
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पुलिस ने कलक्ट्रेट परिसर के गेट में घेरा डालकर उन्हें रोकने का प्रयास किया, लेकिन लोग पुलिस के घेरे को तोड़कर कलक्ट्रेट परिसर के भीतर घुस गए। डीएम कार्यालय के सामने जिला प्रशासन के खिलाफ नारेबाजी कर जोरदार प्रदर्शन किया। पौड़ी के पूर्व नगर पालिका अध्यक्ष कुंजबिहारी नेगी की अध्यक्षता में हुई सभा में प्रगतिशील जनमंच के अध्यक्ष अनिल स्वामी ने प्रशासन और सरकार की कार्यशैली पर सवाल उठाया। कहा कि जीवीके कंपनी की ओर से अलकनंदा में मानक के अनुसार पानी न छोड़े जाने से पांच लाख लोगों के मौलिक अधिकारों का हनन हो रहा है। लोग बीमारियों की चपेट में आ रहे हैं। शासन-प्रशासन मौन बना हुआ है। पालिका अध्यक्ष यशपाल बेनाम ने श्रीनगर और पौड़ी शहर की समस्याओं के समाधान के लिए सामूहिक रूप से आंदोलन करने पर जोर दिया।
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इस मौके पर श्रीनगर के पूर्व पालिका अध्यक्ष कृष्णानंद मैठाणी, डा. रोकेश नेगी, पीडी नौटियाल, मनीष नौटियाल, सुधांशु नौडियाल आदि ने विचार रखे। संचालन नवीन प्रकाश नौटियाल ने किया। प्रदर्शन करने वालों में आयुष नेगी, सुधीर जोशी, गीतांशु भंडारी, कीर्ति सिंह नेगी, कुलदीप चौहान, मनोज चौहान, हिमांशु बहुगुणा, झाबर सिंह, हरि सिंह बिष्ट, विजय लक्ष्मी, मुन्नी पांडे, निर्मला देवी, अनीता देवी, यशोदा रावत आदि मौजूद थे।
डीएम और सीडीओ रहे नदारद
घेराव की सूचना दिए जाने के बावजूद पौड़ी डीएम और सीडीओ के न होने पर भी लोगों ने आक्रोश जताया। कहा कि कमिश्नरी मुख्यालय होने के बाद पौड़ी का यह हाल है तो अन्य जनपदों की क्या स्थिति होगी। दोनों अधिकारियों की अनुपस्थिति में उपजिलाधिकारी पीएल शाह को ज्ञापन सौंपा गया।
तीन को बंद रहेगा श्रीनगर और श्रीकोट
प्रगतिशील मंच के पदाधिकरियों ने कहा कि पांच सूत्री मांगों को लेकर तीन नवंबर को श्रीनगर और श्रीकोट को बंद रखा जाएगा। 10 नवंबर को श्रीनगर में सरकार के खिलाफ रैली निकाली जाएगी।