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केंद्रीय टीम ने जाना कितना हुआ नुकसान

Sat, 20 Jul 2013 05:32 AM IST
Pauri
Pauri Updated Sat, 20 Jul 2013 05:32 AM IST
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गढ़वाल। आपदा से चमोली, रुद्रप्रयाग, उत्तरकाशी और श्रीनगर में हुए नुकसान का आकलन करने शुक्रवार को केंद्रीय टीम विभिन्न क्षेत्रों में पहुंची। उन्होंने क्षेत्रों में हुए नुकसान और आपदा के प्रभावों को जाना तथा प्रभावितों की समस्याएं भी सुनी। ग्रामीणों ने टीम को बताया कि पैदल रास्ते ध्वस्त हो चुके हैं और गंतव्य तक जाने को मीलों पैदल दूरी नापनी पड़ रही है। वहीं कई बार काम में मौसम ने भी बाधा डाली जिस कारण जोशीमठ पहुंची टीम कुछ समय ही रुक पाई और रुद्रप्रयाग में टीम को रामबाड़ा से लौटना पड़ा। यहीं नहीं टीम को श्रीनगर में इमरजेंसी लैंडिंग करनी पड़ी।
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जल संस्थान ने बताया 1202.72 लाख का नुकसान
श्रीनगर। आपदा से हुए विभागीय नुकसान का आकलन कर केंद्रीय संयुक्त सचिव गृह लोकेश झा के नेतृत्व में लौटी टीम ने क्षेत्र का जायजा भी लिया। टीम ने नगर के सभी आपदा प्रभावित क्षेत्रों का निरीक्षण किया। डीएम चंद्रेश कुमार यादव ने विभिन्न विभागों की ओर से आंके गए नुकसान को टीम के समक्ष भी रखा। चौरास झूला पुल के समीप पहुंचकर टीम के सदस्यों ने चौरास क्षेत्र को नदी के कटाव से हो रहे नुकसान का जायजा लिया। इसके बाद टीम श्रीकोट पहुंची, जहां जल संस्थान के पंप हाउस को हुए नुकसान का निरीक्षण किया। एसएसबी, आईटीआई, शक्ति विहार, भक्तियाना, केदार मुहल्ला समेत सभी आपदा प्रभावित स्थानों का जायजा सदस्यों ने लिया। जल संस्थान के अधीक्षण अभियंता राजेंद्र रूहेला ने जिले में विभाग को 1202.72 लाख, लोनिवि ने 10 करोड़ नौ लाख तथा ऊर्जा निगम ने पौड़ी क्षेत्र में 95.07 लाख तथा कीर्तिनगर और देवप्रयाग क्षेत्र में 68.5 लाख रुपये का नुकसान बताया है।
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मौसम खराब होने से हुई इमरजेंसी लैंडिंग
श्रीनगर। सर्वे कर लौट रही केंद्रीय टीमों को मौसम की खराबी के कारण श्रीनगर में इमरजेंसी लैंडिंग करनी पड़ी। इन टीमों को देहरादून पहुंचना था, लेकिन मौसम साफ न होने तथा बारिश के चलते श्रीनगर में इमरजेंसी लैंडिंग की गई। जीवीके हैलीपैड पर तीन हेलीकॉप्टरों ने एक-एक कर इमरजेंसी लैंडिंग की।
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हवाई दौरा कर लौटी टीम
रुद्रप्रयाग। निरीक्षण करने आई केंद्रीय टीम हवा हवाई दौरा कर देहरादून लौट गई। टीम को केदारनाथ जाना था, लेकिन मौसम खराब होने के कारण टीम को रामबाड़ा से लौटना पड़ा। शुक्रवार को टीम देहरादून से चॉपर के जरिए रुद्रप्रयाग पहुंची। टीम यहां से केदारनाथ रवाना हुई। मौसम साफ न होने के कारण चॉपर को रामबाड़ा से लौटना पड़ा। इसके बाद टीम ने गौरीकुंड का निरीक्षण किया। टीम चॉपर से अगस्त्यमुनि क्रीड़ा मैदान में उतरी। यहां टीम ने एक घंटा बिताया। डीएम दिलीप जावलकर ने बताया कि विजयनगर में टीम ने मंदाकिनी नदी की बाढ़ से ध्वस्त हो गए केदारनाथ राष्ट्रीय राजमार्ग का निरीक्षण किया। यहां उन्होेंने प्रभावितों से भी बातचीत की।

प्रभावितों का पूछा हालचाल
जोशीमठ (चमोली)/थराली। जोशीमठ पहुंची केंद्रीय टीम बदलते मौसम से परेशान रही। टीम आपदा प्रभावित क्षेत्रों में अधिक समय नहीं बिता पाई। सुबह नौ बजे हेलीकॉप्टर से टीम के सदस्य आपदा प्रभावित भ्यूंडार, पुलना, गोविंदघाट, पांडुकेश्वर और लामबगड़ क्षेत्रों में पहुंचे। आधा घंटे में ही टीम जोशीमठ लौट आई। जब मौसम ठीक हुआ तो टीम हेलीकॉप्टर से उर्गम घाटी पहुंची। ग्रामीणों ने टीम के सदस्यों को बताया कि घाटी में कोई घर ऐसा नहीं बचा है, जो खतरे की जद में न हो। ग्रामीणों ने पुनर्वास की मांग उठाई। इसके बाद टीम पुन: जोशीमठ पहुंची और राहत कैंपों में रह रहे प्रभावित परिवारों का हालचाल पूछा। केंद्रीय टीम में टीके वैद्य, हरकेश कुमार और अपर सचिव रविनाथ रामन मौजूद थे। वहीं थराली पहुंची टीम ने पिंडर के नारायणबगड़, थराली और देवाल तीनों ब्लाकों का हवाई सर्वेक्षण किया। इस दौरान तहसील के अधिकारियों के साथ हुई बैठक और आपदा की रिपोर्ट को केंद्र सरकार को जल्द पेश करने की बात कही, जिससे तहसील में राहत और पुनर्वास का कार्य जल्द किया जा सके। उपजिलाधिकारी विवेक प्रकाश ने बताया कि टीम के साथ ग्वालदम में हुई बैठक में रिपोर्ट सौंपी गई।

केंद्रीय टीम ने किया आपदा प्रभावित इलाकों का दौरा
उत्तरकाशी। केंद्र से आई टीम ने गंगा घाटी के आपदा प्रभावित क्षेत्रों का दौरा कर यहां हुए नुकसान का जायजा लिया।
बृहस्पतिवार को उत्तरकाशी पहुंची केंद्रीय टीम में स्वास्थ्य निदेशक डा.एन.राय, डिप्टी कमिश्नर पेयजल डा.दिनेश चंद्रा, अपर सचिव स्वास्थ्य पीयूष सिंह तथा गढ़वाल जल संस्थान के मुख्य महाप्रबंधक डीडी डिमरी शामिल थे। उन्होंने जोशियाड़ा, तिलोथ, गंगोरी और नेताला के बाद हेलीकाप्टर से मनेरी, भटवाड़ी, हर्षिल पहुंचकर आपदा में हुई क्षति का जायजा लिया। राहत शिविर की व्यवस्थाओं, सुरक्षा कार्यों तथा राहत सामग्री वितरण का निरीक्षण भी किया।
डीएम डा.पंकज पांडेय ने टीम के सदस्यों को आपदा में हुई क्षति और प्रशासन के प्रयासों की जानकारी दी। इस मौके पर कई अधिकारी मौजूद थे।
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