{"_id":"5b4b81d24f1c1b3c748b4f89","slug":"181531675090-pauri-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"डिजिटल एक्सरे शुरू नहीं, सिटी स्केन खराब, मरीज बेहाल","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
डिजिटल एक्सरे शुरू नहीं, सिटी स्केन खराब, मरीज बेहाल
Updated Sun, 15 Jul 2018 11:04 PM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
पौड़ी। जिला अस्पताल में सीटी स्कैन मशीन एक सप्ताह से खराब है। अस्पताल में फिजिशियन नहीं है। एक मात्र सर्जन डा. आरके टम्टा हैं, लेकिन वह भी इन दिनों छुट्टी पर हैं। इससे मरीज बेहाल हैं।
पौड़ी जिला अस्पताल में जीवन रक्षक उपकरणों का अभाव बना है। आईसीयू वार्ड न होने से दुर्घटना के गंभीर घायलों और बीमार मरीजों को श्रीनगर मेडिकल कालेज या फिर देहरादून रेफर करना पड़ रहा है। अस्पताल की सीटी स्कैन मशीन खराब है, जबकि नई डिजिटल एक्सरे मशीन भी पिछले तीन महीने से चालू नहीं हो पाई है। अस्पताल में फिजिशियन नहीं है और एकमात्र सर्जन डा. आरके टम्टा भी इन दिनों छुट्टी पर चल रहे हैं। अस्पताल की हर दिन तीन से चार सौ की ओपीडी है। हैरानी की बात यह है कि उच्च शिक्षा मंत्री डा. धन सिंह रावत ने बीते दिनों जिला अस्पताल का निरीक्षण किया था, लेकिन उन्हें कोई कमी नजर नहीं आई। उन्होंने स्थिति संतोषजनक बताई।
-----------
ब्लड प्रेशर और ब्लड शूगर के बढ़ रहे मरीज
पहाड़ में बीपी और ब्लड शुगर के मरीजों की संख्या बढ़ती जा रही है। अस्पताल के प्रमुख चिकित्सा अधीक्षक डा. रमेश सिंह राणा के मुताबिक पहाड़ में लोगों की जीवन चर्या में बदलाव आया है। पहले लोग खेती करते थे और इधर-उधर खूब पैदल चलना होता था, लेकिन अब इसमें कमी आई है। यह भी एक प्रमुख वजह है कि लोग बीपी के मरीज बनते जा रहे हैं।
विज्ञापन
------------------
फोटो
सीटी स्कैन पिछले सप्ताह खराब हो गई। इससे कुछ दिक्कतें आ रही हैं। इसे ठीक करने के लिए संबंधित कंपनी को लिखा गया है, जबकि डिजिटल एक्सरे मशीन को चालू कराने के लिए कंपनी को रिमाइंडर भेेजा जा चुका है। अस्पताल में आईसीयू वार्ड नहीं है। ऐसे में गंभीर घायलों और मरीजों को श्रीनगर मेडिकल कालेज रेफर किया जा रहा है। हंस फाउंडेशन की ओर से अस्पताल में दो बेड का आईसीयू वार्ड प्रस्तावित हैं। -डा. रमेश सिंह राणा, प्रमुख चिकित्सा अधीक्षक
विज्ञापन
पौड़ी जिला अस्पताल में जीवन रक्षक उपकरणों का अभाव बना है। आईसीयू वार्ड न होने से दुर्घटना के गंभीर घायलों और बीमार मरीजों को श्रीनगर मेडिकल कालेज या फिर देहरादून रेफर करना पड़ रहा है। अस्पताल की सीटी स्कैन मशीन खराब है, जबकि नई डिजिटल एक्सरे मशीन भी पिछले तीन महीने से चालू नहीं हो पाई है। अस्पताल में फिजिशियन नहीं है और एकमात्र सर्जन डा. आरके टम्टा भी इन दिनों छुट्टी पर चल रहे हैं। अस्पताल की हर दिन तीन से चार सौ की ओपीडी है। हैरानी की बात यह है कि उच्च शिक्षा मंत्री डा. धन सिंह रावत ने बीते दिनों जिला अस्पताल का निरीक्षण किया था, लेकिन उन्हें कोई कमी नजर नहीं आई। उन्होंने स्थिति संतोषजनक बताई।
विज्ञापन
-----------
ब्लड प्रेशर और ब्लड शूगर के बढ़ रहे मरीज
पहाड़ में बीपी और ब्लड शुगर के मरीजों की संख्या बढ़ती जा रही है। अस्पताल के प्रमुख चिकित्सा अधीक्षक डा. रमेश सिंह राणा के मुताबिक पहाड़ में लोगों की जीवन चर्या में बदलाव आया है। पहले लोग खेती करते थे और इधर-उधर खूब पैदल चलना होता था, लेकिन अब इसमें कमी आई है। यह भी एक प्रमुख वजह है कि लोग बीपी के मरीज बनते जा रहे हैं।
विज्ञापन
------------------
फोटो
सीटी स्कैन पिछले सप्ताह खराब हो गई। इससे कुछ दिक्कतें आ रही हैं। इसे ठीक करने के लिए संबंधित कंपनी को लिखा गया है, जबकि डिजिटल एक्सरे मशीन को चालू कराने के लिए कंपनी को रिमाइंडर भेेजा जा चुका है। अस्पताल में आईसीयू वार्ड नहीं है। ऐसे में गंभीर घायलों और मरीजों को श्रीनगर मेडिकल कालेज रेफर किया जा रहा है। हंस फाउंडेशन की ओर से अस्पताल में दो बेड का आईसीयू वार्ड प्रस्तावित हैं। -डा. रमेश सिंह राणा, प्रमुख चिकित्सा अधीक्षक