पौड़ी। खिर्सू ब्लाक के सरणा गांव निवासी कवियत्री डा. आशा बिष्ट को ‘वर्ल्ड बुक ऑफ रिकॉर्डस लंदन’ संस्था ने सम्मानित किया है। भारत रत्न विजेताओं पर हुई शोध आधारित अंतर्राष्ट्रीय स्तर की काव्यमाला में डा. आशा ने 11वां स्थान हासिल किया है। क्षेत्रीय विधायक व प्रदेश के उच्च शिक्षा मंत्री डा. धन सिंह रावत ने डा. आशा बिष्ट को बधाई दी है।
संस्था की ओर से आयोजित प्रथम अंतर्राष्ट्रीय भारत रत्न काव्यमाला में 48 साहित्यकारों का चयन किया गया था। इनमें उत्तराखंड से सिर्फ कवियत्री डा. आशा बिष्ट शामिल थीं। डा. आशा की देश के प्रथम राष्ट्रपति डा. राजेंद्र प्रसाद पर शोधपरक काव्य रचना को काव्यमाला में शामिल किया गया। डा. आशा बिष्ट साहित्य सृजन के क्षेत्र में लगातार अहम योगदान दे रही हैं। गढ़वाल की लोक गाथाओं पर भी उन्होंने शोध किया है। वे गढ़वाल विवि के बीजीआर परिसर पौड़ी में 2015 से 2021 तक असिस्टेंट प्रोफेसर (गेस्ट फेकल्टी) के रूप में सेवाएं दे चुकी हैं। इससे पहले डा. आशा को गोल्डन बुक आफ वर्ल्ड रिकॉर्ड अवार्ड से सम्मानित किया जा चुका है। पूर्व ग्राम प्रधान सरणा धीरेंद्र सिंह भंडारी ने कहा कि डा. आशा ने गांव व क्षेत्र का नाम अंतर्राष्ट्रीय स्तर पर रोशन किया है। उनकी इस उपलब्धि पर बीजीआर परिसर पौड़ी शिक्षकों, कर्मचारियों, पूर्व क्षेत्र पंचायत सदस्य अनिल भंडारी, पूर्व प्रधान रोशनी देवी, अध्यापक शंकर सिंह भंडारी, ग्रामीण मंगल सिंह सिंह, कलम सिंह खत्री, राम सिंह, गणेश सिंह, वीरेंद्र सिंह अमर सिंह सहित अनेक ग्रामीणों ने खुशी जाहिर की है।