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सड़क पर उतरे वाल्मीकि समाज के लोग
ब्यूरो/अमर उजाला ब्यूरो, रामनगर।
Updated Mon, 30 May 2016 11:45 PM IST
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वाल्मीकि समाज
- फोटो : अमर उजाला
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भारतीय वाल्मीकि धर्म समाज के लोग सोमवार को सड़क पर उतर आये। उन्होंने मुख्यमंत्री पर वादाखिलाफी का आरोप लगाते हुए दोबारा उन्हें ज्ञापन भेजा।
सोमवार की सुबह दर्जनों लोग भावाधस के सर्वोच्च निर्देशक वीरेश भीम अनार्य, राष्ट्रीय महामंत्री सुरेश देवांतक, राष्ट्रीय संचालक राकेश दानव के नेतृत्व में एसडीएम कार्यालय पहुंचे। यहां हुई सभा में वक्ताओं ने कहा कि पिछले वर्ष 26 अप्रैल को सीतावनी में आयोजित कार्यक्रम के दौरान बतौर मुख्य अतिथि मुख्यमंत्री हरीश रावत ने वाल्मीकि समाज के लिये कई घोषणाएं की थी। लेकिन वह आज तक पूर्ण नहीं हो पायी हैं। उन्होंने एक सुर में चेतावनी देते हुए कहा कि शीघ्र उनकी मांग पूरी नहीं हुई तो आंदोलन किया जायेगा।
मुख्यमंत्री को भेजे ज्ञापन में वक्ताओं ने प्रदेश में दो आवासीय वाल्मीकि विद्यालय खोले जाने, वाल्मीकि तीर्थ स्थल सीतावनी में विकास कार्य कराने, भगवान वाल्मीकि के नाम पर जमीन आवंटन कर धर्मशाला खुलवाने, 2017 में होने वाले विधानसभा चुनाव में आरक्षित सीटों पर वाल्मीकि समाज के प्रत्याशियों को टिकट दिये जाने, दैनिक सफाई कर्मियों को नियमित किये जाने, प्रदेश में समाज के लोगों को दस प्रतिशत आरक्षण अलग से दिये जाने की मांग की है। इस दौरान भूरे लाल, अश्विनी सिद्धार्थ, राजेंद्र भारती, विजय चौधरी, हरलाल, विनोद कुमार, रामभरोसे, कुलदीप, शकुंतला, द्रोपदी, सरोज, सविता, शारदा, धर्मेंद्र, अनूप, विशाल आदि थे।
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सोमवार की सुबह दर्जनों लोग भावाधस के सर्वोच्च निर्देशक वीरेश भीम अनार्य, राष्ट्रीय महामंत्री सुरेश देवांतक, राष्ट्रीय संचालक राकेश दानव के नेतृत्व में एसडीएम कार्यालय पहुंचे। यहां हुई सभा में वक्ताओं ने कहा कि पिछले वर्ष 26 अप्रैल को सीतावनी में आयोजित कार्यक्रम के दौरान बतौर मुख्य अतिथि मुख्यमंत्री हरीश रावत ने वाल्मीकि समाज के लिये कई घोषणाएं की थी। लेकिन वह आज तक पूर्ण नहीं हो पायी हैं। उन्होंने एक सुर में चेतावनी देते हुए कहा कि शीघ्र उनकी मांग पूरी नहीं हुई तो आंदोलन किया जायेगा।
मुख्यमंत्री को भेजे ज्ञापन में वक्ताओं ने प्रदेश में दो आवासीय वाल्मीकि विद्यालय खोले जाने, वाल्मीकि तीर्थ स्थल सीतावनी में विकास कार्य कराने, भगवान वाल्मीकि के नाम पर जमीन आवंटन कर धर्मशाला खुलवाने, 2017 में होने वाले विधानसभा चुनाव में आरक्षित सीटों पर वाल्मीकि समाज के प्रत्याशियों को टिकट दिये जाने, दैनिक सफाई कर्मियों को नियमित किये जाने, प्रदेश में समाज के लोगों को दस प्रतिशत आरक्षण अलग से दिये जाने की मांग की है। इस दौरान भूरे लाल, अश्विनी सिद्धार्थ, राजेंद्र भारती, विजय चौधरी, हरलाल, विनोद कुमार, रामभरोसे, कुलदीप, शकुंतला, द्रोपदी, सरोज, सविता, शारदा, धर्मेंद्र, अनूप, विशाल आदि थे।
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