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मुख्यमंत्री दरबार पहुंचा पेयजल लाइन टूटने का मामला
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लालडांट क्षेत्र में टैंकर से पानी लेते लोग। विज्ञप्ति
हल्द्वानी। दमुवाढूंगा के पास एचपीसीएल श्रमिकों की ओर से तोड़ी गई 14 इंच की मुख्य पेयजल लाइन शनिवार को चौथे दिन भी ठीक नहीं हो पाई है। क्षेत्रवासियों को टैंकरों से भी पानी नहीं मिल रहा है और वह महंगे दामों पर निजी टैंकरों से पानी खरीद रहे हैं। शहर में गहराए पेयजल संकट का मामला मुख्यमंत्री दरबार तक पहुंच गया है। मुख्य सचिव ने डीएम के माध्यम से जलसंस्थान को वस्तुस्थिति से अवगत कराने और तत्काल पेयजल सप्लाई सामान्य बनाने के निर्देश दिए हैं। जलसंस्थान के ईई ने इस मामले की पूरी जानकारी सीएम और डीएम को भेज दी है।
एचपीसीएल कंपनी शहर में गैस पाइप लाइन बिछाने के लिए खोदाई का काम कर रही है। खोदाई के दौरान जलसंस्थान की 14 इंच की मुख्य पेयजल लाइन तोड़ दी गई। चार दिन पूर्व तोड़ी गई पेयजल लाइन की मरम्मत नहीं हो सकी है। जिससे दमुवाढूंगा, बिठौरिया, लालडांठ, कुसुमखेड़ा, ऊंचापुल समेत बड़े इलाके की पेयजल आपूर्ति ठप है। पेयजल संकट गहराने पर कुछ लोगों ने सीएम पोर्टल के माध्यम से मुख्यमंत्री तक यह मामला पहुंचाया है, जिस पर शनिवार को मुख्यमंत्री कार्यालय से जलसंस्थान के अधिकारियों से जवाब मांगा गया है।
जलसंस्थान के ईई संजय कुमार श्रीवास्तव ने बताया कि पेयजल लाइन मरम्मत का काम जारी है। मुख्यमंत्री कार्यालय को पूरी घटना की जानकारी दे दी गई है। एचपीसीएल कंपनी से लाइन क्षतिग्रस्त करने के एवज में 15 लाख रुपया मुआवजा मांगा गया है। इस मामले से डीएम को भी अवगत कराया गया है। उन्होंने बताया कि देर रात तक पेयजल लाइन की मरम्मत पूरी होने की संभावना है।
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एचपीसीएल कंपनी शहर में गैस पाइप लाइन बिछाने के लिए खोदाई का काम कर रही है। खोदाई के दौरान जलसंस्थान की 14 इंच की मुख्य पेयजल लाइन तोड़ दी गई। चार दिन पूर्व तोड़ी गई पेयजल लाइन की मरम्मत नहीं हो सकी है। जिससे दमुवाढूंगा, बिठौरिया, लालडांठ, कुसुमखेड़ा, ऊंचापुल समेत बड़े इलाके की पेयजल आपूर्ति ठप है। पेयजल संकट गहराने पर कुछ लोगों ने सीएम पोर्टल के माध्यम से मुख्यमंत्री तक यह मामला पहुंचाया है, जिस पर शनिवार को मुख्यमंत्री कार्यालय से जलसंस्थान के अधिकारियों से जवाब मांगा गया है।
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जलसंस्थान के ईई संजय कुमार श्रीवास्तव ने बताया कि पेयजल लाइन मरम्मत का काम जारी है। मुख्यमंत्री कार्यालय को पूरी घटना की जानकारी दे दी गई है। एचपीसीएल कंपनी से लाइन क्षतिग्रस्त करने के एवज में 15 लाख रुपया मुआवजा मांगा गया है। इस मामले से डीएम को भी अवगत कराया गया है। उन्होंने बताया कि देर रात तक पेयजल लाइन की मरम्मत पूरी होने की संभावना है।
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