नहाते समय डूबा सैनिक: 72 घंटे बाद भी नहीं लगा सुराग; तलाश जारी..लेकिन परिजन बोले- कैसे मिलेगा हिमांशु...?
भीमताल के पदमपुरी मार्ग पर स्थित बमेटा गांव के पुल के पास मंगलवार को गधेरे में नहाते समय डूबे सैन्यकर्मी हिमांशु दफौटिया का 72 घंटे बाद भी पता नहीं चल पाया है। परिजनों ने हिमांशु के नहीं मिल पाने पर प्रशासन के लिए नाराजगी जाहिर की है।
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भीमताल के पदमपुरी मार्ग पर स्थित बमेटा गांव के पुल के पास मंगलवार को गधेरे में नहाते समय डूबे सैन्यकर्मी हिमांशु दफौटिया का 72 घंटे बाद भी पता नहीं चल पाया है। वहीं हिमांशु के परिजनों ने चार दिन बाद भी हिमांशु के नहीं मिल पाने पर प्रशासन के लिए नाराजगी जाहिर की है।
हिमांशु के परिजन पूरन सिंह ने बताया कि एनडीआरएफ की टीम बिना उपकरणों के हिमांशु को खोज रही हैं। उन्होंने कहा कि उपकरण नहीं होने से हिमांशु का पता नहीं चल पाया है इससे परिजन बेहद परेशान हैं। उन्होंने प्रशासन से रेस्क्यू अभियान के लिए उपकरण उपलब्ध कराकर हिमांशु को खोजने की मांग की है।
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वहीं शुक्रवार को एसडीएम केएन गोस्वामी के नेतृत्व में एसडीआरएफ की टीम ने रेस्क्यू अभियान चलाकर हिमांशु की खोजबीन की, लेकिन हिमांशु का पता नहीं चल पाया।
एसडीएम गोस्वामी ने बताया कि पानी कम होने के साथ लगातार रेस्क्यू अभियान चलाया जा रहा है पर अभी सफलता नहीं मिल पाई है। उन्होंने कहा कि परीताल तक एसडीआरएफ, एनडीआरएफ, पुलिस और राजस्व विभाग की टीम लगी हुई है। साथ ही ड्रोन की मदद से भी हिमांशु को खोजा जा रहा है।
खाश बुर्जग की बात मान ली होती तो नहीं डूबता हिमांशु
बमेटा पुल के पास गधेरे में जिस जगह हिमांशु देफौटिया अपने चार दोस्तों के साथ नहा रहा था। उस जगह एक बुजुर्ग व्यक्ति ने सभी से पानी का बहाव अधिक होने की बात कहकर नहाने से मना किया था। जिसके बाद चार दोस्त वापस आ गए थे। लेकिन हिमांशु गधेरे में नहाते रहा अचानक पानी का बहाव तेज होने से हिमांशु बह गया। स्थानीय लोगों ने कहा अगर हिमांशु बुजुर्ग की बात मान लेता तो शायद वह डूबा नहीं होता।
छुट्टी मनाने पहुंचे थे सभी दोस्त
मंगलवार की शाम 3.30 बजे सभी दोस्त घूमने के लिए पहुंचे हुए थे। लेकिन गधेरे में पानी देख सभी नहाने उतर गए। हिमांशु के दोस्तों ने पुलिस को बताया कि वह लोग छुट्टी पर घूमने आए हुए थे।
तीन साल में चार लोगों की जा चुकी हैं जान
पदमपुरी मार्ग पर सड़क से नीचे बहने वाली परीताल में बीते तीन साल में चार लोगों की मौत हो चुकी हैं। लेकिन इसके बाद भी पुलिस और प्रशासन की ओर से परीताल में नहाने वालों पर कोई कार्रवाई नहीं की गई। मंगलवार को जिस बमेटा गांव में पुल के पास हिमांशु देफौटिया नहाते समय डूबे है उस जगह से थोड़ा नीचे ही परीताल है। स्थानीय लोगों ने कहा कि मंगलवार की घटना के बाद भी नहाने पर रोक लगाने के लिए कोई कार्रवाई नहीं हो पाई।