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अस्पताल में इलाज के लिए भटकती रही गर्भवती
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रामनगर अस्पताल में कुर्सी में बैठी गर्भवती महिला शोभा रावत।
- फोटो : RAMNAGAR
रामनगर (नैनीताल)। प्रसव पीड़ा से तड़प रही महिला को अस्पताल के डॉक्टरों ने भर्ती करने के बजाय पहले कोरोना टेस्ट कराने को कह दिया। इसके बाद महिला की हालत गंभीर होने पर महिला अस्पताल के चिकित्साधीक्षक के निर्देश पर गर्भवती को अस्पताल में भर्ती किया गया।
अल्मोड़ा जिले के गांव मछोड़ निवासी शोभा रावत प्रसव पीड़ा के चलते रामनगर के सरकारी अस्पताल में आशा के साथ पहुंची। अस्पताल में डॉक्टरों ने उसे पहले कोरोना टेस्ट कराकर लाने को कहा, जबकि महिला प्रसव पीड़ा से कराह रही थीं।
महिला को देखने के बाद भी डॉक्टर उसे भर्ती नहीं कर रहे थे। ऐसे में वह किसी तरह चिकित्साधीक्षक डॉ. मणि भूषण पंत के ऑफिस में पहुंची और अपनी व्यथा सुनाई। इस अधीक्षक ने पीपीपी मोड के डॉक्टरों को महिला को भर्ती कराने को कहा। इसके बाद उसे तत्काल प्रसव रूम में ले जाया जाएगा, जहां उसने बेटे को जन्म दिया।
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वहीं आशा वर्कर यूनियन की उपाध्यक्ष कमला बधानी ने बताया कि अस्पताल में गर्भवती महिला तड़प रही, लेकिन उसे देखने वाली कोई भी महिला चिकित्सक नहीं थीं। अस्पताल के अधीक्षक के निर्देश पर महिला को भर्ती कराया गया।
अस्पताल के अधीक्षक डॉ. पंत ने बताया कि महिला की स्थिति को देखते हुए भर्ती कराकर उसका प्रसव कराया गया। महिला ने लड़के को जन्म दिया है और जच्चा बच्चा दोनों स्वस्थ हैं।
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अल्मोड़ा जिले के गांव मछोड़ निवासी शोभा रावत प्रसव पीड़ा के चलते रामनगर के सरकारी अस्पताल में आशा के साथ पहुंची। अस्पताल में डॉक्टरों ने उसे पहले कोरोना टेस्ट कराकर लाने को कहा, जबकि महिला प्रसव पीड़ा से कराह रही थीं।
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महिला को देखने के बाद भी डॉक्टर उसे भर्ती नहीं कर रहे थे। ऐसे में वह किसी तरह चिकित्साधीक्षक डॉ. मणि भूषण पंत के ऑफिस में पहुंची और अपनी व्यथा सुनाई। इस अधीक्षक ने पीपीपी मोड के डॉक्टरों को महिला को भर्ती कराने को कहा। इसके बाद उसे तत्काल प्रसव रूम में ले जाया जाएगा, जहां उसने बेटे को जन्म दिया।
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वहीं आशा वर्कर यूनियन की उपाध्यक्ष कमला बधानी ने बताया कि अस्पताल में गर्भवती महिला तड़प रही, लेकिन उसे देखने वाली कोई भी महिला चिकित्सक नहीं थीं। अस्पताल के अधीक्षक के निर्देश पर महिला को भर्ती कराया गया।
अस्पताल के अधीक्षक डॉ. पंत ने बताया कि महिला की स्थिति को देखते हुए भर्ती कराकर उसका प्रसव कराया गया। महिला ने लड़के को जन्म दिया है और जच्चा बच्चा दोनों स्वस्थ हैं।