फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttarakhand ›   Nainital News ›   Nectarine fruit reached Nainital market

Nainital News: प्रकृति का कमाल, एक में दो फलों का जायका बेमिसाल, नैनीताल के बाजार में पहुंचा नेक्टरीन

Mon, 23 Jun 2025 10:19 AM IST
हीरा मेहरा अमर उजाला नेटवर्क, नैनीताल
अमर उजाला नेटवर्क, नैनीताल Published by: हीरा मेहरा Updated Mon, 23 Jun 2025 10:19 AM IST
सार

बाहर से सेब और अंदर से आड़ू की गुठली वाला नेक्टरीन फल सैलानियों के साथ ही स्थानीय लोगों की पसंद बना हुआ है। खाने में यह सेब और आड़ू के मिश्रित स्वाद का एहसास देता है। नैनीताल शहर की कुछ ही दुकानों में यह फल उपलब्ध है और महंगा बिक रहा है।

विज्ञापन
Nectarine fruit reached Nainital market
नेक्टरीन फल - फोटो : अमर उजाला

विस्तार

बाहर से सेब और अंदर से आड़ू की गुठली वाला नेक्टरीन फल सैलानियों के साथ ही स्थानीय लोगों की पसंद बना हुआ है। खाने में यह सेब और आड़ू के मिश्रित स्वाद का एहसास देता है। शहर की कुछ ही दुकानों में यह फल उपलब्ध है और महंगा बिक रहा है। तल्लीताल डांठ में स्थित फलों की दुकान लगाने वाले अनवर कुरैशी बताते हैं कि उनकी दुकान में पहाड़ी फल काफल, पूलम, खुबानी, आड़ू के साथ इन दिनों नेक्टरीन की भी खूब मांग है। पहाड़ी फल के कारण स्थानीय लोग इसे अपने रिश्तेदारों के लिए भेज रहे हैं तो बाहर से आने वाले सैलानी भी पहाड़ फल का स्वाद ले रहे हैं।

विज्ञापन

एक किलो 180 रुपये तक बिक रहा
दुकानदार फैजल कुरैशी के अनुसार नेक्टरीन फल का बाहरी आवरण सेब जैसा तो गुठली आड़ू की है, जिसमें दोनों का स्वाद मिक्स है। बताया कि जहां आड़ू 100 से 120 रुपये और सेब 120 से 140 रुपये किलो बिक रहा है, वहीं नेक्टरीन फल 160 से 180 रुपये प्रति किलो बिक रहा है।

विज्ञापन

सूपी गांव में हो रही फल की पैदावार
सूपी गांव निवासी काश्तकार नवल किशोर सिंह बिष्ट ने बताया कि यह फल उनके गांव में कुछ ही काश्तकारों के पास है। नेक्टरीन फल का दाम बाजार में अच्छा मिल रहा है। हालांकि इस फल के बीज के गांव तक पहुंचने के बारे में वह कुछ नहीं बता पाए।

विज्ञापन
विज्ञापन

उत्परिवर्तन (म्यूटेशन) है प्रजाति में बदलाव की वजह
वैज्ञानिकों के अनुसार फलों की किसी प्रजाति में उत्परिवर्तन (म्यूटेशन) के बाद उसका स्वरूप थोड़ा बदल जाता है। जिससे वह स्वाद और दिखने में अलग होता है। मगर फल का मूल स्वरूप वही होता है, जैसा कि आड़ू की इस किस्म के साथ हुआ है। सालों-साल म्यूटेशन की प्रक्रिया के बाद आड़ू का यह रूप नेक्टरीन के रूप में सामने आया है।

नेक्टरीन फल में सेब, आड़ू और खुबानी का मिश्रित स्वाद है। हिमाचल में किसान इसका काफी उत्पादन करते हैं। संभवत: इस फल का बीज हिमाचल से आया होगा। - प्रो. ललित तिवारी, विभागाध्यक्ष, वनस्पति विज्ञान विभाग, डीएसबी परिसर

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed