{"_id":"62c48e81fc6a3838dc2af72e","slug":"instructions-for-issuing-notification-for-conducting-three-tier-panchayat-elections-nainital-news-hld468125130","type":"story","status":"publish","title_hn":"त्रिस्तरीय पंचायत चुनाव कराने के लिए अधिसूचना जारी करने के निर्देश","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
त्रिस्तरीय पंचायत चुनाव कराने के लिए अधिसूचना जारी करने के निर्देश
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
नैनीताल। हाईकोर्ट ने हरिद्वार में त्रिस्तरीय पंचायत चुनाव कराने के लिए राज्य सरकार को अगस्त के पहले सप्ताह में अधिसूचना जारी करने के निर्देश दिए हैं।
मुख्य न्यायाधीश विपिन सांघी एवं न्यायमूर्ति आरसी खुल्बे की खंडपीठ के समक्ष मामले की सुनवाई हुई। हरिद्वार निवासी रंजन त्यागी ने हाईकोर्ट में जनहित याचिका दायर कर कहा था कि सरकार हरिद्वार जिले में त्रिस्तरीय पंचायत चुनाव नहीं करवा रही है जो सुप्रीम कोर्ट के आदेश का उल्लंघन है। इस पर राज्य निर्वाचन आयोग की ओर से कहा गया कि आयोग त्रिस्तरीय पंचायत चुनाव के लिए अगस्त पहले सप्ताह में अधिसूचना जारी कर देगा।
प्रदेश सरकार की ओर से महाधिवक्ता एसएन बाबुलकर ने कोर्ट को बताया कि सरकार किसी प्रकार का विलंब नहीं कर रही है और ना ही सुप्रीम कोर्ट के आदेश का उल्लंघन कर रही है। उन्होंने कहा कि निकायों व पंचायतों का परिसीमन का काम पूरा कर लिया गया है। आरक्षण का कार्य जारी है।
विज्ञापन
पक्षों को सुनने के बाद हाईकोर्ट की खंडपीठ ने चुनाव आयोग की ओर से दिए गए बयान को दर्ज करते हुए सरकार को अगस्त के पहले सप्ताह में अधिसूचना जारी करने के निर्देश दिए हैं। कोर्ट ने मामले की अगली सुनवाई के लिए 17 अगस्त की तिथि नियत की है।
विज्ञापन
मुख्य न्यायाधीश विपिन सांघी एवं न्यायमूर्ति आरसी खुल्बे की खंडपीठ के समक्ष मामले की सुनवाई हुई। हरिद्वार निवासी रंजन त्यागी ने हाईकोर्ट में जनहित याचिका दायर कर कहा था कि सरकार हरिद्वार जिले में त्रिस्तरीय पंचायत चुनाव नहीं करवा रही है जो सुप्रीम कोर्ट के आदेश का उल्लंघन है। इस पर राज्य निर्वाचन आयोग की ओर से कहा गया कि आयोग त्रिस्तरीय पंचायत चुनाव के लिए अगस्त पहले सप्ताह में अधिसूचना जारी कर देगा।
विज्ञापन
प्रदेश सरकार की ओर से महाधिवक्ता एसएन बाबुलकर ने कोर्ट को बताया कि सरकार किसी प्रकार का विलंब नहीं कर रही है और ना ही सुप्रीम कोर्ट के आदेश का उल्लंघन कर रही है। उन्होंने कहा कि निकायों व पंचायतों का परिसीमन का काम पूरा कर लिया गया है। आरक्षण का कार्य जारी है।
विज्ञापन
पक्षों को सुनने के बाद हाईकोर्ट की खंडपीठ ने चुनाव आयोग की ओर से दिए गए बयान को दर्ज करते हुए सरकार को अगस्त के पहले सप्ताह में अधिसूचना जारी करने के निर्देश दिए हैं। कोर्ट ने मामले की अगली सुनवाई के लिए 17 अगस्त की तिथि नियत की है।