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Operation Sindoor: यहां सरहद से बहुत दूर...जोश-पराक्रम का रंग घोलता दिखा सिंदूर, सरकारी दफ्तरों में चर्चा तेज
Sat, 10 May 2025 10:59 AM IST
हल्द्वानी ब्यूरो
अमर उजाला नेटवर्क, हल्द्वानी
अमर उजाला नेटवर्क, हल्द्वानी
Published by: हल्द्वानी ब्यूरो
Updated Sat, 10 May 2025 10:59 AM IST
सार
अमर उजाला ने शुक्रवार को शहर के अलग-अलग स्थानों व सरकारी दफ्तरों का जायजा लिया तो हर जुबान पर भारत की जवाबी कार्रवाई की चर्चा थी। कोई भारतीय सेना के शौर्य की सराहना कर रहा था तो कोई पीएम मोदी के जवाब देने के अंदाज की तारीफ।
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भारत-पाकिस्तान संभावित युद्ध को लेकर पार्क में चर्चा करते सीनियर सिटिजन।
- फोटो : अमर उजाला
विस्तार
ऑपरेशन सिंदूर शुरू के बाद से भारत लगातार पाकिस्तान पर जवाबी हमले कर रहा है। पीओके से लेकर पाकिस्तान के अंदर तक भारतीय सेना धमाके कर रही है। इस बीच अमर उजाला ने शुक्रवार को शहर के अलग-अलग स्थानों व सरकारी दफ्तरों का जायजा लिया तो हर जुबान पर भारत की जवाबी कार्रवाई की चर्चा थी। कोई भारतीय सेना के शौर्य की सराहना कर रहा था तो कोई पीएम मोदी के जवाब देने के अंदाज की तारीफ। यहां सरहद से बहुत दूर... ऑपरेशन सिंदूर पर सेना के शौर्य की चर्चा जोश से होते सुनी गई।
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सुशीला तिवारी अस्पताल : 12:15 बजे
सुशीला तिवारी अस्पताल में पहुंचे मरीज अपनी बारी के इंतजार के टीवी में ऑपरेशन सिंदूर देखने में मशगूल दिखे। कई तीमारदार मोबाइल पर वर्तमान हालात पर नजर बनाए हुए थे। कुछ लोग आपस में पाकिस्तान के साथ बढ़ रहे टेंशन पर चर्चा करते दिखे। बेस अस्पताल में भी कर्मचारी पाक संग उपजे तनावपूर्ण हालात पर चर्चा करते सुने गए।
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सिटी मजिस्ट्रेट कार्यालय परिसर हल्द्वानी 01:00 बजे
दफ्तर के बाहर अधिवक्ता और वादकारी मौजूद हैं। कुछ अधिवक्ता अपने काम में जुटे हैं, जबकि कई अन्य अलग अलग स्थानों पर ऑपरेशन सिंदूर की चर्चाओं में मशगूल हैं। हर कोई भारतीय सेना के साहस और पराक्रम की तारीफ कर रहा है। एक अधिवक्ता कहते हैं कि मोदी जी ने बहुत ही गजब का नाम दिया है-ऑपरेशन सिंदूर। आतंकियों ने पुलवामा से लेकर पहलगाम तक कई महिलाओं का सिंदूर छीन लिया, अब भारतीय सेना आतंकियों और उनके आकाओं से बदला ले रही है। तभी सामने बैठे एक अधिवक्ता कहते हैं इससे बेहतर मौका नहीं मिलेगा। इस बार तो पाकिस्तान को निपटा ही देना चाहिए। इधर पार्किंग क्षेत्र में पेड़ की छांव में बैठे तीन लोग भी इसी मुद्दे पर चर्चा कर रहे हैं, उनमें भारतीय सेना और उनके पास मौजूद हथियारों पर बात छिड़ी है। तीनों का कहना था कि भारत चाहेगा तो पाकिस्तान को एक घंटे में नेस्तनाबूत कर देगा।
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नगर निगम कार्यालय : 1:30 बजे
भारत-पाक के बीच उपजे तनावपूर्ण हालात की चर्चा नगर निगम कार्यालय में सुनाई दी। नगर निगम में मेयर गजराज सिंह बिष्ट मीडिया कर्मियों से इस मामले में वार्ता करते नजर आए। कहा कि पाक को अपनी नापाक हरकतों से बाज आना चाहिए। वहीं, रेलवे, रोडवेज, लोनिवि, जल संस्थान आदि विभागों में कर्मचारी एक-दूसरे से ऑपरेशन सिंदूर पर चर्चा करते नजर आए।
एमबीपीजी कॉलेज : दोपहर 1:15 बजे
एमबीपीजी कॉलेज के परीक्षा विभाग में प्राध्यापक भारत-पाकिस्तान के बीच हुए तनावपूर्ण हालत पर चर्चा करते नजर आए। डॉ. महेश कुमार, डॉ. सीएस जोशी, डॉ. कविता बिष्ट, नवीन शर्मा ने कहा कि युद्ध होने पर पाकिस्तान ज्यादा दिन नहीं टिक पाएगा। वह सिर्फ कायराना हमले कर सकता है। खुलकर आगे आने का उसमें साहस नहीं है। पाकिस्तान को पूर्व में हुए युद्धों में भी भारत से मात खानी पड़ी थी। आज वह फिर से देश को युद्ध के लिए उकसाने की कोशिश कर रहा है। अगर दोनों दशों के बीच युद्ध हुआ तो संभवतया इस बार पाकिस्तान नक्शे से मिट सकता है।
एसडीएम दफ्तर के पास मौजूद कैंटीन 01:30 बजे
उपजिलाधिकारी कार्यालय के पीछे की ओर स्थित हार्दिक स्वयं सहायता समूह की कैंटीन ग्राहकों से पैक है। एक व्यक्ति अपने फोन पर ऑपरेशन सिंदूर की खबरें लाइव देख रहा है। एंकर के जोश के साथ ही वहां मौजूद लोग भी इस बात को लेकर खासे उत्साहित हैं कि भारत आतंकियों के साथ-साथ पाकिस्तान को भी करारा जवाब दे रहा है। लोगों के बीच भारत-पाकिस्तान के बीच संभावित युद्ध को लेकर भी चर्चा चल रही है।
तहसील परिसर हल्द्वानी 02:00 बजे
यहां अधिवक्ता, स्टांप विक्रेता और अरायजनवीस चैंबरों में बैठे हैं। कुछ काम में व्यस्त हैं तो कुछ ऑपरेशन सिंदूर को लेकर चर्चाओं में। तहसील के अधिकतर दफ्तरों में कर्मचारी भी भारतीय सेना के साहस और पराक्रम की सराहना कर रहे हैं। कुछ कहते हैं, युद्ध हो ही जाना चाहिए ताकि पाकिस्तान को सबक सिखाया जा सके। कुछ कर्मचारियों का कहना था कि युद्ध समस्या का समाधान नहीं है। दफ्तरों में लोग सोशल मीडिया पर चल रही रील देखते नजर आए।