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न हेलमेट न कागज, सीनाजोरी पूरी
ब्यूरो/अमर उजाला,रामनगर
Updated Fri, 10 Apr 2015 01:55 AM IST
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नियम-कानून तो सभी के लिए ही बराबर हैं, लेकिन फिर भी कुछ लोग खुद को विशेष समझकर इन्हें तोड़ने के बाद सीनाजोरी से भी पीछे नहीं हटते। ऐसा ही कुछ बृहस्पतिवार को हुआ। एसआई श्वेता नेगी ने कागज, हेलमेट न होने पर भाजपा ग्रामीण मंडल महामंत्री सुबोध चमोली की स्कूटी सीज कर दी। फिर क्या था नेताजी के समर्थकों ने पहले सीओ से स्कूटी छोड़ने को कहा, फिर कोतवाली में धरने पर बैठ गए।
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भाजपा ग्रामीण मंडल महामंत्री सुबोध चमोली बृहस्पतिवार को स्कूटी से कहीं जा रहे थे। उनके पास न तो गाड़ी के कागज थे और न ही उन्होंने हेलमेट ही पहना था। चेकिंग कर रही एसआई श्वेता नेगी ने उनकी स्कूटी सीज कर दी। तमतमाए सुबोध चमोली ने कार्यकर्ताओं को इसकी जानकारी दी। इस पर ग्रामीण मंडल अध्यक्ष राकेश नैनवाल ने सीओ मिथिलेश कुमार से फोन पर वार्ता की, जिसमें सीओ ने उन्हें कोतवाली पहुंचकर बात करने को कहा।
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नैनवाल, चमोली और सत्यप्रकाश शर्मा सहित कई कार्यकर्ता कोतवाली पहुंच गए। यहां चमोली ने पूरा घटनाक्रम सीओ और कोतवाल राकेश पंवार को बताया। बात बढ़ते-बढ़ते इतनी बढ़ गई कि नैनवाल और कोतवाल में तीखी नोकझोंक हो गई। इस पर कोतवाल कैलाश पंवार ने राकेश नैनवाल को कोतवाली से बाहर कर दिया। यह देख नैनवाल समर्थकों के साथ कोतवाली के आगे धरने पर बैठ गए और नारेबाजी शुरू कर दी। मामला बढ़ता देख एसडीएम एसएस जंगपांगी भी कोतवाली पहुंच गए और करीब एक घंटे की गहमागहमी के बाद आखिर भाजपाई शांत होकर चले गए।
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इंडियन क्रिकेट टीम के कैप्टन धोनी से लो सीख
कानून से बड़ा कोई नहीं होता और कानून का सम्मान सभी को करना चाहिए। इसका उदाहरण इंडियन क्रिकेट टीम के कैप्टन महेंद्र सिंह धोनी से सीखिए। बिना नंबर प्लेट लगी बुलेट चलाने पर रांची (झारखंड) ट्रैफिक पुलिस ने धोनी का 450 रुपए का चालान काट दिया। धोनी ने भी कानून का सम्मान करते हुए अपनी गलती स्वीकार की।