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कार्यवाहक अध्यक्ष सहित दो कर्मचारी नेता निष्कासित
Updated Tue, 05 Sep 2017 02:43 AM IST
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हल्द्वानी। उत्तरांचल रोडवेज कर्मचारी यूनियन की प्रदेश स्तरीय बैठक में संगठन विरोधी गतिविधियों में संलिप्तता के आरोप में कार्यवाहक प्रदेश अध्यक्ष सहित दो नेताओं को निष्कासित कर दिया गया। दोनों का सहयोग करने वाले कर्मचारी को भी कारण बताओ नोटिस भेजा गया है। सातवें वेतनमान को लेकर चर्चा के साथ ही जल्द रणनीति बनाने का निर्णय लिया गया।
सोमवार को नैनीताल रोड स्थित एक बारात घर में प्रदेश वर्किंग कमेटी की बैठक हुई। सर्वसम्मति से कार्यवाहक प्रदेश अध्यक्ष सहदेव सिंह और ब्रह्म सिंह सैनी को यूनियन की प्राथमिक सदस्यता को बर्खास्त कर दिया गया। दोनों का सहयोग करने के आरोप में हरेंद्र कुमार का जवाब-तलब किया गया है। वाह्य श्रोत के कर्मचारियों को विशिष्ट श्रेणी का दर्जा मिलने पर केंद्रीय प्रबंध समिति को बधाई दी गई। यूनियन महामंत्री और वेतन भोगी समिति के अध्यक्ष अशोक चौधरी ने बताया कि वर्ष 2016-17 में 12 की जगह 15 फीसदी का लाभांस हुआ है। प्रदेश अध्यक्ष कमल पपनै ने सभी सदस्यों का आभार जताते हुए परिवहन निगम की समृद्धि और आय बढ़ाने के लिए सच्ची निष्ठा से कार्य करने की अपील की। कहा कि सातवें वेतनमान के लिए यूनियन बेहद गंभीर है। इस मामले में जल्द ही यूनियन की बैठक बुलाकर रणनीति तय की जाएगी।
बैठक में डीएन शुक्ला, केपी सिंह, विपिन कुमार, जमील खां, हरीश जोशी, महिपाल सिंह, आरएस नेगी, मुकेश वर्मा, रामअवध यादव, आनंद बिष्ट, अरुण सिंह, सतीश लाल, कैलाश कांडपाल, बलदेव सिंह सहित विभिन्न डिपो से आए कर्मचारी मौजूद रहे।
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निष्कासित किए गए सहदेव सिंह ने बताया कि उन्होंने 30 अगस्त को यूनियन छोड़कर हरिद्वार में परिवहन मजदूर संघ की सदस्यता ले ली थी। ब्रह्म सिंह सैनी ने भी 21 अगस्त को यूनियन छोड़ दी थी। जब उन्होंने संगठन पहले ही छोड़ दिया तो निष्कासन का क्या औचित्य है।
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सोमवार को नैनीताल रोड स्थित एक बारात घर में प्रदेश वर्किंग कमेटी की बैठक हुई। सर्वसम्मति से कार्यवाहक प्रदेश अध्यक्ष सहदेव सिंह और ब्रह्म सिंह सैनी को यूनियन की प्राथमिक सदस्यता को बर्खास्त कर दिया गया। दोनों का सहयोग करने के आरोप में हरेंद्र कुमार का जवाब-तलब किया गया है। वाह्य श्रोत के कर्मचारियों को विशिष्ट श्रेणी का दर्जा मिलने पर केंद्रीय प्रबंध समिति को बधाई दी गई। यूनियन महामंत्री और वेतन भोगी समिति के अध्यक्ष अशोक चौधरी ने बताया कि वर्ष 2016-17 में 12 की जगह 15 फीसदी का लाभांस हुआ है। प्रदेश अध्यक्ष कमल पपनै ने सभी सदस्यों का आभार जताते हुए परिवहन निगम की समृद्धि और आय बढ़ाने के लिए सच्ची निष्ठा से कार्य करने की अपील की। कहा कि सातवें वेतनमान के लिए यूनियन बेहद गंभीर है। इस मामले में जल्द ही यूनियन की बैठक बुलाकर रणनीति तय की जाएगी।
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बैठक में डीएन शुक्ला, केपी सिंह, विपिन कुमार, जमील खां, हरीश जोशी, महिपाल सिंह, आरएस नेगी, मुकेश वर्मा, रामअवध यादव, आनंद बिष्ट, अरुण सिंह, सतीश लाल, कैलाश कांडपाल, बलदेव सिंह सहित विभिन्न डिपो से आए कर्मचारी मौजूद रहे।
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निष्कासित किए गए सहदेव सिंह ने बताया कि उन्होंने 30 अगस्त को यूनियन छोड़कर हरिद्वार में परिवहन मजदूर संघ की सदस्यता ले ली थी। ब्रह्म सिंह सैनी ने भी 21 अगस्त को यूनियन छोड़ दी थी। जब उन्होंने संगठन पहले ही छोड़ दिया तो निष्कासन का क्या औचित्य है।