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बद्री और पहाड़ी घी को मिलेगा बाजार, चंपावत और चमोली दुग्ध संघ देहरादून में कराएंगे पैकिंग
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प्रतीकात्मक फोटो।
हल्द्वानी। उत्तराखंड कोऑपरेटिव डेयरी फेडरेशन (यूसीडीएफ) बद्री घी के नाम से चमोली दुग्ध संघ का घी बाजार में उतारने जा रहा है। यह घी 1500 रुपये किलोग्राम के हिसाब से मिलेगा। अभी डेयरी फेडरेशन चमोली में प्रतिमाह 96 लीटर बद्री घी के नाम से उत्पादन कर रहा है। बद्री घी की बिक्री बढ़ते ही दुग्ध संघ चमोली जिले के दुग्ध उत्पादकों से महंगे दाम में दूध खरीदेगा। यूसीडीएफ की तीन माह में चमोली दुग्ध संघ में 1000 लीटर तक बद्री घी तैयार करने की योजना है।
चमोली जिले में बद्री गाय अधिक हैं। चमोली दुग्ध संघ किसानों से बद्री गाय का दूध खरीदकर प्रतिमाह 96 लीटर घी बना रहा है। यूसीडीएफ के अनुसार इस घी की क्वालिटी पूरे प्रदेश में सबसे अच्छी है। यूसीडीएफ घी बद्री को जल्द ही बड़े पैमाने पर बाजार में उतारने की योजना बना रहा है। इसके लिए देहरादून में पैकिंग मशीन लगाई जाएगी। इसे प्रदेश से बाहर अन्य राज्यों में भी बेचने की योजना है। बद्री घी की बिक्री बढ़ने पर यूसीडीएफ दुग्ध उत्पादकों से दूध खरीदेगा, जिससे उनकी आमदनी बेहतर होगी। इसके अलावा चंपावत जिले की घी की क्वालिटी भी अच्छी है। इसे भी यूसीडीएफ पहाड़ी घी के नाम से बाजार में उतारेगा। इस घी की पैकिंग भी देहरादून में कराने की योजना है।
चमोली जिले के घी को
यूसीडीएफ ने चमोली जिले के दुग्ध संघ में बने एक हजार किलो घी को बद्रीनाथ में बिक्री के लिए रखा था, जिसे बाहर के व्यापारियों ने खरीदा और अन्य शहरों में दो हजार रुपये किलोग्राम तक में बेचा। इसे देखते हुए अब यूसीडीएफ बद्री घी और चंपावत दुग्ध संघ की घी को पहाड़ी घी के नाम से उतारेगा। इसकी कीमत 1000 और 1500 रुपये रखी जाएगी। - जीवन सिंह नागन्याल, एमडी यूसीडीएफ
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चमोली जिले में बद्री गाय अधिक हैं। चमोली दुग्ध संघ किसानों से बद्री गाय का दूध खरीदकर प्रतिमाह 96 लीटर घी बना रहा है। यूसीडीएफ के अनुसार इस घी की क्वालिटी पूरे प्रदेश में सबसे अच्छी है। यूसीडीएफ घी बद्री को जल्द ही बड़े पैमाने पर बाजार में उतारने की योजना बना रहा है। इसके लिए देहरादून में पैकिंग मशीन लगाई जाएगी। इसे प्रदेश से बाहर अन्य राज्यों में भी बेचने की योजना है। बद्री घी की बिक्री बढ़ने पर यूसीडीएफ दुग्ध उत्पादकों से दूध खरीदेगा, जिससे उनकी आमदनी बेहतर होगी। इसके अलावा चंपावत जिले की घी की क्वालिटी भी अच्छी है। इसे भी यूसीडीएफ पहाड़ी घी के नाम से बाजार में उतारेगा। इस घी की पैकिंग भी देहरादून में कराने की योजना है।
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चमोली जिले के घी को
यूसीडीएफ ने चमोली जिले के दुग्ध संघ में बने एक हजार किलो घी को बद्रीनाथ में बिक्री के लिए रखा था, जिसे बाहर के व्यापारियों ने खरीदा और अन्य शहरों में दो हजार रुपये किलोग्राम तक में बेचा। इसे देखते हुए अब यूसीडीएफ बद्री घी और चंपावत दुग्ध संघ की घी को पहाड़ी घी के नाम से उतारेगा। इसकी कीमत 1000 और 1500 रुपये रखी जाएगी। - जीवन सिंह नागन्याल, एमडी यूसीडीएफ
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