{"_id":"5df678538ebc3e87a634065a","slug":"aries-will-form-a-science-visitor-in-mukteshwar-devsthal-nainital-news-hld365688670","type":"story","status":"publish","title_hn":"मुक्तेश्वर देवस्थल में साइंस विजिटर सेंटर बनाएगा एरीज","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
मुक्तेश्वर देवस्थल में साइंस विजिटर सेंटर बनाएगा एरीज
विज्ञापन
एरीज के निदेशक प्रो. दीपांकर बनर्जी।
- फोटो : NAINITAL
नैनीताल। आर्यभट्ट प्रेक्षण विज्ञान एवं शोध संस्थान (एरीज) के नए निदेशक प्रो. दीपांकर बनर्जी ने कहा कि मुक्तेश्वर के देवस्थल में लोगों के लिए साइंस विजिटर सेंटर बनाया जाएगा। सेंटर में शोधार्थियों, विद्यार्थियों एवं पर्यटकों को विज्ञान से संबंधित जानकारियां दी जाएंगी। इसके साथ ही सूर्य की गणना के लिए आदित्य मिशन का संचालन किया जाएगा। साथ ही एरीज के अनुसंधान कार्यों में निपुणता लाने के लिए आधुनिक तकनीकों एवं उपकरणों की मदद ली जाएगी।
रविवार को एरीज के नवनियुक्त निदेशक प्रो.बनर्जी ने पत्रकार वार्ता में कहा कि नए शोध दुनिया के सामने पेश करना उनका पहला प्रयास रहेगा। विद्यार्थियों, शोधार्थियों एवं पर्यटकों के लिए जल्द ही मुक्तेश्वर के देवस्थल में विजिटर सेंटर बनाया जाएगा। इसमें विज्ञान एवं ब्रह्मांड से जुड़ी जानकारियां दी जाएंगी। एरीज में ब्रह्मांड को लेकर किए जाने वाले शोध में और विस्तार किया जाएगा। उन्होंने कहा कि वह स्कूलों एवं कॉलेजों में जाकर भी विज्ञान और ब्रह्मांड की जानकारी देंगे, ताकि बच्चों में इस क्षेत्र में आने की इच्छा बने। इस दौरान कुलसचिव रवींद्र कुमार, वैज्ञानिक डॉ. शशिभूषण पांडे भी मौजूद थे।
सूर्य की हर गतिविधि की जानकारी देगा सोलर मिशन आदित्य
प्रो. बनर्जी ने कहा कि सूर्य के बारे में जानकारी लेने और उसके अध्ययन के लिए बहुत जल्द मिशन आदित्य शुरू किया जाएगा। यह मिशन नासा के पार्कर सोलर प्रोब के समान होगा। मिशन के लिए उच्चस्तरीय उपकरण एवं तकनीक विकसित की जा रही है, दो सालों में इसे लांच कर दिया जाएगा। इसके निर्माण से सूर्य की आंतरिक अभिक्रियाओं में उत्सर्जित होने वाली उष्मा और उर्जावान कणों से सेटेलाइटों को बचाने मदद मिलेगी। साथ ही धरती एवं सूर्य के बीच वायुमंडलीय जलवायु और मौसम की जानकारी इससे प्राप्त की जा सकेगी।
विज्ञापन
विज्ञापन
रविवार को एरीज के नवनियुक्त निदेशक प्रो.बनर्जी ने पत्रकार वार्ता में कहा कि नए शोध दुनिया के सामने पेश करना उनका पहला प्रयास रहेगा। विद्यार्थियों, शोधार्थियों एवं पर्यटकों के लिए जल्द ही मुक्तेश्वर के देवस्थल में विजिटर सेंटर बनाया जाएगा। इसमें विज्ञान एवं ब्रह्मांड से जुड़ी जानकारियां दी जाएंगी। एरीज में ब्रह्मांड को लेकर किए जाने वाले शोध में और विस्तार किया जाएगा। उन्होंने कहा कि वह स्कूलों एवं कॉलेजों में जाकर भी विज्ञान और ब्रह्मांड की जानकारी देंगे, ताकि बच्चों में इस क्षेत्र में आने की इच्छा बने। इस दौरान कुलसचिव रवींद्र कुमार, वैज्ञानिक डॉ. शशिभूषण पांडे भी मौजूद थे।
विज्ञापन
सूर्य की हर गतिविधि की जानकारी देगा सोलर मिशन आदित्य
प्रो. बनर्जी ने कहा कि सूर्य के बारे में जानकारी लेने और उसके अध्ययन के लिए बहुत जल्द मिशन आदित्य शुरू किया जाएगा। यह मिशन नासा के पार्कर सोलर प्रोब के समान होगा। मिशन के लिए उच्चस्तरीय उपकरण एवं तकनीक विकसित की जा रही है, दो सालों में इसे लांच कर दिया जाएगा। इसके निर्माण से सूर्य की आंतरिक अभिक्रियाओं में उत्सर्जित होने वाली उष्मा और उर्जावान कणों से सेटेलाइटों को बचाने मदद मिलेगी। साथ ही धरती एवं सूर्य के बीच वायुमंडलीय जलवायु और मौसम की जानकारी इससे प्राप्त की जा सकेगी।
विज्ञापन