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आमे की डाई मा घुघुती ना बासा....
अमर उजाला ब्यूरो, नैनीताल
Updated Sun, 05 Jun 2016 12:34 AM IST
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नैनीताल में आडिशन
- फोटो : अमर उजाला
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देवभूमि उत्तराखंड की संस्कृति और भाषा को बढ़ावा देने के मकसद से पर्वतीय सांस्कृतिक संस्था और पुष्कर फाउंडेशन ने शनिवार को शैले हाल में उत्तराखंड सुर ताल संग्राम प्रतियोगिता का आयोजन किया। प्रतियोगिता में कुमाऊंनी और गढ़वाली गीतों के माध्यम से प्रतिभागियों ने अपनी प्रतिभा दिखाई।
प्रतियोगिता के नृत्य वर्ग में 22 और गायन वर्ग में 38 ने भाग लिया। गायन में अल्मोड़ा के नाजिम अली, भनोली दन्या की ममता आर्या और नैनीताल के कुलदीप लोहिया जबकि नृत्य में भवाली के अनिल कुमार, नैनीताल की श्रुति कोहली व अदिति चंद्रा का सेमीफाइनल के लिए चयन हुआ।
सेमीफाइनल दो और तीन जुलाई को देहरादून में होगा। प्रतिभागियों ने आम की डाई मा घुघुती ना बासा..., लाली हो लाली पधानी लाली..., कैले बाजे मुरली..., मेरी जन्म भूमि मेरो पहाड़ों..., जब-जब तेरी याद आली..., ओ बना ललिता... समेत कई गीतों पर नृत्य पेश कर कुमाऊंनी और गढ़वाली भाषा का प्रचार किया। निर्णायक लोक गायिका कल्पना चौहान, रोहित चौहान और बंटी शर्मा थे।
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इससे पहले गीत और नाटक प्रभाग के वरिष्ठ कलाकार अनिल घिल्डियाल, भाष्कर पांडे, पीसी जोशी, किरन डालाकोटी, राकेश रावत, अजय ग्याल, रोहित चौहान ने दीप जलाकर प्रतियोगिता का शुभारंभ किया। प्रतियोगिता को सफल बनाने में दिव्यंत साह, विकास साह, आकांक्षा रावत, मुकेश भंडारी ने सहयोग दिया। अंत में प्रतियोगिता के मुख्य संयोजक राजेंद्र चौहान ने सभी का आभार जताया।
प्रतियोगिता के नृत्य वर्ग में 22 और गायन वर्ग में 38 ने भाग लिया। गायन में अल्मोड़ा के नाजिम अली, भनोली दन्या की ममता आर्या और नैनीताल के कुलदीप लोहिया जबकि नृत्य में भवाली के अनिल कुमार, नैनीताल की श्रुति कोहली व अदिति चंद्रा का सेमीफाइनल के लिए चयन हुआ।
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सेमीफाइनल दो और तीन जुलाई को देहरादून में होगा। प्रतिभागियों ने आम की डाई मा घुघुती ना बासा..., लाली हो लाली पधानी लाली..., कैले बाजे मुरली..., मेरी जन्म भूमि मेरो पहाड़ों..., जब-जब तेरी याद आली..., ओ बना ललिता... समेत कई गीतों पर नृत्य पेश कर कुमाऊंनी और गढ़वाली भाषा का प्रचार किया। निर्णायक लोक गायिका कल्पना चौहान, रोहित चौहान और बंटी शर्मा थे।
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इससे पहले गीत और नाटक प्रभाग के वरिष्ठ कलाकार अनिल घिल्डियाल, भाष्कर पांडे, पीसी जोशी, किरन डालाकोटी, राकेश रावत, अजय ग्याल, रोहित चौहान ने दीप जलाकर प्रतियोगिता का शुभारंभ किया। प्रतियोगिता को सफल बनाने में दिव्यंत साह, विकास साह, आकांक्षा रावत, मुकेश भंडारी ने सहयोग दिया। अंत में प्रतियोगिता के मुख्य संयोजक राजेंद्र चौहान ने सभी का आभार जताया।