{"_id":"5c4e109cbdec223c5d7e2a18","slug":"81548619932-nainital-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"पंजीकृत श्रमिकों को मिलेगा योजनाओं का लाभ","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
पंजीकृत श्रमिकों को मिलेगा योजनाओं का लाभ
विज्ञापन
labour
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
रामनगर (नैनीताल)। श्रम विभाग की ओर से रविवार को नगरपालिका ऑडिटोरियम हॉल में पंजीकरण शिविर आयोजित किया गया। इसका शुभारंभ प्रदेश के श्रम मंत्री डॉ. हरक सिंह रावत ने किया। उन्होंने श्रमिकों से पंजीकरण का आह्वान किया।
श्रम मंत्री ने कहा कि कामगारों और मनरेगा श्रमिकों को श्रम विभाग में पंजीकरण कराना चाहिए। बढ़ई, प्लंबर, बिजली फिटिंग, भवन निर्माण सहित अन्य मजदूरों को श्रम विभाग से पंजीकरण प्रमाण पत्र लेना होगा। यह तीन साल तक मान्य होगा। इसके लिए श्रमिकों को 180 रुपये का शुल्क जमा करना होगा। पंजीकृत श्रमिकों को विभाग 15 दिनी निशुल्क प्रशिक्षण, किट, मानदेय देेगा। महिला श्रमिकों को भी दो माह का सिलाई, कढ़ाई, बुनाई, अचार, ब्यूटीशियन का प्रशिक्षण देकर पांच हजार रुपये का मानदेय भी दिया जाएगा। सामूहिक बीमा भी किया जाएगा, जिसमें दुर्घटना के दौरान हुई मृत्यु पर पांच लाख रुपये, सामान्य मृत्यु पर तीन लाख रुपये का मुआवजा परिजनों को दिया जाएगा। पंजीकृत श्रमिकों के बच्चों की पढ़ाई के लिए भी हर माह भत्ता दिया जाएगा और 60 साल के बाद उन्हें पेंशन भी दी जाएगी। यहां पर बहुत ही कम मजदूरों का पंजीकरण होने के कारण यह शिविर लगाया गया है। प्रदेश में 2.60 लाख, रामनगर में 1124 से अधिक श्रमिकों का पंजीकरण हो चुका है। उन्होंने कहा कि इसके साथ ही पंजीकरण श्रमिकों, उनके परिजनों का प्रमुख अस्पतालों में निशुल्क उपचार भी विभाग द्वारा ही कराया जाएगा। श्रम प्रवर्तन अधिकारी मीनाक्षी कांडपाल ने संचालन किया। इस दौरान सहायक श्रम आयुक्त दिनेश चंद्र बिष्ट, श्रम प्रवर्तन अधिकारी दिनेश कटियार, सत्यप्रकाश शर्मा, रितु डालाकोटी, राम सिंह जलाल, नरेंद्र शर्मा, मदन जोशी, अशोक गुप्ता, भावना भट्ट आदि थे।
श्रमिकों को दिया जाएगा निशुल्क प्रशिक्षण
श्रम मंत्री ने श्रमिकों से किया पंजीकरण का आह्वान
विज्ञापन
श्रम मंत्री ने कहा कि कामगारों और मनरेगा श्रमिकों को श्रम विभाग में पंजीकरण कराना चाहिए। बढ़ई, प्लंबर, बिजली फिटिंग, भवन निर्माण सहित अन्य मजदूरों को श्रम विभाग से पंजीकरण प्रमाण पत्र लेना होगा। यह तीन साल तक मान्य होगा। इसके लिए श्रमिकों को 180 रुपये का शुल्क जमा करना होगा। पंजीकृत श्रमिकों को विभाग 15 दिनी निशुल्क प्रशिक्षण, किट, मानदेय देेगा। महिला श्रमिकों को भी दो माह का सिलाई, कढ़ाई, बुनाई, अचार, ब्यूटीशियन का प्रशिक्षण देकर पांच हजार रुपये का मानदेय भी दिया जाएगा। सामूहिक बीमा भी किया जाएगा, जिसमें दुर्घटना के दौरान हुई मृत्यु पर पांच लाख रुपये, सामान्य मृत्यु पर तीन लाख रुपये का मुआवजा परिजनों को दिया जाएगा। पंजीकृत श्रमिकों के बच्चों की पढ़ाई के लिए भी हर माह भत्ता दिया जाएगा और 60 साल के बाद उन्हें पेंशन भी दी जाएगी। यहां पर बहुत ही कम मजदूरों का पंजीकरण होने के कारण यह शिविर लगाया गया है। प्रदेश में 2.60 लाख, रामनगर में 1124 से अधिक श्रमिकों का पंजीकरण हो चुका है। उन्होंने कहा कि इसके साथ ही पंजीकरण श्रमिकों, उनके परिजनों का प्रमुख अस्पतालों में निशुल्क उपचार भी विभाग द्वारा ही कराया जाएगा। श्रम प्रवर्तन अधिकारी मीनाक्षी कांडपाल ने संचालन किया। इस दौरान सहायक श्रम आयुक्त दिनेश चंद्र बिष्ट, श्रम प्रवर्तन अधिकारी दिनेश कटियार, सत्यप्रकाश शर्मा, रितु डालाकोटी, राम सिंह जलाल, नरेंद्र शर्मा, मदन जोशी, अशोक गुप्ता, भावना भट्ट आदि थे।
विज्ञापन
श्रमिकों को दिया जाएगा निशुल्क प्रशिक्षण
श्रम मंत्री ने श्रमिकों से किया पंजीकरण का आह्वान