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किशोरी से दुष्कर्म में 20 साल की सजा
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हल्द्वानी। किशोरी से दुष्कर्म के अभियुक्त को पॉक्सो कोर्ट ने 20 साल के सश्रम कारावास की सजा सुनाई। किशोरी अभियुक्त की पत्नी से ट्यूशन पढ़ने जाती थी।
गौलापार क्षेत्र निवासी अभियुक्त की पत्नी से उसके पड़ोस में रहने वाली 13 वर्षीय किशोरी ट्यूशन पढ़ती थी। इस वजह से किशोरी का उसके घर आना-जाना था। किशोरी कक्षा सात की छात्रा थी। 18 सितंबर 2020 को अभियुक्त ने इसका फायदा उठाकर एक लड़के से किशोरी को घर बुलाने भेजा। लड़के ने किशोरी से बोला कि उसे उसकी ट्यूशन वाली टीचर बुला रही हैं। किशोरी लड़के के साथ चली गई। किशोरी का आरोप था कि वहां ट्यूशन शिक्षक नहीं थी और अभियुक्त ने उसके साथ दुराचार किया। पीड़िता के परिजनों की शिकायत पर 19 सितंबर 2020 को मामले में मुकदमा दर्ज हुआ और उसके अगले दिन 20 सितंबर को उसे गिरफ्तार कर लिया गया।
पुलिस ने 7 नवंबर 2020 को आरोप पत्र दाखिल किया। पीड़िता की ओर से एडीजीसी नवीन चंद्र जोशी ने अदालत में पैरवी की। शनिवार को इस मामले में अपर सत्र न्यायाधीश पॉक्सो नंदन सिंह राणा ने सजा सुनाते हुए अभियुक्त को 20 साल के सश्रम कारावास और 10 हजार के अर्थदंड की सजा सुनाई। साथ ही जिला विधिक प्राधिकरण की ओर से चार लाख का प्रतिकर पीड़िता को देने के आदेश दिए।
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गौलापार क्षेत्र निवासी अभियुक्त की पत्नी से उसके पड़ोस में रहने वाली 13 वर्षीय किशोरी ट्यूशन पढ़ती थी। इस वजह से किशोरी का उसके घर आना-जाना था। किशोरी कक्षा सात की छात्रा थी। 18 सितंबर 2020 को अभियुक्त ने इसका फायदा उठाकर एक लड़के से किशोरी को घर बुलाने भेजा। लड़के ने किशोरी से बोला कि उसे उसकी ट्यूशन वाली टीचर बुला रही हैं। किशोरी लड़के के साथ चली गई। किशोरी का आरोप था कि वहां ट्यूशन शिक्षक नहीं थी और अभियुक्त ने उसके साथ दुराचार किया। पीड़िता के परिजनों की शिकायत पर 19 सितंबर 2020 को मामले में मुकदमा दर्ज हुआ और उसके अगले दिन 20 सितंबर को उसे गिरफ्तार कर लिया गया।
पुलिस ने 7 नवंबर 2020 को आरोप पत्र दाखिल किया। पीड़िता की ओर से एडीजीसी नवीन चंद्र जोशी ने अदालत में पैरवी की। शनिवार को इस मामले में अपर सत्र न्यायाधीश पॉक्सो नंदन सिंह राणा ने सजा सुनाते हुए अभियुक्त को 20 साल के सश्रम कारावास और 10 हजार के अर्थदंड की सजा सुनाई। साथ ही जिला विधिक प्राधिकरण की ओर से चार लाख का प्रतिकर पीड़िता को देने के आदेश दिए।
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