{"_id":"59b05caa4f1c1bf17f8b47c6","slug":"161504730282-nainital-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"हरिद्वार जिला पंचायत अध्यक्ष को झटका उच्च न्यायालय ने खारिज की याचिका","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
हरिद्वार जिला पंचायत अध्यक्ष को झटका उच्च न्यायालय ने खारिज की याचिका
Updated Thu, 07 Sep 2017 02:15 AM IST
विज्ञापन
कोर्ट
- फोटो : सांकेतिक चित्र
नैनीताल । उच्च न्यायालय ने हरिद्वार जिला पंचायत अध्यक्ष की वित्तीय व अन्य गड़बड़ियों की जांच को चुनौती देनी वाली याचिका खारिज कर दी है। न्यायालय के संज्ञान में आया कि जिला पंचायत अध्यक्ष की अनियमितताओं के आरोप को जिलाधिकारी हरिद्वार ने जांच में सही पाया है।
न्यायमूर्ति सुधांशु धूलिया की एकल पीठ के समक्ष मामले की सुनवाई हुई। हरिद्वार जिला पंचायत अध्यक्ष सविता ने उच्च न्यायालय में याचिका दायर कर स्वयं के खिलाफ शासन के स्तर से की गई जांच को चुनौती दी थी। पूर्व में सुनवाई के बाद न्यायालय ने इस प्रकरण पर रोक लगाने से इंकार करते हुए सरकार को जवाब दाखिल करने को कहा था। शासन ने हरिद्वार जिला पंचायत अध्यक्ष के खिलाफ दुकानों के आवंटन में मनमानी करने और सरकारी खजाने को नुकसान पहुंचाने की शिकायत पर जिलाधिकारी हरिद्वार से जांच रिपोर्ट मांगी थी। जिलाधिकारी ने जांच रिपोर्ट में बताया कि जिला पंचायत अध्यक्ष ने एक व्यक्ति को तीन से दस तक दुकानें आवंटित कर सरकारी खजाने को नुकसान पहुंचाया है।
विज्ञापन
न्यायमूर्ति सुधांशु धूलिया की एकल पीठ के समक्ष मामले की सुनवाई हुई। हरिद्वार जिला पंचायत अध्यक्ष सविता ने उच्च न्यायालय में याचिका दायर कर स्वयं के खिलाफ शासन के स्तर से की गई जांच को चुनौती दी थी। पूर्व में सुनवाई के बाद न्यायालय ने इस प्रकरण पर रोक लगाने से इंकार करते हुए सरकार को जवाब दाखिल करने को कहा था। शासन ने हरिद्वार जिला पंचायत अध्यक्ष के खिलाफ दुकानों के आवंटन में मनमानी करने और सरकारी खजाने को नुकसान पहुंचाने की शिकायत पर जिलाधिकारी हरिद्वार से जांच रिपोर्ट मांगी थी। जिलाधिकारी ने जांच रिपोर्ट में बताया कि जिला पंचायत अध्यक्ष ने एक व्यक्ति को तीन से दस तक दुकानें आवंटित कर सरकारी खजाने को नुकसान पहुंचाया है।
विज्ञापन