{"_id":"5b9016d6867a5501a1763aed","slug":"151536169686-nainital-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"रेजांग्ला मैदान के समीप मादा तेंदुए का शव मिला","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
रेजांग्ला मैदान के समीप मादा तेंदुए का शव मिला
Updated Wed, 05 Sep 2018 11:18 PM IST
विज्ञापन
रानीखेत (अल्मोड़ा)। रेजांग्ला मैदान के समीप मादा तेंदुए का शव मिलने से हड़कंप मच गया। शव सुबह छह बजे सड़क किनारे पड़ा हुआ था। बाद में वन विभाग की टीम मौके पर पहुंची और पंचनामा कर शव का पोस्टमार्टम कराया। शरीर में कहीं भी चोट के निशान नहीं हैं, अलबत्ता मौत कैसे हुई इसका खुलासा नहीं हो सका है। वन विभाग ने शव का निस्तारण कर दिया है।
रेजांग्ला मैदान के समीप 11-12 महीने की मादा तेंदुए का शव मार्निंग वाक करने वाले लोगों ने देखा, इसकी सूचना वन विभाग को दी गई। सुबह छह बजे विभाग की टीम मौके पर पहुंची। वन क्षेत्राधिकारी उमेश पांडे ने बताया कि तेंदुए की मौत रात्रि दो से तीन बजे के बीच में हुई थी, शव सड़क किनारे पड़ा हुआ था। विभाग ने पंचनामा भरकर शव का यहां गनियाद्योली वन रेंज कार्यालय के समीप पोस्टमार्टम कराया।
रेंजर के अनुसार तेंदुए के सभी अंग सुरक्षित थे। इधर पोस्टमार्टम करने के बाद पशु चिकित्साधिकारी डॉ. ममता यादव ने बताया कि शरीर में कहीं भी चोट के निशान नहीं थे। बीमारी से भी मौत होने का अंदेशा नहीं लग रहा है। तेंदुए का पेट भी भरा हुआ था, अलबत्ता बिसरा फोरेंसिक जांच के लिए देहरादून भेजा गया है। इसके बाद ही मौत के असल कारणों का पता लग सकेगा।
विज्ञापन
विज्ञापन
रेजांग्ला मैदान के समीप 11-12 महीने की मादा तेंदुए का शव मार्निंग वाक करने वाले लोगों ने देखा, इसकी सूचना वन विभाग को दी गई। सुबह छह बजे विभाग की टीम मौके पर पहुंची। वन क्षेत्राधिकारी उमेश पांडे ने बताया कि तेंदुए की मौत रात्रि दो से तीन बजे के बीच में हुई थी, शव सड़क किनारे पड़ा हुआ था। विभाग ने पंचनामा भरकर शव का यहां गनियाद्योली वन रेंज कार्यालय के समीप पोस्टमार्टम कराया।
विज्ञापन
रेंजर के अनुसार तेंदुए के सभी अंग सुरक्षित थे। इधर पोस्टमार्टम करने के बाद पशु चिकित्साधिकारी डॉ. ममता यादव ने बताया कि शरीर में कहीं भी चोट के निशान नहीं थे। बीमारी से भी मौत होने का अंदेशा नहीं लग रहा है। तेंदुए का पेट भी भरा हुआ था, अलबत्ता बिसरा फोरेंसिक जांच के लिए देहरादून भेजा गया है। इसके बाद ही मौत के असल कारणों का पता लग सकेगा।
विज्ञापन