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कॉर्बेट पार्क के बिजरानी रेंज में आपसी संघर्ष मे बाघिन मौत
Updated Fri, 01 Dec 2017 02:06 AM IST
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कॉर्बेट नेशनल पार्क बारिश के दिनों में बंद कर दिया जाता है।
- फोटो : अमरउजाला
रामनगर (नैनीताल)। कॉर्बेट नेशनल पार्क के बिजरानी रेंज में हुए आपसी संघर्ष में बाघिन की मौत हो गई। बाघिन का क्षत-विक्षत शव बिजरानी रेंज में पड़ा मिला।
गश्ती दल को बृहस्पतिवार सुबह 10 बजे फूलताल ब्लॉक आमडंडा बीट के कंपाट संख्या चार के भकार नाले के किनारे एक बाघिन मृत अवस्था में मिली। इसकी सूचना वनकर्मियों ने उच्चाधिकारियों को दी। बाघिन की उम्र करीब तीन वर्ष थी। शव के पिछले भाग का मांस दूसरे जानवर ने खा लिया था। बाघ के दांत, नाखून आदि अंग सुरक्षित पाए गए हैं। आसपास के क्षेत्र में कांबिंग की गई तो जंगल में दो बाघों के पंजों के निशान दिखाई दिए। घसीटे जाने के निशान भी मिले। वरिष्ठ पशु चिकित्सा अधिकारी रामनगर डॉॅ. योगेश अग्रवाल और पशु चिकित्सा अधिकारी छोई डॉ. किशोर कुमार ने शव की जांच की। इसमें बाघिन के सिर एवं गले में दांतों के गहरे घाव पाए गए। मृत्यु का कारण बाघों में आपसी संघर्ष बताया गया है। कार्बेट टाइगर रिजर्व के निदेशक सुरेंद्र सिंह मेहरा, वन संरक्षक पश्चिमी वृत्त डॉ. पराग मधुकर धकाते, पार्क के उपनिदेशक अमित वर्मा, रामनगर वन प्रभाग की डीएफओ नेहा वर्मा, पार्क वार्डन शिवराज चंद, रेंजर राजकुमार, विश्व प्रकृति निधि भारत के चंदन सिंह नेगी, हिमांशु सती, तनवीर अहमद आदि ने भी मौका मुआयना किया।
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गश्ती दल को बृहस्पतिवार सुबह 10 बजे फूलताल ब्लॉक आमडंडा बीट के कंपाट संख्या चार के भकार नाले के किनारे एक बाघिन मृत अवस्था में मिली। इसकी सूचना वनकर्मियों ने उच्चाधिकारियों को दी। बाघिन की उम्र करीब तीन वर्ष थी। शव के पिछले भाग का मांस दूसरे जानवर ने खा लिया था। बाघ के दांत, नाखून आदि अंग सुरक्षित पाए गए हैं। आसपास के क्षेत्र में कांबिंग की गई तो जंगल में दो बाघों के पंजों के निशान दिखाई दिए। घसीटे जाने के निशान भी मिले। वरिष्ठ पशु चिकित्सा अधिकारी रामनगर डॉॅ. योगेश अग्रवाल और पशु चिकित्सा अधिकारी छोई डॉ. किशोर कुमार ने शव की जांच की। इसमें बाघिन के सिर एवं गले में दांतों के गहरे घाव पाए गए। मृत्यु का कारण बाघों में आपसी संघर्ष बताया गया है। कार्बेट टाइगर रिजर्व के निदेशक सुरेंद्र सिंह मेहरा, वन संरक्षक पश्चिमी वृत्त डॉ. पराग मधुकर धकाते, पार्क के उपनिदेशक अमित वर्मा, रामनगर वन प्रभाग की डीएफओ नेहा वर्मा, पार्क वार्डन शिवराज चंद, रेंजर राजकुमार, विश्व प्रकृति निधि भारत के चंदन सिंह नेगी, हिमांशु सती, तनवीर अहमद आदि ने भी मौका मुआयना किया।