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याचिकाकर्ता की गिरफ्तारी पर लगाई रोक
Updated Sun, 06 Aug 2017 03:16 AM IST
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नैनीताल। उच्च न्यायालय ने फेस बुक में झबरेड़ा विधायक देशराज कर्णवाल के खिलाफ टिप्पणी के मामले में याचिकाकर्ता की गिरफ्तारी पर रोक लगा दी है। न्यायालय ने शिकायतकर्ता को नोटिस जारी करते हुए सरकार को तीन सप्ताह में जवाब दाखिल करने के निर्देश दिए हैं। न्यायालय ने याचिकाकर्ता को जांच में सहयोग करने के निर्देश दिये हैं।
न्यायमूर्ति सुधांशु धूलिया की एकल पीठ के समक्ष मामले की सुनवाई हुई। रुड़की जिला हरिद्वार निवासी आशु चौधरी ने उच्च न्यायालय में याचिका दायर कर अपनी गिरफ्तारी पर रोक लगाने और उसे निरस्त करने की मांग की थी। हरिद्वार निवासी अंशुल चौधरी ने झबरेडा थाने में 31 जुलाई को याचिकाकर्ता के खिलाफ प्रथम सूचना रिपेार्ट दर्ज कर आरोप लगाया था कि उसने झबरेड़ा विधायक देशराज कर्णवाल के खिलाफ फेसबुक में टिप्पणी की थी कि विधायक के कई मकान हैं, उसके पास कई गाड़ियां हैं , गनर है और वह पद का दुरुपयोग कर रहे हैं। इस प्रथम सूचना रिपोर्ट के खिलाफ याचिकाकर्ता ने उच्च न्यायालय में याचिका दायर कर अपनी गिरफ्तारी पर रोक लगाने की प्रार्थना की थी। पक्षों की सुनवाई के बाद उच्च न्यायालय की एकल पीठ ने याचिकाकर्ता की गिरफ्तारी पर रोक लगाते हुए उसे जांच में सहयोग करने के निर्देश दिए हैं। मामले की सुनवाई एक सितंबर को होगी।
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न्यायमूर्ति सुधांशु धूलिया की एकल पीठ के समक्ष मामले की सुनवाई हुई। रुड़की जिला हरिद्वार निवासी आशु चौधरी ने उच्च न्यायालय में याचिका दायर कर अपनी गिरफ्तारी पर रोक लगाने और उसे निरस्त करने की मांग की थी। हरिद्वार निवासी अंशुल चौधरी ने झबरेडा थाने में 31 जुलाई को याचिकाकर्ता के खिलाफ प्रथम सूचना रिपेार्ट दर्ज कर आरोप लगाया था कि उसने झबरेड़ा विधायक देशराज कर्णवाल के खिलाफ फेसबुक में टिप्पणी की थी कि विधायक के कई मकान हैं, उसके पास कई गाड़ियां हैं , गनर है और वह पद का दुरुपयोग कर रहे हैं। इस प्रथम सूचना रिपोर्ट के खिलाफ याचिकाकर्ता ने उच्च न्यायालय में याचिका दायर कर अपनी गिरफ्तारी पर रोक लगाने की प्रार्थना की थी। पक्षों की सुनवाई के बाद उच्च न्यायालय की एकल पीठ ने याचिकाकर्ता की गिरफ्तारी पर रोक लगाते हुए उसे जांच में सहयोग करने के निर्देश दिए हैं। मामले की सुनवाई एक सितंबर को होगी।
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