फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttarakhand ›   Nainital News ›   हल् द्वानी के तीन वार्ड में पीलिया

हल् द्वानी के तीन वार्ड में पीलिया

Wed, 21 Jun 2017 02:36 AM IST
Updated Wed, 21 Jun 2017 02:36 AM IST
विज्ञापन
हल्
द्वानी के तीन वार्ड में पीलिया
पीलिया की चपेट में हल्द्वानी के तीन वार्डों के लोग
विज्ञापन

हल्द्वानी। शहर के सुभाष नगर, जवाहर नगर और राजपुरा वार्ड (एक हिस्से) में पीलिया से लोग परेशान हैं। किसी परिवार में तीन, किसी में चार तो किसी में छह लोग पीलिया से ग्रस्त हैं। स्थिति यह है कि कुछ मरीजों की जांच रिपोर्ट में बिलुरुबिन काउंट की संख्या 13.9 तक आई है। न तो प्रशासन खबर ले रहा है न ही स्वास्थ्य विभाग, नगर निगम और जल संस्थान के अफसर सुध लेने की जरूरत समझ रहे हैं।
एक हफ्ते पहले अमर उजाला ने शहर के तीन वार्डों में पीलिया फैलने की खबर को प्रमुखता से प्रकाशित किया था। बावजूद इसके प्रशासनिक अमला नहीं चेता और खबर को तवज्जो तक नहीं दी। मंगलवार को अमर उजाला की टीम तीनों वार्डों में बारी-बारी से पहुंची। छह घंटे तक टीम क्षेत्र में रही और करीब सौ परिवार ऐसे मिले जो पीलिया रोग से ग्रस्त हैं। शहर के विभिन्न पैथोलॉजी में हुई खून की जांच की रिपोर्ट से स्पष्ट है कि लोग पीलिया से ग्रस्त हैं। शहर के अलग-अलग डॉक्टरों के यहां इन लोगों का इलाज चल रहा है। सुभाष नगर शहर का पॉश इलाका माना जाता है बावजूद इसके दो परिवारों में चार-चार लोग पीलिया की चपेट में हैं। एक दिव्यांग बच्चा भी पीलिया की चपेट में है। जवाहर नगर में चंद्रपाल सिंह तोमर के परिवार के छह लोग पीलिया से ग्रस्त मिले। लोगों में जलसंस्थान के अधिकारियों की कार्यशैली को लेकर गुस्सा है। इन लोगों का कहना है कि जलसंस्थान के अधिकारियों ने बिना पानी की जांच कराए ही कह दिया कि पानी ठीक है। प्रशासन, नगर निगम, स्वास्थ्य और जल संस्थान के अधिकारी सुनने को तैयार नहीं है। हालात ये है कि पीला, मटमैला और बदबूदार पानी की सप्लाई जारी है।
विज्ञापन


मेरे संज्ञान में मामला नहीं था। मैं देहरादून में हूं। अधिकारियों को निर्देश दूंगा कि पानी की जांच करें और तत्काल सुधार करें। लापरवाही करने वाले अधिकारियों और कर्मचारियों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।
विज्ञापन
विज्ञापन

दीपेंद्र कुमार चौधरी, जिलाधिकारी, नैनीताल

जल संस्थान के अधिकारी कुर्सी पर बैठकर बयानबाजी न करें और फील्ड में जाकर देखें कि लोगों को कैसा पानी मिल रहा है। अधिकारियों ने अगर अपनी कार्यशैली में सुधार नहीं किया तो सख्त कार्रवाई होगी।
एसके गुप्ता, मुख्य महाप्रबंधक, जलसंस्थान

जिला संक्रामक रोग विश्लेषक ने नमूने लिए थे और सही आए थे। बुधवार को टीम प्रभावित क्षेत्रों में भेजी जाएगी और पानी की जांच कराई जाएगी। जांच रिपोर्ट आने के बाद ही कुछ बता पाएंगे।

डॉ. तुहिन कुमार, नगर स्वास्थ्य अधिकारी, नगर निगम

पानी में सिर्फ पीएच, क्लोरीन और एचटूएस की जांच करने की सुविधा है। हरिद्वार में एक लैब है और वहां जांच कराने के एवज में शुल्क देना पड़ता है। पीलिया से प्रभावित मरीज सुशीला तिवारी में पीलिया के प्रकार की निशुल्क जांच करा सकते हैं। जांच के बाद पता चल जाएगा कि पीलिया पानी के कारण हुआ है या खाद्य पदार्थ के कारण।
नंदन कांडपाल, जिला संक्रामक रोग विश्लेषक, नैनीताल
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed