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उतराखंड की बेटी क्षितिजा ने किया दिल्ली विश्वविद्यालय टॉप
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कोटद्वार। उत्तराखंड की बेटी क्षितिजा मोहन ध्यानी ने एमएससी जंतुविज्ञान में किरोड़ीमल कालेज, दिल्ली विश्वविद्यालय में टॉप किया है। क्षितिजा ने 77 प्रतिशत अंक प्राप्त कर गोल्ड मेडल हासिल किया । क्षितिजा को किरोड़ीमल कालेज के वार्षिक सम्मान समारोह में गोल्ड मेडल और प्रशस्तिपत्र से सम्मानित किया गया।
कोटद्वार के पदमपुर निवासी शिक्षक राकेश मोहन ध्यानी और शिक्षिका बबीता ध्यानी की बेटी क्षितिजा की प्राथमिक शिक्षा सेंट जोसफ कांवेट स्कूल और माध्यमिक शिक्षा बाल भारती स्कूल और गुरुरामराय इंटर कालेज कोटद्वार से हुई। इसके बाद उसने वर्ष 2016 में दिल्ली विश्वविद्यालय से बीएससी ऑनर्स में टॉप किया। वर्ष 2018 में उसने एमएससी जंतुविज्ञान में किरोड़ीमल कॉलेज दिल्ली विश्व विद्यालय में टॉप किया। 26 अप्रैल को आयोजित सम्मान समारोह में क्षतिजा को गोल्ड मेडल दिया गया।
अनेक राष्ट्रीय पुरस्कारों से सम्मानित क्षितिजा ने यूजीसी के जूनियर रिसर्च फेलोशिप परीक्षा में 60 वीं रैंक प्राप्त किया। वर्तमान में वह देश के सर्वश्रेष्ठ संस्थान भारतीय विज्ञान संस्थान बंगलूरू में डीएनए पर रिसर्च कर रही है। अमर उजाला से फोन पर हुई वार्ता में क्षितिजा ने अपनी सफलता का श्रेय अपने माता पिता और गुुरुजनों को दिया है।
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कोटद्वार के पदमपुर निवासी शिक्षक राकेश मोहन ध्यानी और शिक्षिका बबीता ध्यानी की बेटी क्षितिजा की प्राथमिक शिक्षा सेंट जोसफ कांवेट स्कूल और माध्यमिक शिक्षा बाल भारती स्कूल और गुरुरामराय इंटर कालेज कोटद्वार से हुई। इसके बाद उसने वर्ष 2016 में दिल्ली विश्वविद्यालय से बीएससी ऑनर्स में टॉप किया। वर्ष 2018 में उसने एमएससी जंतुविज्ञान में किरोड़ीमल कॉलेज दिल्ली विश्व विद्यालय में टॉप किया। 26 अप्रैल को आयोजित सम्मान समारोह में क्षतिजा को गोल्ड मेडल दिया गया।
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अनेक राष्ट्रीय पुरस्कारों से सम्मानित क्षितिजा ने यूजीसी के जूनियर रिसर्च फेलोशिप परीक्षा में 60 वीं रैंक प्राप्त किया। वर्तमान में वह देश के सर्वश्रेष्ठ संस्थान भारतीय विज्ञान संस्थान बंगलूरू में डीएनए पर रिसर्च कर रही है। अमर उजाला से फोन पर हुई वार्ता में क्षितिजा ने अपनी सफलता का श्रेय अपने माता पिता और गुुरुजनों को दिया है।
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