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बिना रूट डाइवर्ट किए ही राष्ट्रीय राजमार्ग पर काट डाले पेड़
Updated Thu, 26 Apr 2018 10:48 PM IST
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कोटद्वार। राष्ट्रीय राजमार्ग विभाग की लापरवाही से लोग तीन घंटे तक परेशान रहे। मार्ग पर बिना रूट डायवर्ट किए ही पेड़ काटे जाने के चलते दूूरदराज के पर्वतीय क्षेत्रों को जाने वाले यात्रियों को परेशानी का सामना करना पड़ा।
इन दिनों कोटद्वार शहर के अंतर्गत राष्ट्रीय राजमार्ग पर खड़े करीब 30 पेड़ों का कटान चल रहा है। बृहस्पतिवार को विभागीय लापरवाही का आलम यह है कि बिना रूट डायवर्ट किए सुबह साढ़े नौ बजे ऑफिस टाइम में पेड़ों का कटान शुरू हो गया। सरकारी अस्पताल के पास राष्ट्रीय राजमार्ग पर तीन घंटे तक पेड़ों को काटने का काम चलता रहा। इस दौरान मार्ग से गुजर रहे वाहनों की लाइन लगी रही। पर्वतीय क्षेत्र को जाने वाले यात्रियों को खासी परेशानी का सामना करना पड़ा। करीब एक घंटा मार्ग से पेड़ साफ होने का इंतजार कर आखिरकार लोगों ने वाहनों को बैक कर तहसील तिराहे से कालाबड़ मार्ग के रास्ते टाटा मोटर्स के पास राष्ट्रीय राजमार्ग पर निकाला।
पेड़ काटने के कारण फंसे यात्री मोहन उप्रेती, संतोष डुकलान, राजेश्वर प्रसाद कोटनाला व रजनी नेेगी ने राष्ट्रीय राजमार्ग विभाग पर जनता को परेशान करने का आरोप लगाया। कहा कि सड़क पर यह काम रविवार अथवा किसी छुट्टी के दिन हो सकता था। पुलिस की मदद लेकर पहले ही रूट डायवर्ट कर दिया होता तो उनको एक घंटे तक मार्ग खुलने का इंतजार नहीं करना पड़ता और उन्हें पौड़ी पहुंचने में देरी नहीं होती।
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उधर, राष्ट्रीय राजमार्ग विभाग के जेई अरविंद जोशी ने कहा कि प्रशासन से पेड़ काटने की चार दिन की इजाजत मिली है। आगे से रूट डायवर्ट करने के बाद ही पेड़ों की कटाई का काम किया जाएगा।
-फोटो
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इन दिनों कोटद्वार शहर के अंतर्गत राष्ट्रीय राजमार्ग पर खड़े करीब 30 पेड़ों का कटान चल रहा है। बृहस्पतिवार को विभागीय लापरवाही का आलम यह है कि बिना रूट डायवर्ट किए सुबह साढ़े नौ बजे ऑफिस टाइम में पेड़ों का कटान शुरू हो गया। सरकारी अस्पताल के पास राष्ट्रीय राजमार्ग पर तीन घंटे तक पेड़ों को काटने का काम चलता रहा। इस दौरान मार्ग से गुजर रहे वाहनों की लाइन लगी रही। पर्वतीय क्षेत्र को जाने वाले यात्रियों को खासी परेशानी का सामना करना पड़ा। करीब एक घंटा मार्ग से पेड़ साफ होने का इंतजार कर आखिरकार लोगों ने वाहनों को बैक कर तहसील तिराहे से कालाबड़ मार्ग के रास्ते टाटा मोटर्स के पास राष्ट्रीय राजमार्ग पर निकाला।
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पेड़ काटने के कारण फंसे यात्री मोहन उप्रेती, संतोष डुकलान, राजेश्वर प्रसाद कोटनाला व रजनी नेेगी ने राष्ट्रीय राजमार्ग विभाग पर जनता को परेशान करने का आरोप लगाया। कहा कि सड़क पर यह काम रविवार अथवा किसी छुट्टी के दिन हो सकता था। पुलिस की मदद लेकर पहले ही रूट डायवर्ट कर दिया होता तो उनको एक घंटे तक मार्ग खुलने का इंतजार नहीं करना पड़ता और उन्हें पौड़ी पहुंचने में देरी नहीं होती।
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उधर, राष्ट्रीय राजमार्ग विभाग के जेई अरविंद जोशी ने कहा कि प्रशासन से पेड़ काटने की चार दिन की इजाजत मिली है। आगे से रूट डायवर्ट करने के बाद ही पेड़ों की कटाई का काम किया जाएगा।
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