फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttarakhand ›   Kotdwar News ›   कैंट की दुकानों के बेदखली के आदेश को अदालत ने किया खारिज

कैंट की दुकानों के बेदखली के आदेश को अदालत ने किया खारिज

Sat, 02 Jun 2018 10:31 PM IST
Updated Sat, 02 Jun 2018 10:31 PM IST
विज्ञापन
कैंट की दुकानों के बेदखली के आदेश को अदालत ने किया खारिज
लैंसडौन। छावनी परिषद की ओर से दुकानदारों को जारी बेदखली के आदेश को जिला अदालत ने खारिज कर दिया है। अदालत के आदेश से प्रभावित दुकानदारों ने चैन की सांस ली है।
विज्ञापन

कैंट बोर्ड ने अपने स्वामित्व वाली 44 दुकानों के 29 आवंटन धारकों को सार्वजनिक संपत्ति अधिनियम पर अवैध कब्जा मानते हुए इन दुकानों को खाली कराने के लिए 26 फरवरी को आदेश दिए थे। पीड़ित दुकानदारों ने इस आदेश के खिलाफ जिला जज एवं सत्र न्यायालय पौड़ी में प्रार्थनापत्र दाखिल कर चुनौती दी थी। अदालत ने इस मामले की सुनवाई करते हुए अपने आदेश में रक्षा संपदा अधिकारी/मुख्य अधिशासी अधिकारी द्वारा दिए गए बेदखली के आदेश को खारिज कर दिया है। अदालत के इस निर्णय से प्रभावित दुकानदारों को राहत मिली है। बचाव पक्ष के अधिवक्ता पवन बंसल ने बताया कि अदालत ने बचाव पक्ष की इस अपील को माना कि रक्षा संपदा अधिकारी/मुख्य अधिशासी अधिकारी ने इस मामले में निर्धारित संवैधानिक प्रक्रियाओं का पालन नहीं किया है।
विज्ञापन

कैंट की उपाध्यक्ष इंद्रा रावत ने अदालत के निर्णय का स्वागत किया। उन्होंने कहा कि पूर्व में बोर्ड के सभी निर्वाचित सदस्यों ने इन दुकानों की नीलामी का विरोध किया था। व्यापारी खेमचंद बौंठियाल ने कहा कि दुकानों की बेदखली से वर्षों से आजीविका चला रहे दुकानदारों के सामने रोजगार का संकट खड़ा होने के आसार बन गए थे।
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed