फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttarakhand ›   Kotdwar News ›   गुड टच, बैड टच का फर्क समझें छात्राएं, जागरूक रहे

गुड टच, बैड टच का फर्क समझें छात्राएं, जागरूक रहे

Fri, 26 Apr 2019 10:47 PM IST
Dehradun Bureau देहरादून ब्यूरो
Updated Fri, 26 Apr 2019 10:47 PM IST
विज्ञापन
गुड टच, बैड टच का फर्क समझें छात्राएं, जागरूक रहे
कोटद्वार। अमर उजाला अपराजिता 100 मिलियन स्माइल्स कार्यक्रम के तहत एसजीआरआर पब्लिक स्कूल पदमपुर में बाल अपराध एवं महिला हिंसा के प्रति जागरूकता गोष्ठी का आयोजन किया गया। इसमें छात्राओं को समाज में बढ़ते अपराधों के प्रति जागरूक किया गया। वक्ताओं ने कहा कि छात्राएं गुड टच, बैड टच का फर्क जरूर समझें और इसके प्रति जागरूक रहें। इस मौके पर छात्राओं को पुलिस थाने और हेल्प लाइन के नंबर नोट कराए गए।
विज्ञापन

एसजीआरआर पब्लिक स्कूल के प्रधानाचार्य गणेश बिडालिया ने महिलाओं के सशक्तीकरण पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि बेटियां और महिलाएं आज के युग में पुरुषों के साथ कंधे से कंधा मिलाकर काम कर रही हैं। बेटों को पछाड़कर वे देश के बड़े पदों पर तैनात हैं, लेकिन आज बेटियां चाहे, अनचाहे अपराधों का शिकार हो रही हैं। बेटियां जागरूकता के अभाव और कानून की जानकारी न होने पर किसी को आपबीती नहीं कह पातीं, लेकिन उनको अब डरने की जरूरत नहीं, बल्कि डटकर मुकाबला करने की जरूरत है। समाजसेवी और पूर्व पुलिस अधिकारी गोविंद डंडरियाल ने कहा कि अराजक तत्वों के लिए महिला अपराध को अंजाम देने के लिए छात्राएं सॉफ्ट तारगेट होती हैं, इसलिए छात्राओं को सर्तक रहने की आवश्यकता है। पुलिस उपनिरीक्षक संदीप शर्मा और भावना भट्ट ने छात्राओं को कानून की जानकारी दी।
विज्ञापन


छात्राओं ने अपराध के खिलाफ आवाज उठाने की ली शपथ
कोटद्वार। अपराजिता कार्यक्रम में प्रतिभाग करने वाली छात्राओं और शिक्षकों ने बाल अपराध के प्रति आवाज बुलंद करने की शपथ ली। साथ ही छात्राओं और शिक्षकों ने संकल्प पत्र भी भरे। कार्यक्रम में शिक्षिका सुनीता अंथवाल, अनुसूया वर्मा, माधुरी बडोला, तरूका रॉय, कुसुम कुकरेती, अनूप बड़थ्वाल, संतोष पंत, छात्रा वैष्णवी रावत, आंचल भारद्वाज, प्रीति रावत, साक्षी भंडारी, सलोनी रावत, मीनाक्षी रावत, मिताली पटवाल, शिवानी बिष्ट, रिया भट्ट, कनिष्का बिष्ट, हिमांशी बिष्ट व दीप्ति कंडवाल समेत 324 प्रतिभागी शामिल रहे।
विज्ञापन
विज्ञापन


अपराजिता कार्यक्रम में छात्राओं को दिए टिप्स
छात्राओं को शिक्षा के साथ कानूनी जानकारी भी होनी चाहिए, छात्राओं को सशक्त बनना होगा, जिससे वे स्वयं अपनी परेशानियों को दूर कर सकें। छात्राएं जागरूक होंगी, तभी सही मायने में अपराजिता बन सकेंगी।
- संदीप शर्मा, प्रभारी कलालघाटी पुलिस चौकी।

छात्राएं किसी के बहकावे में न आएं। प्रत्येक घटना अपनी मां से जरूर शेयर करें। यदि किसी छात्रा के साथ छेड़छाड़ होती है तो वह उसका विरोध करे। पुलिस को इसकी सूचना अवश्य दे।

- भावना भट्ट, एसआई कोटद्वार।

छात्राएं किसी भी घटनाक्रम को अपने अभिभावकों को अवश्य बताएं। अभिभावकों की भी जिम्मेवारी है कि वे अपने बच्चों के स्कूल आने जाने तक की दिनचर्या जरूर पूछें।
- बीना वशिष्ठ, शिक्षिका।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed