{"_id":"5a7498c64f1c1b8d268b7e64","slug":"131517590726-kotdwar-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"दो साल से शहीदों के परिजन लगा रहे गुहार, नहीं मिल रहा पानी","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
दो साल से शहीदों के परिजन लगा रहे गुहार, नहीं मिल रहा पानी
Updated Fri, 02 Feb 2018 10:28 PM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
कोटद्वार। शहीदों के परिजनों को सुविधाएं देने के शासन-प्रशासन के दावे हवा हवाई साबित हो रहे हैं। रिखणीखाल ब्लाक के वर्मा और चाइना युद्ध के शहीदों के गांव जुकणिया में उनके परिजन पिछले दो वर्ष से पानी के लिए शासन-प्रशासन से गुहार लगा रहे हैं, लेकिन उनकी पेयजल किल्लत की समस्या का समाधान नहीं हो रहा है। लोग पिछले दो वर्ष से गांव से करीब दो किलोमीटर दूूर तल्ला पाणी गदेरा से पानी ढो रहे हैं।
करीब 40 वर्ष पूर्व गांव के शहीद चिंतामणी देवरानी और शहीद गंगा राम के परिजनों की मांग पर गांव के लिए क्षेत्र के गाड़ाधार स्रोत से एकल गांव पेयजल योजना बनाई गई थी, लेकिन विभाग की देखरेख के अभाव में पाइप लाइन जर्जर होती गई। पिछले दो वर्ष से पेयजल लाइन पूरी तरह से क्षतिग्रस्त हो चुकी है। इसके कारण गांव के स्टैंड पोस्ट सूूखे हुए हैं।
ग्राम प्रधान हेमा देवरानी ने प्रशासन पर ग्राम पंचायत की उपेक्षा का आरोप लगाया। कहा कि पिछले दो वर्ष से गांव में पानी की बूंद नहीं टपकी। इसके कारण ग्राम पंचायत की 70 लोगों की आबादी पानी के लिए तरस रही है। लोग दो किमी दूर तल्ला पाणी गदेरे से पीने के लिए पानी ढो रहे हैं। पालतू जानवरों के लिए पानी नहीं होने से ग्रामीणों को अनेक परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। कई बार बीडीसी बैठक में मामला उठाया गया है, अधिकारियों को इसकी लिखित और मौखिक शिकायत की गई, लेकिन ग्रामीणों की समस्या के समाधान के लिए कोई गंभीर नहीं है।
विज्ञापन
उधर, रिखणीखाल के बीडीओ अमर सिंह ने बताया कि यह योजना ग्राम पंचायत को हस्तांतरित की गई है। इसके लिए राज्य वित्त से बजट स्वीकृत होता है और ग्राम पंचायत ही पाइप लाइन की मरम्मत करती है। इसके लिए ग्राम प्रधान और क्षेत्र पंचायत सदस्यों से वार्ता की जाएगी।
-फोटो
विज्ञापन
करीब 40 वर्ष पूर्व गांव के शहीद चिंतामणी देवरानी और शहीद गंगा राम के परिजनों की मांग पर गांव के लिए क्षेत्र के गाड़ाधार स्रोत से एकल गांव पेयजल योजना बनाई गई थी, लेकिन विभाग की देखरेख के अभाव में पाइप लाइन जर्जर होती गई। पिछले दो वर्ष से पेयजल लाइन पूरी तरह से क्षतिग्रस्त हो चुकी है। इसके कारण गांव के स्टैंड पोस्ट सूूखे हुए हैं।
विज्ञापन
ग्राम प्रधान हेमा देवरानी ने प्रशासन पर ग्राम पंचायत की उपेक्षा का आरोप लगाया। कहा कि पिछले दो वर्ष से गांव में पानी की बूंद नहीं टपकी। इसके कारण ग्राम पंचायत की 70 लोगों की आबादी पानी के लिए तरस रही है। लोग दो किमी दूर तल्ला पाणी गदेरे से पीने के लिए पानी ढो रहे हैं। पालतू जानवरों के लिए पानी नहीं होने से ग्रामीणों को अनेक परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। कई बार बीडीसी बैठक में मामला उठाया गया है, अधिकारियों को इसकी लिखित और मौखिक शिकायत की गई, लेकिन ग्रामीणों की समस्या के समाधान के लिए कोई गंभीर नहीं है।
विज्ञापन
उधर, रिखणीखाल के बीडीओ अमर सिंह ने बताया कि यह योजना ग्राम पंचायत को हस्तांतरित की गई है। इसके लिए राज्य वित्त से बजट स्वीकृत होता है और ग्राम पंचायत ही पाइप लाइन की मरम्मत करती है। इसके लिए ग्राम प्रधान और क्षेत्र पंचायत सदस्यों से वार्ता की जाएगी।
-फोटो