फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttarakhand ›   Haridwar News ›   National workshop on applicability of Hindi completed in the country

देसंविवि में हिन्दी की प्रयोजनीयता विषय राष्ट्रीय कार्यशाला सम्पन्न

Tue, 25 Feb 2020 11:30 PM IST
Dehradun Bureau देहरादून ब्यूरो
Updated Tue, 25 Feb 2020 11:30 PM IST
विज्ञापन
National workshop on applicability of Hindi completed in the country
प्रतीकात्मक तस्वीर
हरिद्वार। केंद्रीय हिंदी निदेशालय और देव संस्कृति विश्वविद्यालय के संयुक्त तत्वावधान में हिंदी भाषा की प्रयोजनीयता विषय पर दो दिवसीय राष्ट्रीय कार्यशाला और छात्र अध्ययन यात्रा का आयोजन का समापन हो गया। कार्यशाला का शुभारंभ दीप प्रज्वलन और कुलगीत से हुआ।
विज्ञापन

मुख्य अतिथि गांधारी पांगती ने कहा कि हिन्दी भाषा के प्रचार.प्रसार के लिए भारत सरकार द्वारा भाषा पत्रिका पत्राचार के माध्यम से पढ़ाई, पुरस्कार योजना, शिक्षा पुरस्कार, प्रधानाध्यापक कार्यशाला, राष्ट्रीय संगोष्ठी, पीएचडी छात्रों के लिए अनुदान आदि कार्यक्रम संचालित किए जा रहे हैं। हिन्दी भाषा की प्रयोजनीयता विषय पर विस्तृत जानकारी दी।
विज्ञापन

विवि के कुलपति शरद पारधी ने कहा कि भाषा का उद्देश्य आपसी समझ को बढ़ावा देना है। नवजात शिशु भाषा से अपरिचित होते हुए भी अपनी मां से संबंध स्थापित कर लेता है। कुलपति ने कहा कि यदि हमें हिंदी की प्रयोजनीयता को समझना है तो हमें अपनी भूमिका तय करनी होगी। हिन्दी भाषा को माध्यम बनाकर विकास की नई परिभाषा गढ़नी चाहिए।
विज्ञापन
विज्ञापन

देसंविवि के स्कूल डीन डॉ सुरेश वर्णवाल ने कहा कि हिंदी एकमात्र भाषा है जो विश्व को जोड़ने में सक्षम है। हिंदी, मन और बुद्धि के साथ-साथ हृदय को भी जोड़ती है। हिंदी हमारी आवश्यकता नहीं अपितु सभी भाषाओं को एक सूत्र में पिरोने वाली श्रेष्ठ भाषा है। अपनी भाषा को विज्ञान और तकनीक के क्षेत्र में इतना सशक्त बनाएं कि संपूर्ण समाज और देश विकास के पथ पर अग्रसर हो। हिंदी विभागाध्यक्ष डॉ नरेंद्र प्रताप सिंह ने बताया कि जनमाध्यम ही प्रयोजनीयता का आधार है। हिंदी भाषा के आधार पर हम रोजगार प्राप्त कर सकते हैं। दो दिन चले इस राष्ट्रीय संगोष्ठी में हिंदी को जन-जन की भाषा बनाने एवं इसकी व्यापकता पर गहन मंथन किया गया। कार्यशाला के दौरान केंद्रीय हिंदी निदेशालय मानव संसाधन विकास मंत्रालय की ओर से प्रो. सुशील उपाध्याय तथा प्रो. सत्यप्रकाश शर्मा तथा महाराष्ट्र, कर्नाटक और असम से आए शिक्षक और विद्यार्थी मौजूद रहे।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed