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राष्ट्रीय सफाई कर्मचारी आयोग को दिया जाए संवैधानिक दर्जा
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अखिल भारतीय सफाई मजदूर कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष चरण सिंह के आह्वान पर हरिद्वार में भी यूनियन पदाधिकारियों ने डीएम के माध्यम से राष्ट्रपति एवं प्रधानमंत्री के नाम ज्ञापन भेजा। प्रदेश अध्यक्ष सुरेंद्र तेशवर एवं प्रदेश महामंत्री राजेंद्र श्रमिक ने कहा कि राष्ट्रीय सफाई कर्मचारी आयोग को पूर्व की भांति यथावत रखते हुए आयोग को सांविधानिक दर्जा देने और सफाई मजदूर ट्रेड यूनियन के पदाधिकारियों को ही आयोग में नामित करने की मांग की गई।
सुरेंद्र तेशवर ने कहा कि सफाई मजदूरों की समस्याओं का निराकरण के लिए अखिल भारतीय सफाई मजदूर कांग्रेस के राष्ट्रीय नेतृत्व में 1992 में करीब 10 लाख सफाई मजदूरों ने दिल्ली में प्रदर्शन किया था। संगठन के संघर्ष की बदौलत ही 1994 में तत्कालीन सरकार द्वारा राष्ट्रीय सफाई कर्मचारी आयोग का गठन किया गया। उन्होंने कहा कि वर्तमान सरकार राष्ट्रीय सफाई कर्मचारी आयोग को ही अनुसूचित जाति आयोग में मिलाकर समाप्त करने जा रही थी। राष्ट्रीय अध्यक्ष के विरोध के बाद केंद्र सरकार ने आयोग का कार्यकाल तीन साल के लिए बढ़ा दिया है। प्रदेश महामंत्री राजेंद्र श्रमिक ने कहा कि आयोग को पूर्व की भांति यथावत रखते हुए आयोग सांविधानिक दर्जा दिया जाए। ज्ञापन देने वालों में जिला प्रभारी आत्माराम बेनीवाल, शहर महामंत्री संजय पेवल, शहर उपाध्यक्ष गोपाल मोतीराम, प्रमोद, शहर अध्यक्ष नानक चंद पेवल समेत कई पदाधिकारी मौजूद रहे।
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सुरेंद्र तेशवर ने कहा कि सफाई मजदूरों की समस्याओं का निराकरण के लिए अखिल भारतीय सफाई मजदूर कांग्रेस के राष्ट्रीय नेतृत्व में 1992 में करीब 10 लाख सफाई मजदूरों ने दिल्ली में प्रदर्शन किया था। संगठन के संघर्ष की बदौलत ही 1994 में तत्कालीन सरकार द्वारा राष्ट्रीय सफाई कर्मचारी आयोग का गठन किया गया। उन्होंने कहा कि वर्तमान सरकार राष्ट्रीय सफाई कर्मचारी आयोग को ही अनुसूचित जाति आयोग में मिलाकर समाप्त करने जा रही थी। राष्ट्रीय अध्यक्ष के विरोध के बाद केंद्र सरकार ने आयोग का कार्यकाल तीन साल के लिए बढ़ा दिया है। प्रदेश महामंत्री राजेंद्र श्रमिक ने कहा कि आयोग को पूर्व की भांति यथावत रखते हुए आयोग सांविधानिक दर्जा दिया जाए। ज्ञापन देने वालों में जिला प्रभारी आत्माराम बेनीवाल, शहर महामंत्री संजय पेवल, शहर उपाध्यक्ष गोपाल मोतीराम, प्रमोद, शहर अध्यक्ष नानक चंद पेवल समेत कई पदाधिकारी मौजूद रहे।
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