{"_id":"6aeb29aef79f4a5c4f0e9eba","slug":"lakshmana-fainted-on-the-battlefield-haridwar-news-c-35-1-hrd1012-156304-2026-11-04","type":"story","status":"publish","title_hn":"Haridwar News: रणभूमि में मूर्छित हुए लक्ष्मण, बही आंसुओं की धार","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Haridwar News: रणभूमि में मूर्छित हुए लक्ष्मण, बही आंसुओं की धार
विज्ञापन
- श्री आदर्श रामलीला कमेटी के मंचन ने दर्शकों को किया भावविभोर
संवाद न्यूज एजेंसी
लालढांग। रसूलपुर श्री आदर्श रामलीला कमेटी की ओर से आयोजित रामलीला में लक्ष्मण शक्ति लीला का भावपूर्ण मंचन किया गया। मेघनाद के शक्ति बाण से लक्ष्मण के मूर्छित होकर रणभूमि में गिरने का दृश्य देखकर दर्शक भावुक हो उठे। वहीं, लक्ष्मण को मूर्छित देखकर प्रभु श्रीराम की व्याकुलता और उनके विलाप के प्रसंग ने दर्शकों को भावविभोर कर दिया।
कलाकारों ने श्रीराम और लक्ष्मण के बीच अटूट प्रेम और भाई के प्रति श्रीराम के स्नेह को अपने शानदार अभिनय से जीवंत कर दिया। लक्ष्मण को होश में लाने के लिए श्रीराम के प्रयासों का मंचन देखकर रामलीला प्रांगण में मौजूद दर्शक भावुक हो गए। इस दौरान पूरा पंडाल जय श्रीराम के उद्घोष से गूंज उठा।
कार्यक्रम में वक्ताओं ने कहा कि प्रभु श्रीराम के आदर्श, मर्यादा और त्याग पर आधारित रामलीला भारतीय संस्कृति और परंपराओं का जीवंत स्वरूप है। ऐसे धार्मिक आयोजन नई पीढ़ी को संस्कारों से जोड़ने के साथ ही प्राचीन सांस्कृतिक विरासत को संरक्षित करने का काम करते हैं। इस दौरान रामलीला कमेटी के अध्यक्ष कमलेश द्विवेदी, महानंद सिंह, बबलू सिंह, श्याम प्रसाद शर्मा, संदीप नेगी, रामकुमार, रूपचंद, विमलेश, अनुज डबराल आदि मौजूद रहे।
विज्ञापन
विज्ञापन
संवाद न्यूज एजेंसी
लालढांग। रसूलपुर श्री आदर्श रामलीला कमेटी की ओर से आयोजित रामलीला में लक्ष्मण शक्ति लीला का भावपूर्ण मंचन किया गया। मेघनाद के शक्ति बाण से लक्ष्मण के मूर्छित होकर रणभूमि में गिरने का दृश्य देखकर दर्शक भावुक हो उठे। वहीं, लक्ष्मण को मूर्छित देखकर प्रभु श्रीराम की व्याकुलता और उनके विलाप के प्रसंग ने दर्शकों को भावविभोर कर दिया।
कलाकारों ने श्रीराम और लक्ष्मण के बीच अटूट प्रेम और भाई के प्रति श्रीराम के स्नेह को अपने शानदार अभिनय से जीवंत कर दिया। लक्ष्मण को होश में लाने के लिए श्रीराम के प्रयासों का मंचन देखकर रामलीला प्रांगण में मौजूद दर्शक भावुक हो गए। इस दौरान पूरा पंडाल जय श्रीराम के उद्घोष से गूंज उठा।
विज्ञापन
कार्यक्रम में वक्ताओं ने कहा कि प्रभु श्रीराम के आदर्श, मर्यादा और त्याग पर आधारित रामलीला भारतीय संस्कृति और परंपराओं का जीवंत स्वरूप है। ऐसे धार्मिक आयोजन नई पीढ़ी को संस्कारों से जोड़ने के साथ ही प्राचीन सांस्कृतिक विरासत को संरक्षित करने का काम करते हैं। इस दौरान रामलीला कमेटी के अध्यक्ष कमलेश द्विवेदी, महानंद सिंह, बबलू सिंह, श्याम प्रसाद शर्मा, संदीप नेगी, रामकुमार, रूपचंद, विमलेश, अनुज डबराल आदि मौजूद रहे।
विज्ञापन