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प्रशासन के नाक के नीचे हो रहा है अवैध खनन
अमर उजाला ब्यूरो हरिद्वार
Updated Sat, 11 Feb 2017 10:56 PM IST
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शहरी क्षेत्र में प्रशासन के नाक के नीचे अवैध खनन धड़ल्ले से किया जा रहा है। अधिकारी चुनाव में व्यस्तता की बात कह कर पल्ला झाड़ रहे हैं।
सप्तसरोवर क्षेत्र में महाराजा अग्रसेन घाट के पास दोनों तरफ गंगा नदी में ट्रैक्टर-ट्राली ले जाने के लिए कच्ची रोड बनी हुई है। इससे शाम चार बजे के बाद रात तक और सुबह 10 बजे तक अवैध खनन पार किया जा रहा है। क्षेत्र में उत्तर प्रदेश सिंचाई विभाग की ओर से गंगा नदी के किनारे पत्थरों के वायरक्रेट बनाए जा रहे हैं। इस काम की आड़ में क्षेत्र के खनन माफिया योजनाबद्ध ढंग से गंगा नदी में जमा माल साफ कर रहे हैं। जिन स्थानों पर ट्रैक्टर-ट्राली गंगा नदी में नहीं पहुंच पा रही है,ं वहां घोड़ेेे-खच्चरों से पत्थर, रेत व बजरी निकलवा कर फिर ट्रैक्टर-ट्राली भरी जा रही हैं।
सप्तरोवर रोड के किनारे आश्रमों के सामने सिंचाई विभाग की खाली मेला भूमि पर अवैध खनन का भंडारण किया जा रहा है। सर्वानंद घाट से लेकर जयराम पुल तक गंगा की अविरल धारा में दिन दिन भर धोड़े, खच्चरों से खनन कराया जा रहा है। चंडी चौक के पास गंगा किनारे स्थित लक्कड़ बस्ती से चंडीघाट जाने के लिए घोड़ा बुग्गी वालों ने बंधा काटकर सड़क बना रखी है। अवैध खनन करने वालों ने चंडीघाट पुल के पिलरों को भी नंगा कर दिया है। बैरागी कैंप कनखल और दक्ष मंदिर के सामने भी गंगा नदी से अंधाधुंध खनन किया जा रहा है। अधिकारी चुनाव में व्यस्तता का जवाब देकर खनन माफियाओं की मदद कर रहे हैं।
सप्तसरोवर क्षेत्र में महाराजा अग्रसेन घाट के पास दोनों तरफ गंगा नदी में ट्रैक्टर-ट्राली ले जाने के लिए कच्ची रोड बनी हुई है। इससे शाम चार बजे के बाद रात तक और सुबह 10 बजे तक अवैध खनन पार किया जा रहा है। क्षेत्र में उत्तर प्रदेश सिंचाई विभाग की ओर से गंगा नदी के किनारे पत्थरों के वायरक्रेट बनाए जा रहे हैं। इस काम की आड़ में क्षेत्र के खनन माफिया योजनाबद्ध ढंग से गंगा नदी में जमा माल साफ कर रहे हैं। जिन स्थानों पर ट्रैक्टर-ट्राली गंगा नदी में नहीं पहुंच पा रही है,ं वहां घोड़ेेे-खच्चरों से पत्थर, रेत व बजरी निकलवा कर फिर ट्रैक्टर-ट्राली भरी जा रही हैं।
सप्तरोवर रोड के किनारे आश्रमों के सामने सिंचाई विभाग की खाली मेला भूमि पर अवैध खनन का भंडारण किया जा रहा है। सर्वानंद घाट से लेकर जयराम पुल तक गंगा की अविरल धारा में दिन दिन भर धोड़े, खच्चरों से खनन कराया जा रहा है। चंडी चौक के पास गंगा किनारे स्थित लक्कड़ बस्ती से चंडीघाट जाने के लिए घोड़ा बुग्गी वालों ने बंधा काटकर सड़क बना रखी है। अवैध खनन करने वालों ने चंडीघाट पुल के पिलरों को भी नंगा कर दिया है। बैरागी कैंप कनखल और दक्ष मंदिर के सामने भी गंगा नदी से अंधाधुंध खनन किया जा रहा है। अधिकारी चुनाव में व्यस्तता का जवाब देकर खनन माफियाओं की मदद कर रहे हैं।
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