फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttarakhand ›   Haridwar News ›   Death on the pillars of current lineman

करंट से लाइनमैन की खंभे पर मौत

Sun, 13 Mar 2016 11:48 PM IST
hridwar uttrakhanda india
hridwar uttrakhanda india Updated Sun, 13 Mar 2016 11:48 PM IST
विज्ञापन
Death on the pillars of current lineman
लाइनमैन की सात दिन पहले हुई थी शादी - फोटो : अमर उजाला

बहादराबाद (हरिद्वार)। शांतरशाह गांव में रविवार की सुबह करंट लगने से एक लाइनमैन की मौत हो गई। वह शटडाउन लेकर फाल्ट ठीक कर रहा था कि अचानक बिजली आ जाने से खंभे पर ही उसकी मौत हो गई।

विज्ञापन

जानकारी के अनुसार शांतरशाह और मूलदासपुर माजरा गांव की लाइन में फाल्ट आ गया था। रविवार को दोनों गांवों के लाइनमैनों ने शटडाउन लेकर अपनी-अपनी लाइन में काम करना शुरू कर दिया। बताया जा रहा है कि मूलदासपुर माजरा की लाइन में काम कर रहे लाइनमैन का काम पहले ही खत्म हो गया। उसने बिजली की सप्लाई सुचारु करा दी लेकिन शांतरशाह गांव में लाइनमैन काम कर रहा था। बिजली की सप्लाई शुरू होते ही संविदा कर्मी लाइनमैन निशु (23) पुत्र रामलाल करंट की चपेट में आ गया। खंभे पर ही उसकी मौत हो गई। यह खबर सुनते ही पूरे गांव में मातम छा गया। ग्रामीणों की सूचना पर पुलिस मौके पर पहुंची और युवक के शव को नीचे उतरवाया। परिजनों और  ग्रामीणों की युवक का पोस्टमार्टम नही कराने को लेकर भी पुलिस से नोकझोंक हुई। काफी समझाने पर ग्रामीण पोस्टमार्टम कराने के लिए तैयार हुए। थानाध्यक्ष प्रदीप बिष्ट ने बताया कि निशु की सात दिन पहले ही शादी हुई थी।
विज्ञापन


सात दिन में टूटा सात जन्म का रिश्ता
- न पड़ा था मेंहदी का फीका, न उतरा था सुहाग का लाल जोड़ा
अमर उजाला ब्यूरो
बहादराबाद । सात जन्म के रिश्ते की डोर महज सात दिन में ही टूट गई। अभी सुहाग का लाल जोड़ा उतरा भी नहीं था न ही हाथ में लगी शगुन की मेंहदी का रंग फीका पड़ा था। लेकिन जीवन साथी हमेशा हमेशा के लिए सात फेरे लेते वक्त किया हर वादा बीच में छोड़कर चला गया।
विज्ञापन
विज्ञापन

गांव शांतरशाह में मातम पसरा हुआ है। गरीब तबके से ताल्लुक रखने वाले सोनू की शादी की खुशी उसके हर परिचित को थी। चार साल पहले पिता को खो चुके सोनू की मां की भी तबियत ठीक नहीं रहती है और नौंवी कक्षा में पढ़ रहे छोटे भाई की जिम्मेदारी भी वह ही संभालता था। छह मार्च को ज्वालापुर की राजीव नगर कालोनी, आर्यनगर निवासी यशोदा से जब उसकी शादी हुई तब ग्रामीण काफी उत्साह से बारात में शामिल होने पहुंचे थे।
रविवार को जब सुहाग के उजड़ने की बात नवविवाहिता यशोदा के कानों में गूंजी तब उसके पैरों तले मानो जमीन ही खिसक गई। नई नवेली दुल्हन बुत बनकर ही रह गई, उसकी अश्रुधारा जब बही तब हर किसी का दिल पसीज गया।


काल कर रहा था इंतजार
बहादराबाद। अपनी शादी की खुशी से उबर भी नहीं पाए सोनू को जरा भी इल्म नहीं था कि काल उसका इंतजार कर रहा है। रविवार को उसके ससुराल पक्ष से लोग बेटी को लेने के लिए आए थे। वे उन्हीं की ही मेहमानदारी में जुटा हुआ था। पर, तभी बिजली का फाल्ट ठीक करने बहाने से काल ने उसे अपनी खींच लिया। चंद मिनट में लौटकर आने का वादा करके निकला सोनू फिर कभी नहीं लौटकर आएगा इसका किसी को दूर दूर तक आभास नहीं था।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed