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बालिका के अपहरण और यौनाचार में पांच साल की सजा
Updated Sat, 13 Oct 2018 12:56 AM IST
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ब्यूरो/अमर उजाला, रोशनाबाद
चार साल की बच्ची का अपहरण कर उस पर लैंगिक हमला करने के मामले में कोर्ट ने दोषी को पांच वर्ष के कठोर कारावास और बीस हजार रुपये के जुर्माने की सजा सुनाई।
शासकीय अधिवक्ता आदेश चौहान ने बताया कि पीड़िता के पिता ने थाना लक्सर में अपनी बेटी के अपहरण की रिपोर्ट दर्ज कराते हुए बताया कि 15 जुलाई 2017 को उसकी बेटी को दोपहर में आरोपी कलुआ पुत्र रामचंद्र निवासी किशनपुर मुंडा थाना बढ़ापुर जिला बिजनौर गलत नीयत से हाथ पकड़ कर जंगल में ले गया था। पता चलने पर गांव वालों ने उसे तलाश किया तो वह एक गन्ने के खेत में बालिका के साथ गलत हरकत करता हुआ पकड़ा गया था। पुलिस ने आरोपी कलुआ के खिलाफ अपहरण करने और पोक्सो एक्ट में मुकदमा दर्ज कर आरोपी को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया था।
न्यायालय में वादी पक्ष की ओर से दस गवाह पेश किए गए। दोनों पक्षों के साक्ष्यों पर गौर करने व बह सुनने के बाद विशेष न्यायाधीश पॉक्सो अर्चना सागर ने आरोपी कलुवा को दोषी पाते हुए 5 वर्ष के कठोर कारावास व 20 हजार रुपये के जुर्माने की सजा सुनाई। कोर्ट ने विधिक सेवा प्राधिकरण से भी पीड़िता को उचित मुआवजा दिलाने के आदेश दिए।
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चार साल की बच्ची का अपहरण कर उस पर लैंगिक हमला करने के मामले में कोर्ट ने दोषी को पांच वर्ष के कठोर कारावास और बीस हजार रुपये के जुर्माने की सजा सुनाई।
शासकीय अधिवक्ता आदेश चौहान ने बताया कि पीड़िता के पिता ने थाना लक्सर में अपनी बेटी के अपहरण की रिपोर्ट दर्ज कराते हुए बताया कि 15 जुलाई 2017 को उसकी बेटी को दोपहर में आरोपी कलुआ पुत्र रामचंद्र निवासी किशनपुर मुंडा थाना बढ़ापुर जिला बिजनौर गलत नीयत से हाथ पकड़ कर जंगल में ले गया था। पता चलने पर गांव वालों ने उसे तलाश किया तो वह एक गन्ने के खेत में बालिका के साथ गलत हरकत करता हुआ पकड़ा गया था। पुलिस ने आरोपी कलुआ के खिलाफ अपहरण करने और पोक्सो एक्ट में मुकदमा दर्ज कर आरोपी को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया था।
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न्यायालय में वादी पक्ष की ओर से दस गवाह पेश किए गए। दोनों पक्षों के साक्ष्यों पर गौर करने व बह सुनने के बाद विशेष न्यायाधीश पॉक्सो अर्चना सागर ने आरोपी कलुवा को दोषी पाते हुए 5 वर्ष के कठोर कारावास व 20 हजार रुपये के जुर्माने की सजा सुनाई। कोर्ट ने विधिक सेवा प्राधिकरण से भी पीड़िता को उचित मुआवजा दिलाने के आदेश दिए।
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