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चेतावनी देेने तक ही सिमटी है कार्रवाई
अमर उजाला ब्यूरो, चंपावत।
Updated Fri, 08 Dec 2017 10:53 PM IST
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बारहमासी मार्ग पर इस तरह गिर रहा है सड़क का मलबा।
- फोटो : अमर उजाला
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बारहमासी (ऑल वैदर) सड़क निर्माण में गिर रहे मलबे को लेकर राष्ट्रीय राजमार्ग (एनएच) खंड और वन विभाग की कार्रवाई चेतावनी देने तक ही सिमटी हुई है। कार्यदायी संस्था द्वारा जगह जगह पर खाई में मलबा गिराकर पेेड़ों समेत अन्य वनस्पतियों को नुकसान पहुंचाया जा रहा है। लेकिन अभी तक किसी के खिलाफ कार्रवाई नहीं हो पाई है। प्रभागीय वनाधिकारी केएस बिष्ट ने इस मामले में एक बार फिर वन्य संपदा को किसी भी तरह के नुकसान पर आर्थिक दंड देने की चेतावनी दी है।
टनकपुर-तवाघाट राष्ट्रीय राजमार्ग में इन दिनों यहां टनकपुर व चंपावत की तरफ कई हिस्सों में सड़क को चौड़ा करने का काम चल रहा है। कटिंग के चलते आ रहा मलबा व पेड़ों को फेंकने के लिए डंपिंग जोन तय किए गए हैं। तय जगहों पर मलबे का निस्तारण नहीं किया जा रहा है। कार्यदायी संस्था द्वारा मलबे को निर्माण स्थल से सीधे नीचे खाई में डाला जा रहा है। एनएच खंड के अधिशासी अभियंता एलडी मथेला का कहना है कि विभाग ने कुल 130 डंपिंग जोन बनाए हैं। इसकी सूची पहले ही काम करा रही कंपनी को दी जा चुकी है। इसके बावजूद अभी भी सड़क की कटिंग में नियमों का पालन नहीं कर रहा है। इधर सड़क की कटिंग कर रही कंपनी का कहना है कि वह हर जगह नहीं, बल्कि निर्माण वाले क्षेत्र में ही डंपिंग जोन का साइन बोर्ड लगा रही है। कंपनी की ओर से नियमों का पालन करने का दावा किया जा रहा है।
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टनकपुर-तवाघाट राष्ट्रीय राजमार्ग में इन दिनों यहां टनकपुर व चंपावत की तरफ कई हिस्सों में सड़क को चौड़ा करने का काम चल रहा है। कटिंग के चलते आ रहा मलबा व पेड़ों को फेंकने के लिए डंपिंग जोन तय किए गए हैं। तय जगहों पर मलबे का निस्तारण नहीं किया जा रहा है। कार्यदायी संस्था द्वारा मलबे को निर्माण स्थल से सीधे नीचे खाई में डाला जा रहा है। एनएच खंड के अधिशासी अभियंता एलडी मथेला का कहना है कि विभाग ने कुल 130 डंपिंग जोन बनाए हैं। इसकी सूची पहले ही काम करा रही कंपनी को दी जा चुकी है। इसके बावजूद अभी भी सड़क की कटिंग में नियमों का पालन नहीं कर रहा है। इधर सड़क की कटिंग कर रही कंपनी का कहना है कि वह हर जगह नहीं, बल्कि निर्माण वाले क्षेत्र में ही डंपिंग जोन का साइन बोर्ड लगा रही है। कंपनी की ओर से नियमों का पालन करने का दावा किया जा रहा है।
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