मां वज्र बाराही की आकर्षक शोभायात्रा निकाली
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
देवीधुरा (चंपावत)। मां बाराहीधाम में बग्वाल के अगले दिन शुक्रवार को मां वज्र बाराही की आकर्षक शोभायात्रा निकाली गई। यात्रा में हजारों लोगों ने हिस्सा लिया। सुबह नंदघर में धन सिंह बागड़, उनके बेटे जमन सिंह, माहरा गांव के हर सिंह माहरा ने आंखों में काली पट्टी और काले कंबल से पिटारी में बंद मां वज्र बाराही, मां महाकाली, मां सरस्वती की मूर्तियों को दूध से स्नान कराया। इसके बाद उन्हें नए परिधान, आभूषण पहनाए गए। बाद में मूर्ति की विधिवत पूजा की गई। पीठाचार्य कीर्ति शास्त्री, उनके पुत्र गोकुल शास्त्री, संस्कृत महाविद्यालय के प्राचार्य भुवन चंद्र जोशी ने पूजा कराई।
नंदगृह से मां की शोभायात्रा का सिलसिला शुरू हुआ। हजारों श्रद्धालुओं के जयकारों के साथ शोभायात्रा चार खाम, सात थोक के लोगों के साथ शोभायात्रा निर्धारित मार्गों से होते हुए मुचकंद ऋषि के आश्रम में पहुंची। जहां मां ने चिरनिद्रा में विराजमान मुचकंद ऋषि को अपने दर्शन दिए। महिलाओं ने उपवास रख शोभायात्रा में हिस्सा लिया। ऐसी मान्यता है कि काल भैरव संग्राम में ऋषि द्वारा देवताओं का सहयोग करने पर मां बाराही ने उन्हें आज के दिन वर्ष में एक बार दर्शन देने का आशीर्वाद दिया था।
शोभायात्रा में मंदिर कमेटी के मुख्य संरक्षक लक्ष्मण सिंह लमगड़िया, अध्यक्ष खीम सिंह लमगड़िया, ब्लॉक प्रमुख पुष्पा लमगड़िया, गौरव सिंग्वाल, तारा चम्याल, दान सिंह राणा, हयात सिंह बिष्ट, नरेंद्र सिंह राणा, गिरीश सिंग्वाल, राजेंद्र बिष्ट, चेतन भैय्या, बिशन सिंह चम्याल, दिनेश सिंह चम्याल आदि थे।
जिला पंचायत अध्यक्ष खुशाल सिंह अधिकारी ने बग्वाल मेले में आए व्यापारियों की दुकानों का निरीक्षण किया। जिला पंचायत की ओर से इस वर्ष मेले में आने वाले व्यापारियों से किसी भी प्रकार का कोई टैक्स नहीं लिया जा रहा है। साथ ही उन्हें निशुल्क विद्युत सुविधा भी उपलब्ध कराई गई है।
अध्यक्ष का कहना था कि यदि कोई व्यक्ति किसी भी व्यापारी से टैक्स मांगता है तो वह तत्काल इसकी शिकायत उनसे करें। बरेली से आए व्यापारी राम लाल, पीलीभीत से आए रामभरोशे, खटीमा से आए विक्रम सहित सभी व्यापारियों ने उन्हें दी गई सुविधा के लिए आभार जताया।