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चुनाव से पहले रिटर्न हुए लोहाघाट के रिटर्निंग ऑफिसर
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केएन गोस्वामी, एसडीएम
- फोटो : LOHAGHAT
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लोहाघाट (चंपावत)। विधानसभा चुनाव के लिए लोहाघाट के रिटर्निंग ऑफिसर बनाए गए एसडीएम कृष्णनाथ गोस्वामी को चुनाव से पहले ही यहां से विदाई दे दी गई है। उन्हें यहां से टिहरी भेजा गया है। बृहस्पतिवार को जारी शासनादेश में लोहाघाट के एसडीएम गोस्वामी को इसी पद पर टिहरी भेजा गया है जबकि बिना दबाव के ईमानदारी से काम करने के कारण वे जनसामान्य में लोकप्रिय होने लगे थे।
पिछले साल 29 सितंबर को पिथौरागढ़ से आकर यहां एसडीएम के पद का कार्यभार संभालने वाले गोस्वामी को छह जनवरी को ही 100 दिन हुए हैं। इस अवधि में लोगों को प्रशासकीय कामकाज में गुणात्मक बदलाव दिख रहा था। जनशिकायतों के तेजी से निपटारे, सरलता से प्रमाणपत्र बनने से लोहाघाट और बाराकोट तहसील के लोगों को सुविधा मिलने लगी थी।
लोहाघाट शहर की यातायात अव्यवस्था और जाम की रोजमर्रा की समस्याओं के निदान के लिए उन्होंने वनवे ट्रैफिक लागू करवाया। सब्जी मंडी के बजाय राष्ट्रीय राजमार्ग के किनारे लगने वाली सब्जी की दुकानों को निर्धारित स्थान पर लगा कर मंडी की खामी सुधारी। बताते हैं कि जेसीबी से नियम विरुद्ध जमीन को समतल करने से हुए अवैध खनन के बहुचर्चित मामले में एक व्यक्ति पर लगाए गए 5.5 लाख रुपये के जुर्माने के बाद से एसडीएम गोस्वामी कुछ सियासी हस्तियों को खटक रहे थे।
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लेकिन भेजे नहीं गए कोई एसडीएम
लोहाघाट (चंपावत)। एसडीएम गोस्वामी का स्थानांतरण आदेश तो जारी हुआ है, लेकिन उनके स्थान पर अभी किसी को यहां भेजने का आदेश जारी नहीं हुआ है। इस वजह से उनके कार्यमुक्त होने के बाद यहां एसडीएम की कुर्सी के खाली रहने का अंदेशा है। पहले भी आरसी गौतम की सेवानिवृत्ति के बाद पिछले साल पहली जुलाई से 28 सितंबर तक लोहाघाट की प्रशासनिक जिम्मेदारी चंपावत के एसडीएम के पास थी।
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पिछले साल 29 सितंबर को पिथौरागढ़ से आकर यहां एसडीएम के पद का कार्यभार संभालने वाले गोस्वामी को छह जनवरी को ही 100 दिन हुए हैं। इस अवधि में लोगों को प्रशासकीय कामकाज में गुणात्मक बदलाव दिख रहा था। जनशिकायतों के तेजी से निपटारे, सरलता से प्रमाणपत्र बनने से लोहाघाट और बाराकोट तहसील के लोगों को सुविधा मिलने लगी थी।
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लोहाघाट शहर की यातायात अव्यवस्था और जाम की रोजमर्रा की समस्याओं के निदान के लिए उन्होंने वनवे ट्रैफिक लागू करवाया। सब्जी मंडी के बजाय राष्ट्रीय राजमार्ग के किनारे लगने वाली सब्जी की दुकानों को निर्धारित स्थान पर लगा कर मंडी की खामी सुधारी। बताते हैं कि जेसीबी से नियम विरुद्ध जमीन को समतल करने से हुए अवैध खनन के बहुचर्चित मामले में एक व्यक्ति पर लगाए गए 5.5 लाख रुपये के जुर्माने के बाद से एसडीएम गोस्वामी कुछ सियासी हस्तियों को खटक रहे थे।
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लेकिन भेजे नहीं गए कोई एसडीएम
लोहाघाट (चंपावत)। एसडीएम गोस्वामी का स्थानांतरण आदेश तो जारी हुआ है, लेकिन उनके स्थान पर अभी किसी को यहां भेजने का आदेश जारी नहीं हुआ है। इस वजह से उनके कार्यमुक्त होने के बाद यहां एसडीएम की कुर्सी के खाली रहने का अंदेशा है। पहले भी आरसी गौतम की सेवानिवृत्ति के बाद पिछले साल पहली जुलाई से 28 सितंबर तक लोहाघाट की प्रशासनिक जिम्मेदारी चंपावत के एसडीएम के पास थी।