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आरोपी सिपाही की 30 जुलाई तक नहीं हो सकेगी गिरफ्तारी
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चंपावत। ऊधमसिंह नगर जिले के किच्छा से 12 जून को आठ किलो चरस तस्करी मामले के एक आरोपी की 30 जुलाई तक गिरफ्तारी नहीं की जा सकेगी। एसपी लोकेश्वर सिंह ने बताया कि उच्च न्यायालय से मिली राहत के चलते आरोपी पुलिस कर्मी प्रदीप फर्त्याल को गिरफ्तार करने पर रोक रहेगी। कोतवाली में तैनात यह आरोपी 13 जून से बिना अनुमति कोतवाली से गायब था। इसलिए एसपी ने सिपाही को 15 जून को निलंबित कर दिया था। शुक्रवार को इस पुलिस कर्मी की ओर से एसपी कार्यालय में चिकित्सा अवकाश के लिए आवेदन किया गया है।
पिथौरागढ़ के दो पुलिस कर्मियों सहित कुल चार लोग आठ किलो चरस के साथ 12 जून को किच्छा से पकड़े गए थे। पूछताछ में इन आरोपियों ने चरस को चंपावत कोतवाली के सिपाही से लाने की बात कबूली थी। जांच अधिकारी पुलभट्ठा के थानाध्यक्ष विनोद कुमार जोशी के नेतृत्व में पिछले महीने ऊधमसिंह नगर से आई पुलिस टीम ने कई लोगों से पूछताछ करने के साथ सिपाही की तलाश में कई जगह दबिश दी थी। इधर शुक्रवार को एसपी को भेजे गए पत्र में सिपाही प्रदीप फर्त्याल ने चरस तस्करी के आरोपों को खारिज किया। कहा कि वह 13 जून को कोतवाली में अवकाश का प्रार्थना पत्र देकर नैनीताल उच्च न्यायालय में अपने अधिवक्ता के पास गया था। तभी गिरने से उसकी कमर में चोट लग गई। इससे उसे हल्द्वानी में इलाज करवाना पड़ा। डॉक्टरों ने 14 जुलाई से एक माह के पूर्ण आराम की सलाह दी है। सिपाही ने किच्छा चरस तस्करी में किसी भी तरह की लिप्तता से इंकार कर मामले की जांच का भी अनुरोध किया है।
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पिथौरागढ़ के दो पुलिस कर्मियों सहित कुल चार लोग आठ किलो चरस के साथ 12 जून को किच्छा से पकड़े गए थे। पूछताछ में इन आरोपियों ने चरस को चंपावत कोतवाली के सिपाही से लाने की बात कबूली थी। जांच अधिकारी पुलभट्ठा के थानाध्यक्ष विनोद कुमार जोशी के नेतृत्व में पिछले महीने ऊधमसिंह नगर से आई पुलिस टीम ने कई लोगों से पूछताछ करने के साथ सिपाही की तलाश में कई जगह दबिश दी थी। इधर शुक्रवार को एसपी को भेजे गए पत्र में सिपाही प्रदीप फर्त्याल ने चरस तस्करी के आरोपों को खारिज किया। कहा कि वह 13 जून को कोतवाली में अवकाश का प्रार्थना पत्र देकर नैनीताल उच्च न्यायालय में अपने अधिवक्ता के पास गया था। तभी गिरने से उसकी कमर में चोट लग गई। इससे उसे हल्द्वानी में इलाज करवाना पड़ा। डॉक्टरों ने 14 जुलाई से एक माह के पूर्ण आराम की सलाह दी है। सिपाही ने किच्छा चरस तस्करी में किसी भी तरह की लिप्तता से इंकार कर मामले की जांच का भी अनुरोध किया है।
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