{"_id":"5b181d6b4f1c1b264d8b52e4","slug":"revenue-department-carried-out-terrestrial-inspection-of-the-area","type":"story","status":"publish","title_hn":"राजस्व विभाग ने किया क्षेत्र का स्थलीय निरीक्षण","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
राजस्व विभाग ने किया क्षेत्र का स्थलीय निरीक्षण
अमर उजाला ब्यूराे लोहाघाट (चंपावत)।
Updated Wed, 06 Jun 2018 11:14 PM IST
विज्ञापन
विकास खंड पाटी के वालिक में चौपट हुई आलू की फसल का जायजा लेती राजस्व टीम।
- फोटो : अमर उजाला
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
पाटी विकासखंड के वालिक गांव में आलू की फसल रोग लगने और कम बारिश के चलते बुरी तरह चौपट हुई है। ग्रामीणों के आग्रह पर राजस्व विभाग की टीम ने स्थलीय निरीक्षण पूरा कर लिया है। राजस्व निरीक्षक राजेंद्र मेहता व उप निरीक्षक उषा राय के नेतृत्व में गई टीम बृहस्पतिवार को क्षति की जांच रिपोर्ट उप जिलाधिकारी को देगी। इस गांव में आलू का व्यापक उत्पादन होता है।
आम तौर पर यहां एक परिवार 15 से 20 कट्टे आलू की बुआई करता है। समय से वर्षा नहीं होने और आलू की खेती में रोग लगने से उसके पत्ते पीले होकर गिर गए हैं। ग्राम प्रधान बिशनी देवी, राजू बिष्ट आदि का कहना है कि आलू की फसल में रोग लगने और बारिश की कमी से पूरी फसल चौपट हो गई है। किसानों के सामने बैंकों का कर्ज चुकाने की समस्या पैदा हो गई है।
ग्रामीण नैन सिंह नेगी, चंद्र सिंह, बद्री सिंह, जय सिंह छत्तर सिंह, दिवान सिंह, हीरा सिंह, गंगा सिंह, पान सिंह, मोहन सिंह, कुंदन सिंह आदि काश्तकारों ने एसडीएम निर्मला बिष्ट से किसानों को हुई नुकसान का सर्वे कराने की मांग की थी। एसडीएम का कहना है कि जांच रिपोर्ट के आधार पर आगे की कार्यवाही की जाएगी।
विज्ञापन
विज्ञापन
आम तौर पर यहां एक परिवार 15 से 20 कट्टे आलू की बुआई करता है। समय से वर्षा नहीं होने और आलू की खेती में रोग लगने से उसके पत्ते पीले होकर गिर गए हैं। ग्राम प्रधान बिशनी देवी, राजू बिष्ट आदि का कहना है कि आलू की फसल में रोग लगने और बारिश की कमी से पूरी फसल चौपट हो गई है। किसानों के सामने बैंकों का कर्ज चुकाने की समस्या पैदा हो गई है।
विज्ञापन
ग्रामीण नैन सिंह नेगी, चंद्र सिंह, बद्री सिंह, जय सिंह छत्तर सिंह, दिवान सिंह, हीरा सिंह, गंगा सिंह, पान सिंह, मोहन सिंह, कुंदन सिंह आदि काश्तकारों ने एसडीएम निर्मला बिष्ट से किसानों को हुई नुकसान का सर्वे कराने की मांग की थी। एसडीएम का कहना है कि जांच रिपोर्ट के आधार पर आगे की कार्यवाही की जाएगी।
विज्ञापन