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आग से बचाव का पुख्ता इंतजाम नहीं
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बनबसा राजकीय डिग्री कॉलेज में लगा फायर एक्सटिंग्विशर।
- फोटो : TANAKPUR
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बेसिक शिक्षा से जुड़े स्कूलों के अलावा उच्च शिक्षा संस्थानों में भी आग की दुर्घटनाओं से निपटने के इंतजाम लचर हैं। जिले के प्रवेशद्वार बनबसा के राजकीय डिग्री कॉलेज में आग से बचाव के नाम पर नाकाफी इंतजाम हैं। पूरे कॉलेज की सुरक्षा का प्रबंध सिर्फ दो फायर एक्सटिंग्विशर के जिम्मे है।
बनबसा के राजकीय डिग्री कॉलेज में 300 से अधिक छात्र-छात्राएं पढ़ाई कर रहे हैं। कॉलेज के भवन निर्माण में कई करोड़ रुपये खर्च हुए हैं लेकिन आग जैसी आपदा से निपटने का भरोसेमंद प्रबंध नहीं है। कॉलेज भवन में आग बुझाने के नाम पर मात्र दो एक्सटिंग्विशर हैं।
ये उपकरण इतनी विशाल इमारत के लिए नाकाफी हैं। इतना जरूर है कि आग से बचाव का प्रशिक्षण देने के लिए टनकपुर का अग्निशमन विभाग नियमित अंतराल पर कॉलेज के छात्रों और स्टाफ को जागरूक करता है। प्रभारी प्राचार्य डॉ. आरके पांडेय का कहना है कि आग से बचाव के और उपकरणों की उच्चाधिकारियों से मांग की गई है।
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बनबसा के राजकीय डिग्री कॉलेज में 300 से अधिक छात्र-छात्राएं पढ़ाई कर रहे हैं। कॉलेज के भवन निर्माण में कई करोड़ रुपये खर्च हुए हैं लेकिन आग जैसी आपदा से निपटने का भरोसेमंद प्रबंध नहीं है। कॉलेज भवन में आग बुझाने के नाम पर मात्र दो एक्सटिंग्विशर हैं।
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ये उपकरण इतनी विशाल इमारत के लिए नाकाफी हैं। इतना जरूर है कि आग से बचाव का प्रशिक्षण देने के लिए टनकपुर का अग्निशमन विभाग नियमित अंतराल पर कॉलेज के छात्रों और स्टाफ को जागरूक करता है। प्रभारी प्राचार्य डॉ. आरके पांडेय का कहना है कि आग से बचाव के और उपकरणों की उच्चाधिकारियों से मांग की गई है।
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