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जिला अस्पताल में एक सप्ताह से ठप है आईसीयू का निर्माण कार्य

Haldwani Bureau हल्द्वानी ब्यूरो
Updated Tue, 16 Jun 2020 12:15 AM IST
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ICU in Champawat
चंपावत। जिला अस्पताल में बनाया जा रहा इंटेंसिव केयर यूनिट (आईसीयू) का निर्माण कार्य बजट की कमी के कारण रुक गया है। हालांकि प्रशासन का कहना है कि आईसीयू निर्माण में बजट बाधक नहीं बनेगा। कोरोना से बचाव के चलते जिले के अस्पतालों को लगातार अपग्रेड किया जा रहा है। गंभीर मरीजों का उपचार करने के लिए स्वास्थ्य विभाग सतर्क है। विभाग ने पहले डॉक्टरों की कमी को पूरा किया तो अब वेंटिलेटर और आइसीयू बनाया जा रहा है।
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जिला अस्पताल में एक माह पूर्व विधायक निधि से दो वेंटिलेटर लग चुके हैं। इन्हें सही तरीके से ऑपरेट करने के लिए अन्य उपकरणों की डिमांड मुख्यालय भेजी गई है। अस्पताल में आने वाले गंभीर मरीजों के लिए अब जिला अस्पताल में आइसीयू भी बनाने की तैयारी है। इसके लिए पिछले माह अस्पताल के बी बिल्डिंग के द्वितीय तल पर ओटी के समक्ष चार बेड का आईसीयू बनाने के लिए इंजीनियरों ने सर्वे किया था। आईसीयू निर्माण के लिए सांसद निधि से 37 लाख रुपये मिले थे, लेकिन एक माह कार्य चलने के बाद आईसीयू का निर्माण रुक गया। ग्रामीण विकास विभाग के ईई कमलेश जोशी ने बताया कि बजट के अभाव में काम की गति धीमी हो गई है। बजट की डिमांड की गई है। उम्मीद है एक दो दिन में बजट मिलने के बाद कार्य शुरू कर दिया जाएगा। सीएमएस डॉ. आरके जोशी का कहना है कि जिला अस्पताल में दो वेंटिलेटर के साथ चार बेड का आईसीयू बनाने का कार्य किया जा रहा है। आरईएस ने करीब 30 प्रतिशत सिविल वर्क पूरा कर लिया गया है।
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जिला अस्पताल में आईसीयू निर्माण में बजट की कमी आड़े नहीं आएगी। जिला योजना, आपदा समेत अन्य मदों से करीब 50 लाख का बजट आईसीयू के लिए ग्रामीण विकास विभाग को दिया जा रहा है। जल्द काम शुरू कर दिया जाएगा।
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- एसएन पांडेय, डीएम, चंपावत।
फिर से शुरू हुई कोरोना की जांच
जिला अस्पताल में तीन दिन तक कोरोना जांच बंद होने के बाद सोमवार से फिर से टेस्टिंग शुरू हो गई है। सीएमएस डॉ. आरके जोशी ने बताया कि सोमवार को 22 सैंपल लैब में भेजे गए हैं। जरूरत पड़ने पर रैपिड टेस्ट भी किए जा रहे हैं।
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