{"_id":"60eb3d078ebc3ebf5713f3a8","slug":"aapada-in-tanakpur-tanakpur-news-hld4308429129","type":"story","status":"publish","title_hn":"छह घंटों की बारिश ने लोगों के छुड़ा दिए छक्के","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
छह घंटों की बारिश ने लोगों के छुड़ा दिए छक्के
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
टनकपुर (चंपावत)। मूसलाधार बारिश ने टनकपुर, बनबसा में जमकर तबाही मचाई। सुबह करीब तीन बजे से 10:30 बजे तक 7:30 घंटे की बारिश ने बादल फटने जैसे हालात बन गए। कई गांवों में जलभराव हो गया। घरों के अंदर तक घुसे बरसाती पानी ने कई लोगों को भारी नुकसान पहुंचाया।
छीनीगोठ में एक व्यक्ति का झाला और तीन लोगों की गोशाला बरसात की भेंट चढ़ गई। प्रशासन ने जल निकासी के लिए चार जेसीबी और एक पोकलैंड मशीन लगाई है। एसडीएम हिमांशु कफल्टिया ने बाढ़ निगरानी टीमों और पटवारियों से बाढ़ क्षति जांच आख्या देने के लिए कहा है।
रविवार तड़के करीब तीन बजे से शुरू हुई मूसलाधार बारिश जिले के मैदानी क्षेत्र में आफत लेकर बरसी। सुबह 10:30 बजे तक हुई बारिश से शहर की सड़कों समेत क्षेत्र के ज्यादातर गांवों में जलभराव से बाढ़ से हालात पैदा हुए। ककरालीगेट, आमबाग, ज्ञानखेड़ा, बोरागोठ, सैलानीगोठ, विचई, मनिहारगोठ, छीनीगोठ के अलावा शहर क्षेत्र के विष्णुपुरी कॉलोनी, पूर्णागिरि विहार, वर्मा लाइन में बरसाती पानी कई लोगों के घरों के अंदर घुसा।
विज्ञापन
छीनीगोठ के मोहन चंद्र जोशी की गोशाला, रेखा जुकरिया की गोशाला और दुधारु गाय, राकेश पंत का आवासीय झाला बह गया। प्रेम राम का आवासीय झाला क्षतिग्रस्त हुआ है। इंजीनियरिंग कॉलेज की चहारदीवारी टूटने से गोदावरी देवी के घर की एक दीवार क्षतिग्रस्त हुई है।
धान की फसल को भी नुकसान पहुंचा है। एसडीएम हिमांशु कफल्टिया, सीओ अविनाश वर्मा के नेतृत्व में प्रशासन की टीम ने प्रभावित क्षेत्रों का निरीक्षण कर क्षति का जायजा लेकर बचाव कार्य शुरू करवाया।
सड़कें नाले में तब्दील, आमबाग में आधी सड़क क्षतिग्रस्त
टनकपुर (चंपावत)। शहर की ज्यादातर सड़कें नाले में तब्दील हो गईं थीं। राजाराम चौराहे से बस स्टेशन तक, शास्त्री चौके के पास, बस स्टेशन के पास हाईवे और पिथौरागढ़ चुुंगी से ककरालीगेट बैरियर तक हाइवे का उत्तरी छोर की सड़क नाले जैसा बन गया था।
इस दौरान बोरागोठ और शहर का घसियारा मंडी नाला भी उफान पर रहा। इस कारण नाले और सड़क में अंतर नहीं दिख रहा था। टनकपुर-आमबाग मार्ग में मंडी समिति से आगे सड़क का आधा हिस्सा कट गया है। ग्राम प्रधान मोहिनी चंद ने बताया कि सड़क कटने की सूचना आपदा कंट्रोल रूम में दर्ज कराई गई है।
पूर्णागिरि धाम में बारिश ने कहर बरपाया
टनकपुर (चंपावत)। बारिश ने पूर्णागिरि धाम में भी खूब कहर बरपाया। भैरव मंदिर में राजू भट्ट की दुकान बह गई। सस्ता गल्ला विक्रेता राजू तिवारी ने बताया कि उस दुकान में रखा फ्रिज, टीवी, कुर्सियां, रसोई गैस सिलिंडर भी बह गया है। वहीं भैरव मंदिर में ही महेश तिवारी, हेम चंद्र पांडेय, दिनेश पांडेय, जगदीश तिवारी की दुकान में मलबा भर गया है। आसपास के माला और लॉकेट व्यापारियों का काफी सामान बहा है।
सैलानीगोठ में मुर्गी पालकों को हुआ तगड़ा नुकसान
बारिश से सैलानीगोठ गांव के मुर्गी पालकों को तगड़ा झटका लगा है। जलभराव से तीन मुर्गीपालकों की करीब साढ़े 13 हजार मुर्गियां मरीं हैं। विधायक प्रतिनिधि हरीश हैसियत ने बताया कि जलभराव के कारण दीपक राय की करीब 11 हजार मुर्गियां और मोहन चंद्र पांडेय और भगीरथ पांडेय की करीब ढाई हजार मुर्गियां मरीं। उन्हें करीब पांच लाख रुपये का नुकसान हुआ है।
अन्य छोटे मुर्गी पालकों को भी बारिश से क्षति हुई है। भाजपा जिलाध्यक्ष दीप चंद्र पाठक ने भी निरीक्षण कर अधिकारियों को जरूरी निर्देश दिए। उन्होंने अपनी मौजूदगी में जेसीबी मशीन से खोदाई करवा जल निकासी का प्रयास किया। जिलाध्यक्ष पाठक ने डीएम और एसडीएम से भी टनकपुर, बनबसा क्षेत्र की जनता के साथ बैठक कर जल निकासी करवाने का आग्रह किया। इस मौके पर मनोज तिवारी, मोहित गड़कोटी, मोहनपुर की प्रधान राधिका चंद, ज्ञानखेड़ा प्रधान रवि कुमार, आमबाग प्रधान मोहिनी चंद आदि थे।
छह घंटों की बारिश ने कर दिया बेघर
बनबसा (चंपावत)। रविवार सुबह हुई मूसलाधार वर्षा से आम जनजीवन प्रभावित हो गया। कई गांवों में लोगों को घर छोड़ सुरक्षित स्थानों पर जाना पड़ा। घरों में पानी घुसने से घरेलू सामान खराब हो गया। टनकपुर की ओर से आने वाले पानी से चंदनी, भजनपुर, बमनपुरी में बाढ़ के साथ ही जलभराव हो गया।
पचपकरिया गांव जलमग्न रहा। मीनाबाजार, धर्मशाला मार्ग पर जलभराव से आवागमन दूभर रहा। देवीपुरा में बाढ़ आने से कई घरों में पानी घुसने से ग्रामीणों का नुकसान हुआ है। देशीफार्म में भी बाढ़ जैसे हालात रहे। कई संपर्क मार्ग जलमग्न होने से लोगों को आवागमन में परेशानी हुई।
क्षेत्र के पश्चिमी छोर पर बहने वाली हुड्डीनदी के उफान पर आने से चंदनी, आनंदपुर, बमनपुरी को खतरा हो गया। बमनपुरी में कई घरों में पानी घुस गया। अतिक्रमण से प्राकृतिक नाले चोक होने से कई स्थानों पर पानी आगे बढ़ने की बजाय लौटने लगा, जिससे प्रशासन को परेशानियों का सामना करना पड़ा।
पुलिस और प्रशासन की टीम ने कई जगह जेसीबी मशीन के जरिये पानी निकासी की जगह बनाई गई। प्रशासन की टीम ने गांवों का भ्रमण कर नुकसान का आकलन किया है।
आरएसआई वीरेंद्र पुंडीर ने बताया कि रविवार सुबह हुई वर्षा से पंपापुर निवासी देवी राम विश्वकर्मा पुत्र बाजी राम के झाले पर तुन का पेड़ गिर गया। इससे उसका झाला क्षतिग्रस्त हो गया। झाले का पिछला हिस्सा टूट गया है। एसडीएम हिमांशु कफल्टिया ने प्रशासन और पुलिस प्रशासन को अलर्ट रहने के निर्देश दिए हैं।
विज्ञापन
छीनीगोठ में एक व्यक्ति का झाला और तीन लोगों की गोशाला बरसात की भेंट चढ़ गई। प्रशासन ने जल निकासी के लिए चार जेसीबी और एक पोकलैंड मशीन लगाई है। एसडीएम हिमांशु कफल्टिया ने बाढ़ निगरानी टीमों और पटवारियों से बाढ़ क्षति जांच आख्या देने के लिए कहा है।
विज्ञापन
रविवार तड़के करीब तीन बजे से शुरू हुई मूसलाधार बारिश जिले के मैदानी क्षेत्र में आफत लेकर बरसी। सुबह 10:30 बजे तक हुई बारिश से शहर की सड़कों समेत क्षेत्र के ज्यादातर गांवों में जलभराव से बाढ़ से हालात पैदा हुए। ककरालीगेट, आमबाग, ज्ञानखेड़ा, बोरागोठ, सैलानीगोठ, विचई, मनिहारगोठ, छीनीगोठ के अलावा शहर क्षेत्र के विष्णुपुरी कॉलोनी, पूर्णागिरि विहार, वर्मा लाइन में बरसाती पानी कई लोगों के घरों के अंदर घुसा।
विज्ञापन
छीनीगोठ के मोहन चंद्र जोशी की गोशाला, रेखा जुकरिया की गोशाला और दुधारु गाय, राकेश पंत का आवासीय झाला बह गया। प्रेम राम का आवासीय झाला क्षतिग्रस्त हुआ है। इंजीनियरिंग कॉलेज की चहारदीवारी टूटने से गोदावरी देवी के घर की एक दीवार क्षतिग्रस्त हुई है।
धान की फसल को भी नुकसान पहुंचा है। एसडीएम हिमांशु कफल्टिया, सीओ अविनाश वर्मा के नेतृत्व में प्रशासन की टीम ने प्रभावित क्षेत्रों का निरीक्षण कर क्षति का जायजा लेकर बचाव कार्य शुरू करवाया।
सड़कें नाले में तब्दील, आमबाग में आधी सड़क क्षतिग्रस्त
टनकपुर (चंपावत)। शहर की ज्यादातर सड़कें नाले में तब्दील हो गईं थीं। राजाराम चौराहे से बस स्टेशन तक, शास्त्री चौके के पास, बस स्टेशन के पास हाईवे और पिथौरागढ़ चुुंगी से ककरालीगेट बैरियर तक हाइवे का उत्तरी छोर की सड़क नाले जैसा बन गया था।
इस दौरान बोरागोठ और शहर का घसियारा मंडी नाला भी उफान पर रहा। इस कारण नाले और सड़क में अंतर नहीं दिख रहा था। टनकपुर-आमबाग मार्ग में मंडी समिति से आगे सड़क का आधा हिस्सा कट गया है। ग्राम प्रधान मोहिनी चंद ने बताया कि सड़क कटने की सूचना आपदा कंट्रोल रूम में दर्ज कराई गई है।
पूर्णागिरि धाम में बारिश ने कहर बरपाया
टनकपुर (चंपावत)। बारिश ने पूर्णागिरि धाम में भी खूब कहर बरपाया। भैरव मंदिर में राजू भट्ट की दुकान बह गई। सस्ता गल्ला विक्रेता राजू तिवारी ने बताया कि उस दुकान में रखा फ्रिज, टीवी, कुर्सियां, रसोई गैस सिलिंडर भी बह गया है। वहीं भैरव मंदिर में ही महेश तिवारी, हेम चंद्र पांडेय, दिनेश पांडेय, जगदीश तिवारी की दुकान में मलबा भर गया है। आसपास के माला और लॉकेट व्यापारियों का काफी सामान बहा है।
सैलानीगोठ में मुर्गी पालकों को हुआ तगड़ा नुकसान
बारिश से सैलानीगोठ गांव के मुर्गी पालकों को तगड़ा झटका लगा है। जलभराव से तीन मुर्गीपालकों की करीब साढ़े 13 हजार मुर्गियां मरीं हैं। विधायक प्रतिनिधि हरीश हैसियत ने बताया कि जलभराव के कारण दीपक राय की करीब 11 हजार मुर्गियां और मोहन चंद्र पांडेय और भगीरथ पांडेय की करीब ढाई हजार मुर्गियां मरीं। उन्हें करीब पांच लाख रुपये का नुकसान हुआ है।
अन्य छोटे मुर्गी पालकों को भी बारिश से क्षति हुई है। भाजपा जिलाध्यक्ष दीप चंद्र पाठक ने भी निरीक्षण कर अधिकारियों को जरूरी निर्देश दिए। उन्होंने अपनी मौजूदगी में जेसीबी मशीन से खोदाई करवा जल निकासी का प्रयास किया। जिलाध्यक्ष पाठक ने डीएम और एसडीएम से भी टनकपुर, बनबसा क्षेत्र की जनता के साथ बैठक कर जल निकासी करवाने का आग्रह किया। इस मौके पर मनोज तिवारी, मोहित गड़कोटी, मोहनपुर की प्रधान राधिका चंद, ज्ञानखेड़ा प्रधान रवि कुमार, आमबाग प्रधान मोहिनी चंद आदि थे।
छह घंटों की बारिश ने कर दिया बेघर
बनबसा (चंपावत)। रविवार सुबह हुई मूसलाधार वर्षा से आम जनजीवन प्रभावित हो गया। कई गांवों में लोगों को घर छोड़ सुरक्षित स्थानों पर जाना पड़ा। घरों में पानी घुसने से घरेलू सामान खराब हो गया। टनकपुर की ओर से आने वाले पानी से चंदनी, भजनपुर, बमनपुरी में बाढ़ के साथ ही जलभराव हो गया।
पचपकरिया गांव जलमग्न रहा। मीनाबाजार, धर्मशाला मार्ग पर जलभराव से आवागमन दूभर रहा। देवीपुरा में बाढ़ आने से कई घरों में पानी घुसने से ग्रामीणों का नुकसान हुआ है। देशीफार्म में भी बाढ़ जैसे हालात रहे। कई संपर्क मार्ग जलमग्न होने से लोगों को आवागमन में परेशानी हुई।
क्षेत्र के पश्चिमी छोर पर बहने वाली हुड्डीनदी के उफान पर आने से चंदनी, आनंदपुर, बमनपुरी को खतरा हो गया। बमनपुरी में कई घरों में पानी घुस गया। अतिक्रमण से प्राकृतिक नाले चोक होने से कई स्थानों पर पानी आगे बढ़ने की बजाय लौटने लगा, जिससे प्रशासन को परेशानियों का सामना करना पड़ा।
पुलिस और प्रशासन की टीम ने कई जगह जेसीबी मशीन के जरिये पानी निकासी की जगह बनाई गई। प्रशासन की टीम ने गांवों का भ्रमण कर नुकसान का आकलन किया है।
आरएसआई वीरेंद्र पुंडीर ने बताया कि रविवार सुबह हुई वर्षा से पंपापुर निवासी देवी राम विश्वकर्मा पुत्र बाजी राम के झाले पर तुन का पेड़ गिर गया। इससे उसका झाला क्षतिग्रस्त हो गया। झाले का पिछला हिस्सा टूट गया है। एसडीएम हिमांशु कफल्टिया ने प्रशासन और पुलिस प्रशासन को अलर्ट रहने के निर्देश दिए हैं।