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अस्पताल कर्मियों ने दूसरे दिन भी कार्य बहिष्कार किया

Haldwani Bureau हल्द्वानी ब्यूरो
Updated Tue, 11 Jun 2019 10:56 PM IST
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अस्पताल कर्मियों ने दूसरे दिन भी कार्य बहिष्कार किया
दो लोहाघाट (चंपावत)। सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में डाक्टरों, फार्मेसिस्ट और अन्य कर्मियों ने वेतन की मांग को लेकर दूसरे दिन मंगलवार को भी सुबह आठ बजे से दस बजे तक कार्य बहिष्कार किया। बहिष्कार के चलते सुबह आए मरीजों को काफी इंतजार करना पड़ा। नाराज कर्मियों ने जल्द वेतन का भुगतान नहीं होने पर 17 जून से अनिश्चितकालीन कार्य बहिष्कार की चेतावनी दी है।
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मंगलवार को सीएचसी परिसर में डॉक्टरों और अस्पताल कर्मचारियों ने तीन माह से वेतन नहीं मिलने पर नाराजगी जताते हए सुबह आठ से 10 बजे तक ओपीडी (आउटडोर पेशेंट डिपार्टमेंट) का कार्य बहिष्कार जारी रखा। इस दौरान आपात सेवाएं सुचारु रहीं। कर्मियों ने कहा कि वेतन नहीं मिलने से बच्चों की फीस, कर्ज की किस्त, परिवार के भरण पोषण सहित अन्य दिक्कतें झेलनी पड़ रही हैं।
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उनके द्वारा समय से आयकर संबंधी सभी दस्तावेज जमा करने के बाद वेतन नहीं मिलना विभागीय लापरवाही है और इसका खामियाजा उन्हें भुगतना पड़ रहा है। कर्मचारी बृहस्पतिवार से तीन घंटे का कार्य बहिष्कार करेंगे। इसके बाद भी समस्या का समाधान नहीं होने पर 17 जून से पूर्ण कार्य बहिष्कार करने की चेतावनी दी गई है।
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वहां डॉ. जितेंद्र जोशी, डॉ. रवींद्र बोरा, डॉ. सोनाली मंडल, फार्मेसिस्ट मुकुल राय, प्रेम राम, किरन जोशी, एलडी जोशी, विमला कोहली, संतोष चंद, संजय दताल, बबीता बिष्ट, संदीप वर्मा, बहादुर सिंह, दीपक सिंह, सोमपाल, अशोक कुमार, सचिन कुमार आदि शामिल थे।

चार डीडीओ से होगी वसूली
लोहाघाट (चंपावत)। कर्मियों के वेतन से टीडीएस कटने के बावजूद आयकर विभाग में समय पर ऑनलाइन जमा नहीं करने का खामियाजा सीएचसी के 49 डॉक्टर और अन्य कर्मी भुगत रहे हैं।

इसके चलते आयकर विभाग पहले ही अस्पताल के आहरण-वितरण पर रोक लगाते हुए 361600 रुपये का जुर्माना लगा चुका है। स्वास्थ्य महानिदेशक ने सीएमओ को मामले की जांच करने के आदेश दिए हैं।

इसमें यह स्पष्ट किया गया है कि 2013-14 और 2014-15 में टीडीएस की रकम को समय पर जमा न करने के दोषी आहरण-वितरण अधिकारी (डीडीओ) और अन्य संबंधित कर्मियों से इसकी वसूली की जाए। इस अवधि में लोहाघाट अस्पताल में चार चिकित्साधीक्षक थे।


अगर स्वास्थ्य महानिदेशक के निर्देश के अनुसार जांच हुई तो इन चारों एमएस और एक बाबू से इस रकम की वसूली होना तय है। डीजी ने पूरे मामले की जांच 15 दिन में करने के सीएमओ को आदेश दिए हैं। सीएमओ का कहना है कि मामले की जांच की जा रही है।
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