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सिलाड़ में नाप भूमि से सड़क ले जाने का विवाद सुलझा
Updated Fri, 27 Oct 2017 11:10 PM IST
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चंपावत। जिले के सिलाड़ ग्राम पंचायत को सड़क सुविधा से जोड़ने के मामले में ग्रामीणों के बीच चला और रहा विवाद सुलझ गया है। जिसके बाद प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना (पीएमजीएसवाई) में सिलाड़ के लिए तीन किलोमीटर सड़क निर्माण की डीपीआर शासन को भेज दी गई है। डीपीआर को मंजूरी मिलने के बाद टेंडरिंग प्रक्रिया शुरू की जाएगी।
गौरतलब है कि पीएमजीएसवाई की ओर से सिलाड़ के लिए स्वीकृत मोटर मार्ग निर्माण की वन भूमि प्रकरण ऑनलाइन करने के उपरांत मार्ग के सर्वेक्षण में पड़ने वाली नाप भूमि पर स्थानीय काश्तकारों द्वारा विवाद उत्पन्न किया गया। जिस कारण मोटर मार्ग निर्माण की आगे की कार्रवाई अधर में लटक गई थी। डीएम डॉ.अहमद इकबाल के निर्देश पर एसडीएम टनकपुर अनिल चन्याल को विवाद सुलझाने का दायित्व सौंपा गया।
ग्रामीण संजय चौड़ाकोटी ने बताया कि एसडीएम की मध्यस्थता में नाप भूमि के विवाद को सुलझा लिया गया है। पीएमजीएसवाई के अधिशासी अभियंता एके बर्मन के अनुसार वर्तमान में मार्ग की डीपीआर गठित कर स्वीकृति के लिए यूआरआरडीए देहरादून के विभागाध्यक्ष को भेजी जा चुकी है। उन्होंने बताया कि डीपीआर स्वीकृति के बाद टेंडर की कार्रवाई भी यूआरआरडीए के माध्यम से की जाएगी। टेंडर प्राप्त होने के उपरांत मार्ग निर्माण की कार्रवाई पीएमजीएसवाई डिवीजन की ओर से की जाएगी।
गौरतलब है कि पीएमजीएसवाई की ओर से सिलाड़ के लिए स्वीकृत मोटर मार्ग निर्माण की वन भूमि प्रकरण ऑनलाइन करने के उपरांत मार्ग के सर्वेक्षण में पड़ने वाली नाप भूमि पर स्थानीय काश्तकारों द्वारा विवाद उत्पन्न किया गया। जिस कारण मोटर मार्ग निर्माण की आगे की कार्रवाई अधर में लटक गई थी। डीएम डॉ.अहमद इकबाल के निर्देश पर एसडीएम टनकपुर अनिल चन्याल को विवाद सुलझाने का दायित्व सौंपा गया।
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ग्रामीण संजय चौड़ाकोटी ने बताया कि एसडीएम की मध्यस्थता में नाप भूमि के विवाद को सुलझा लिया गया है। पीएमजीएसवाई के अधिशासी अभियंता एके बर्मन के अनुसार वर्तमान में मार्ग की डीपीआर गठित कर स्वीकृति के लिए यूआरआरडीए देहरादून के विभागाध्यक्ष को भेजी जा चुकी है। उन्होंने बताया कि डीपीआर स्वीकृति के बाद टेंडर की कार्रवाई भी यूआरआरडीए के माध्यम से की जाएगी। टेंडर प्राप्त होने के उपरांत मार्ग निर्माण की कार्रवाई पीएमजीएसवाई डिवीजन की ओर से की जाएगी।
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