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Chamoli News: समर कैंप में स्थानीय बोलियों का दिया जाएगा प्रशिक्षण
Tue, 27 May 2025 07:14 PM IST
देहरादून ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, चमोली
संवाद न्यूज एजेंसी, चमोली
Updated Tue, 27 May 2025 07:14 PM IST
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फोटो
देवाल और नारायणबगड़ के स्कूलों में समर कैंप शुरू
संवाद न्यूज एजेंसी
देवाल/नारायणबगड़। ब्लाॅक के जीआईसी ल्वाणी, देवाल एवं कन्या हाईस्कूल देवाल में सात दिवसीय भाषा समर कैंप शुरू हुआ। राज्य शैक्षिक एवं अनुसंधान परिषद के दिशा निर्देश में भारतीय भाषाओं में छात्रों की रुचि बढ़ाने व छात्र-छात्राओं को स्थानीय बोली गढ़वाली, कुमाऊंनी, जौनसारी, मार्छा, तोल्छा का प्रशिक्षण दिया जाएगा। वहीं नारायणबगड़ में भी समर कैंप शुरू हुआ।
मंगलवार को कैंप की शुरुआत दैणा होया खोली का गणेशा... मांगल गीत से हुई। जीआईसी ल्वाणी में प्रधानाचार्य नरेंद्र बिष्ट को नोडल अधिकारी बनाया है। यहां भाषा विशेषज्ञ एवं कार्यक्रम समन्वयक डाॅ. कृपाल भंडारी छात्र-छात्राओं को प्रशिक्षण देंगे। डाॅ. कृपाल भंडारी ने गढ़वाली बोली को लिपिबद्ध किया है। जनजाति भाषा का प्रशिक्षण प्रह्लाद पांगती, जौनसारी भाषा भूपेंद्र भाटिया देंगे। सात दिवसीय कार्यक्रम में छात्र-छात्राओं को भारत की विभिन्न स्थानीय बोली-भाषाओं और संस्कृतियों से परिचित किया जाएगा। कैंप मेंं इंटर कॉलेज ल्वाणी में ल्वाणी में 50 छात्र-छात्राएं, इंटर कॉलेज देवाल 68 छात्र-छात्राएं तथा कन्या हाईस्कूल में 100 छात्राओं को स्थानीय भाषा का प्रशिक्षण दिया जाएगा। दूसरी ओर जीआईसी नारायणबगड़ के सभागार में भी भाषा समर कैंप शुरू हुआ। इस अवसर पर नीरज बिष्ट, विधायक प्रतिनिधि दिलीप सिंह नेगी, दर्शन गिरी, एसएमसी अध्यक्ष पूर्ण चंद्र सती मौजूद रहे।
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देवाल और नारायणबगड़ के स्कूलों में समर कैंप शुरू
संवाद न्यूज एजेंसी
देवाल/नारायणबगड़। ब्लाॅक के जीआईसी ल्वाणी, देवाल एवं कन्या हाईस्कूल देवाल में सात दिवसीय भाषा समर कैंप शुरू हुआ। राज्य शैक्षिक एवं अनुसंधान परिषद के दिशा निर्देश में भारतीय भाषाओं में छात्रों की रुचि बढ़ाने व छात्र-छात्राओं को स्थानीय बोली गढ़वाली, कुमाऊंनी, जौनसारी, मार्छा, तोल्छा का प्रशिक्षण दिया जाएगा। वहीं नारायणबगड़ में भी समर कैंप शुरू हुआ।
मंगलवार को कैंप की शुरुआत दैणा होया खोली का गणेशा... मांगल गीत से हुई। जीआईसी ल्वाणी में प्रधानाचार्य नरेंद्र बिष्ट को नोडल अधिकारी बनाया है। यहां भाषा विशेषज्ञ एवं कार्यक्रम समन्वयक डाॅ. कृपाल भंडारी छात्र-छात्राओं को प्रशिक्षण देंगे। डाॅ. कृपाल भंडारी ने गढ़वाली बोली को लिपिबद्ध किया है। जनजाति भाषा का प्रशिक्षण प्रह्लाद पांगती, जौनसारी भाषा भूपेंद्र भाटिया देंगे। सात दिवसीय कार्यक्रम में छात्र-छात्राओं को भारत की विभिन्न स्थानीय बोली-भाषाओं और संस्कृतियों से परिचित किया जाएगा। कैंप मेंं इंटर कॉलेज ल्वाणी में ल्वाणी में 50 छात्र-छात्राएं, इंटर कॉलेज देवाल 68 छात्र-छात्राएं तथा कन्या हाईस्कूल में 100 छात्राओं को स्थानीय भाषा का प्रशिक्षण दिया जाएगा। दूसरी ओर जीआईसी नारायणबगड़ के सभागार में भी भाषा समर कैंप शुरू हुआ। इस अवसर पर नीरज बिष्ट, विधायक प्रतिनिधि दिलीप सिंह नेगी, दर्शन गिरी, एसएमसी अध्यक्ष पूर्ण चंद्र सती मौजूद रहे।
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