फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttarakhand ›   Chamoli News ›   JCB engaged in opening the highway in Kameda

Chamoli News: कमेड़ा में हाईवे खोलने में जुटी जेसीबी

Wed, 26 Jul 2023 06:48 PM IST
देहरादून ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, चमोली
संवाद न्यूज एजेंसी, चमोली Updated Wed, 26 Jul 2023 06:48 PM IST
विज्ञापन
JCB engaged in opening the highway in Kameda
गौचर। तीन दिनों से कमेड़ा में बंद ऋषिकेश-बदरीनाथ हाईवे खोलने का काम जारी है। यहां सड़क निर्माण के लिए पहाड़ी कटिंग के लिए दोनों ओर से जेसीबी लगी है। बुधवार को बारिश के बाद भी हाईवे निर्माण का काम जारी रहा। वहीं जखेड़ गदेरे में पानी अधिक होने से एनएच की ओर से यहां पुलिया बनाने की भी तैयारी है। एनएचआईडीसीएल के डीजीएम शैलेंद्र कुमार ने कहा कि हाईवे शुक्रवार सुबह तक बहाल कर दिया जाएगा। गदेरे में ज्यादा पानी होने के कारण अभी यहां अस्थायी पुलिया बनाई जाएगी ताकि पैदल आवाजाही हो सके। संवाद
विज्ञापन


बुरकोट गदेरे में मलबा आने से लोहाजंग-वाण सड़क बंद

देवाल। बुरकोट गदेरे में मलबा आने से लोहाजंग-वाण सड़क बंद हो गई है जिससे वाण गांव तक वाहन नहीं जा सकेंगे। इस गदेरे पर बना मोटर पुल वर्ष 2018 की आपदा में बह गया था। पांच साल बाद भी यहां मोटर पुल नहीं बना है। वाण के हीरा पहाड़ी ने कहा कि सरकार से कई बार पुल बनाने की मांग कर चुके हैं लेकिन अभी तक निर्माण नहीं हुआ। उन्होंने डीएम से मोटर पुल स्वीकृत करने की मांग की। संवाद
विज्ञापन


10 घंटे बाद उमा माहेश्वर आश्रम के पास खुला राजमार्ग

कर्णप्रयाग/थराली। ऋषिकेश-बदरीनाथ हाईवे कर्णप्रयाग में उमा माहेश्वर आश्रम के पास करीब 10 घंटे बाद वाहनों की आवाजाही के लिए खुल गया। मंगलवार रात को 12 बजे हाईवे पहाड़ी से मलबा व पत्थर गिरने से बंद हो गया था। इस दौरान वहां कर्णप्रयाग, रुद्रप्रयाग, श्रीनगर, देहरादून सहित गोपेशवर, जोशीमठ और बदरीनाथ जाने वाले कई यात्री वाहन फंसे रहे। लोगों ने होटलों व अपने वाहनों में रात गुजारी। बुधवार सुबह करीब 10 बजे तक एनएच ने जेसीबी से हाईवे से मलबा हटाया और यातायात बहाल किया। उसके बाद यात्री व स्थानीय वाहन अपने गंतव्यों को रवाना हुए। दूसरी ओर थराली में बारिश से कर्णप्रयाग-ग्वालदम हाइवे नारायणबगड़, हरमनी, मल्योपहाड़, बुसेड़ी और बैनोली बैंड में 5 घंटे तक बंद रहा। संवाद
विज्ञापन
विज्ञापन


जेसीबी पर गिरे बोल्डर, बाल-बाल बचा ऑपरेटर

जोशीमठ। बदरीनाथ हाईवे से मलबा हटाने के दौरान पहाड़ी से जेसीबी पर बोल्डर गिर गए। तभी जेसीबी ऑपरेटर ने जेसीबी से कूद मार दी और वह बाल-बाल बच गया। हालांकि बाद में अन्य जेसीबी लगाकर हाईवे सुचारु कर दिया गया।
बुधवार सुबह पांच बजे बदरीनाथ हाईवे जोशीमठ से एक किमी पहले कूड़ा निस्तारण केंद्र के पास मलबा आने से बंद हो गया। हाईवे जेसीबी से खोल दिया गया, लेकिन कुछ देर बाद फिर मलबा आ गया। मलबा हटाने के लिए फिर जेसीबी लगाई गई लेकिन इसी दौरान पहाड़ी से बोल्डर जेसीबी पर गिर गए। तभी ऑपरेटर ने जेसीबी से कूद मार दी और बाल-बाल बच गया। बाद में यहां तीन जेसीबी लगाकर हाईवे खोला गया। सुबह कुछ घंटे क्षेत्र में संचार सेवा भी ठप रही। संवाद

फोटो
सड़कें जल्द खोलने के निर्देश हुए हवाई, जनता भुगत रही खामियाजा
चमोली में अभी बंद हैं 49 सड़कें बंद, 150 से अधिक गांव प्रभावित
संवाद न्यूज एजेंसी
गोपेश्वर। बरसात शुरू होने के दौरान प्रशासन की ओर से कई बैठकों का दौर चला जिसमें हाईवे के साथ ही ग्रामीण सड़कों को तुरंत खोलने के निर्देश दिए गए लेकिन प्रशासन के निर्देश और दावे बरसात में हवाई साबित हो रहे हैं। बरसात से चमोली जिले में 49 सड़कें बंद हैं जिससे 150 से अधिक गांव के लोगों की आवाजाही ठप हो गई है। ऐसे में ग्रामीण पैदल ही कई किमी चलने के लिए मजबूर हैं।
वहीं लोनिवि, पीएमजीएसवाई, एनपीसीसी सड़कों को जल्द खोलने का दावा तो कर रहे हैं लेकिन सड़कें एक-एक हफ्ते से बंद हैं, जिसका खामियाजा ग्रामीणों को भुगतना पड़ रहा है।वहीं जिले में विरही-निजमुला मार्ग काली चट्टान के समीप कई दिनों से मलबा आने से लगातार बंद हो रहा है। कभी स्थानीय लोग तो कभी विभाग की ओर से मार्ग खोला जा रहा है। वहीं नंदप्रयाग-नंदानगर, नंदानगर-भेंटी, सेरा-मोख और नंदानगर-सुतोल सहित अन्य सड़कें बंद पड़ी हैं।
खतरे की जद में सरतोली मार्ग का पुल

- चमोली-सरतोली मार्ग पर मजोठी गांव के पास बने पुल पर कभी भी हादसा हो सकता है। नालियां नहीं होने से बारिश का पानी पुल पर बह रहा है जिससे पुल की एप्रोच रोड को खतरा बना हुआ है। इस सड़क पर हर दिन कई वाहनों की आवाजाही होती है। ऐसे में यदि पुल खतरे की जद में आता है तो यहां बड़ा हादसा हो सकता है।



कोट

- सड़कों को खोलने का काम जारी है। रुक-रुककर हो रही बारिश से मलबा आने से सड़कें फिर बंद हो रही हैं। सड़कों को खोलने के लिए पर्याप्त मात्रा में जेसीबी लगाई गई हैं। - नंद किशोर जोशी, जिला आपदा प्रबंधन अधिकारी, चमोली


जिलाधिकारी ने जल्द से जल्द सड़कों को खोलने के दिए निर्देश
गोपेश्वर। जिलाधिकारी हिमांशु खुराना ने वीडियो कांफ्रेंस कर सड़क से संबंधित सभी विभागीय अधिकारियों की बैठक ली। उन्होंने भूस्खलन से बंद पड़ी सड़कों को तत्काल सुचारु करने के निर्देश दिए। उन्होंने संवेदनशील सड़कों के पास पहले से ही मशीनों को तैनात रखने, कम से कम समय में यातायात सुचारु करने के निर्देश भी दिए। कहा कि नदी, गदेरों में जहां भी पुल निर्माण प्रस्तावित है, वहां वैकल्पिक व्यवस्था से मार्ग सुचारु रखें। सभी एसडीएम अपने स्तर पर सड़क और संपर्क मार्गों की नियमित समीक्षा करें। सड़क बंद होने पर यदि किसी गांव में राशन एवं अन्य खाद्य सामग्री की कमी होती है, तो उसके लिए खच्चर आदि की व्यवस्था सुनिश्चित की जाए। संवाद
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed