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Chamoli News: रुद्रनाथ यात्रा मार्ग पर ढाबा संचालन की दें अनुमति
Sun, 09 Jun 2024 04:34 PM IST
देहरादून ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, चमोली
संवाद न्यूज एजेंसी, चमोली
Updated Sun, 09 Jun 2024 04:34 PM IST
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ग्रामीणों ने डीएम को ज्ञापन देकर उठाई मांग
संवाद न्यूज एजेंसी
गोपेश्वर। रुद्रनाथ मंदिर के 19 किलोमीटर पैदल यात्रा मार्ग पर ग्रामीणों ने अस्थायी ढाबा व टैंट संचालन की अनुमति दिए जाने की मांग उठाई। उन्होंने इस संबंध में जिलाधिकारी को ज्ञापन सौंपा।
कुंती देवी, बीना देवी, गुड्डी देवी, उर्मिला देवी, कलावती देवी, चंपा देवी, बबीता, भुवनेश्वरी देवी, उषा रावत, चंद्रकता तिवारी, रामेश्वरी, रविंद्र बर्त्वाल, तारा देवी और हेमलता आदि ने कहा कि रुद्रनाथ पैदल मार्ग पर कई साल से ढाबों का संचालन करते आ रहे हैं जिससे श्रद्धालुओं को सुविधा मिलती है। श्रद्धालुओं की संख्या बढ़ने पर पिछले साल कुछ स्थानीय युवाओं ने भी यहां अस्थायी टैंट व ढाबे शुरू कर दिए लेकिन इस साल वन विभाग ने कई टैंट व ढाबों को हटवा दिया है जिससे अब बेरोजगार हो गए हैं। सामाजिक कार्यकर्ता नवल खाली ने कहा कि रुद्रनाथ यात्रा मार्ग विकट परिस्थिति वाला है। पनार से रुद्रनाथ तक करीब 10 किमी क्षेत्र में कोई टैंट या अस्थायी ढाबा, होटल नहीं है। जिलाधिकारी हिमांशु खुराना ने ग्रामीणों को आश्वासन दिया कि जल्द वन विभाग के अधिकारियों व ग्रामीणों की बैठक बुलाकर मामले में उचित समाधान निकाला जाएगा।
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ग्रामीणों ने डीएम को ज्ञापन देकर उठाई मांग
संवाद न्यूज एजेंसी
गोपेश्वर। रुद्रनाथ मंदिर के 19 किलोमीटर पैदल यात्रा मार्ग पर ग्रामीणों ने अस्थायी ढाबा व टैंट संचालन की अनुमति दिए जाने की मांग उठाई। उन्होंने इस संबंध में जिलाधिकारी को ज्ञापन सौंपा।
कुंती देवी, बीना देवी, गुड्डी देवी, उर्मिला देवी, कलावती देवी, चंपा देवी, बबीता, भुवनेश्वरी देवी, उषा रावत, चंद्रकता तिवारी, रामेश्वरी, रविंद्र बर्त्वाल, तारा देवी और हेमलता आदि ने कहा कि रुद्रनाथ पैदल मार्ग पर कई साल से ढाबों का संचालन करते आ रहे हैं जिससे श्रद्धालुओं को सुविधा मिलती है। श्रद्धालुओं की संख्या बढ़ने पर पिछले साल कुछ स्थानीय युवाओं ने भी यहां अस्थायी टैंट व ढाबे शुरू कर दिए लेकिन इस साल वन विभाग ने कई टैंट व ढाबों को हटवा दिया है जिससे अब बेरोजगार हो गए हैं। सामाजिक कार्यकर्ता नवल खाली ने कहा कि रुद्रनाथ यात्रा मार्ग विकट परिस्थिति वाला है। पनार से रुद्रनाथ तक करीब 10 किमी क्षेत्र में कोई टैंट या अस्थायी ढाबा, होटल नहीं है। जिलाधिकारी हिमांशु खुराना ने ग्रामीणों को आश्वासन दिया कि जल्द वन विभाग के अधिकारियों व ग्रामीणों की बैठक बुलाकर मामले में उचित समाधान निकाला जाएगा।
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