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चालीस तीर्थयात्रियों को रेस्क्यू कर गंतव्य को भेजा गया
ब्यूरो/अमर उजाला, चमोली (गोपेश्वर)
Updated Fri, 12 Aug 2016 10:38 PM IST
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बीती बृहस्पतिवार को देर सांय बदरीनाथ धाम से रेस्क्यू कर गंतव्य को भेजे गए तीर्थयात्री।
- फोटो : Amar Ujala
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बदरीनाथ हाईवे पर लामबगड़ भूस्खलन जोन में शुक्रवार को चौथे दिन भी वाहनों की आवाजाही शुरू नहीं हो पाई है। यहां चट्टान से लगातार मलबा गिरने से बीआरओ को हाईवे खोलने में दिक्कतें आ रही हैं। बृहस्पतिवार को कंचन गंगा में भारी मात्रा में मलबा आने से बदरीनाथ थाना पुलिस और एसडीआरएफ की टीम ने धाम के दर्शनों को पहुंचे करीब चालीस तीर्थयात्रियों को रात साढ़े सात बजे तक रेस्क्यू कर उनके गंतव्य को भेजा।
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शुक्रवार को दिनभर लामबगड़ में हाईवे को खोला नहीं जा सका। सुबह से ही यहां बारिश लगी रही, जिससे बीआरओ की मशीनें भूस्खलन जोन में कार्य नहीं कर पाई। कंचन गंगा में सुबह ग्यारह बजे तक बीआरओ ने हाईवे को सुचारु कर दिया था, जिससे बदरीनाथ धाम में पहुंचे तीर्थयात्री बैनाकुली तक वाहनों से पहुंचे और यहां से लामबगड़ गांव होते हुए अपने गंतव्य को लौटे।
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बीआरओ के कमांडर कर्नल आर सुब्रमण्यम का कहना है कि बारिश थमने के बाद ही बदरीनाथ हाईवे को पूरी तरह से सुचारु किया जा सकता है। बारिश होने से हाईवे को खोल पाना मुश्किल बना हुआ है।
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432 तीर्थयात्रियों ने किए बदरीनाथ धाम के दर्शन
गोपेश्वर। शुक्रवार को 432 तीर्थयात्री बदरीनाथ धाम के दर्शनों को पहुंचे। अभी तक 4,55,722 तीर्थयात्री बदरीनाथ धाम के दर्शन कर चुके हैं। बदरीनाथ धाम में रुक-रुककर हो रही बारिश से मौसम ठंडक भरा हो गया है। तीर्थयात्री लामबगड़ तक अपने वाहनों में और करीब एक किमी पैदल आवाजाही कर बैनाकुली से लोकल वाहनों में सवार होकर बदरीनाथ धाम पहुंच रहे हैं।