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क्वारंटीन सेंटरों के संचालन के लिए मिले बजट
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चमोली ग्राम प्रधान संगठन ने गांवों में संचालित क्वारंटीन सेंटरों में व्यवस्थाओं के लिए बजट की व्यवस्था करने की मांग की। साथ ही गांव में सैनिटाइजर व अन्य जीवन रक्षक उपकरण उपलब्ध कराने, मनरेगा योजना में शिथिलता लाने और ग्राम प्रधानों का बीमा करने की मांग भी की।
संगठन के पदाधिकारी मांगों को लेकर डीएम से मिले और ज्ञापन सौंपा। ग्राम प्रधानों ने शीघ्र कोरोना संक्रमण की रोकथाम के लिए ग्राम पंचायतों को बजट उपलब्ध कराने की मांग उठाई। इस मौके पर प्रधान संगठन के जिलाध्यक्ष मोहन नेगी, ब्लॉक अध्यक्ष नयन सिंह कुंवर, प्रधान पूनम बर्त्वाल, मयंक पंत, हिम्मत सिंह, पूरन कपरवाण, जगमोहन सिंह, शंकर सिंह, लक्ष्मण सिंह, हरीश, भगत आदि मौजूद थे। ब्यूरो
क्वारंटीन सेंटर में व्यवस्थाओं के लिए बजट की मांग
देवाल। ग्राम प्रधानों ने कहा कि सरकार ने प्रवासियों को प्रधानों के भरोसे छोड़ दिया है। प्रवासियों को क्वारंटीन करने और उनके भोजन की व्यवस्था तक के लिए कोई मदद नहीं दी है। ग्राम प्रधानों ने सरकार से क्वारंटीन सेंटर में व्यवस्थाओं के लिए बजट की मांग की। पूर्णा के प्रधान मनोज कुमार ने कहा कि सरकार ने प्रधानों को बिना किसी बजट के प्रवासियों की जिम्मेदारी सौंपी है।
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संगठन के पदाधिकारी मांगों को लेकर डीएम से मिले और ज्ञापन सौंपा। ग्राम प्रधानों ने शीघ्र कोरोना संक्रमण की रोकथाम के लिए ग्राम पंचायतों को बजट उपलब्ध कराने की मांग उठाई। इस मौके पर प्रधान संगठन के जिलाध्यक्ष मोहन नेगी, ब्लॉक अध्यक्ष नयन सिंह कुंवर, प्रधान पूनम बर्त्वाल, मयंक पंत, हिम्मत सिंह, पूरन कपरवाण, जगमोहन सिंह, शंकर सिंह, लक्ष्मण सिंह, हरीश, भगत आदि मौजूद थे। ब्यूरो
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क्वारंटीन सेंटर में व्यवस्थाओं के लिए बजट की मांग
देवाल। ग्राम प्रधानों ने कहा कि सरकार ने प्रवासियों को प्रधानों के भरोसे छोड़ दिया है। प्रवासियों को क्वारंटीन करने और उनके भोजन की व्यवस्था तक के लिए कोई मदद नहीं दी है। ग्राम प्रधानों ने सरकार से क्वारंटीन सेंटर में व्यवस्थाओं के लिए बजट की मांग की। पूर्णा के प्रधान मनोज कुमार ने कहा कि सरकार ने प्रधानों को बिना किसी बजट के प्रवासियों की जिम्मेदारी सौंपी है।
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