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नंदप्रयाग से जोशीमठ तक हाईवे चाक-चौबंद
ब्यूरो/अमर उजाला,चमोली
Updated Wed, 17 Feb 2016 08:54 PM IST
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बदरीनाथ धाम की तीर्थयात्रा पर आने वाले तीर्थयात्रियों के लिए इस बार बदरीनाथ हाईवे परेशानी का सबब नहीं बनेगा। बीआरओ ने पीपलकोटी क्षेत्र में हाईवे का डामरीकरण शुरू कर दिया है।
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बीआरओ के अधिकारियों की मानें तो इस बार तीर्थयात्रियों को नंदप्रयाग से जोशीमठ तक (55 किमी) हाईवे पर कहीं भी हिचकौले खाकर नहीं जाना पड़ेगा। यहां हाईवे चाक-चौबंद कर दिया गया है।
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जोशीमठ से आगे आपदा से सबसे खतरनाक बने बैनाकुली क्षेत्र में भी इन दिनों सुधारीकरण कार्य चल रहा है। यहां अलकनंदा और हिल साइड दीवार निर्माण कार्य चल रहे हैं।
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हालांकि लामबगड़ और हाथी पहाड़ के समीप हाईवे अभी खतरनाक है। लामबगड़ में लोनिवि की एनएच इकाई की ओर से सुधारीकरण कार्य किया जाना है, जो अभी तक शुरू नहीं हो पाया है। हाथी पर्वत के पास हाईवे पर बोल्डर अटके हुए हैं।
बीआरओ यहां बोल्डरों को हटाने का काम कर रहा है। हनुमान चट्टी से बदरीनाथ धाम तक दस किमी हाईवे पर बीआरओ दो मशीनें तैनात करेगा, जिससे हाईवे पर बर्फबारी और मलबा आने पर शीघ्र सड़क को खोला जा सके।
बीआरओ के कमांडर आर सुब्रमण्यम ने बताया कि इस वर्ष बदरीनाथ हाईवे की हालत को काफी हद तक सुधार लिया गया है। कर्णप्रयाग से जोशीमठ तक (70 किमी) हाईवे को डामरीकरण कर यात्रा से पूर्व चाक-चौबंद करने की योजना है।
चमोली से पीपलकोटी के मध्य चौड़ीकरण कार्य अंतिम चरण में है। जहां डामर उखड़ गया है, वहां भी डामरीकरण किया जाएगा। बैनाकुली में भी हाईवे सुधारीकरण कार्य पूर्ण कर लिया है, यहां भी बदरीनाथ धाम की तीर्थयात्रा से पूर्व डामरीकरण कार्य पूर्ण कर लिया जाएगा।